Charcot-Marie-Tooth disease: बार-बार पैर मुड़ना और चलने में परेशानी हो तो रहें सावधान, हो सकता है चारकोट-मैरी-टूथ डिजीज

Charcot-Marie-Tooth disease: बार-बार पैर मुड़ना और चलने में परेशानी हो तो रहें सावधान, हो सकता है चारकोट-मैरी-टूथ डिजीज

Charcot-Marie-Tooth disease Symptoms: क्या आपके साथ कभी ऐसा हुआ है कि सीधी सड़क पर चलते-चलते अचानक पैर मुड़ जाए? या फिर थोड़ी दूर पैदल चलने पर ही टांगों में अजीब सी थकावट और कमजोरी महसूस होने लगे? अक्सर लोग इसे केवल थकावट, गलत चप्पल पहनने या फिर शरीर में कैल्शियम और विटामिन की कमी मानकर टाल देते हैं। लेकिन अगर यह समस्या बार-बार हो रही है, तो इसे हल्के में लेना भारी पड़ सकता है। सेहत से जुड़ी यह परेशानी ‘चारकोट-मैरी-टूथ’ (Charcot-Marie-Tooth Disease or CMT) नामक स्थिति का संकेत हो सकती है। यह कोई सामान्य बीमारी नहीं है, बल्कि नसों से जुड़ा एक ऐसा विकार है जो आपके चलने-फिरने और रोजमर्रा के कामकाज पर सीधा असर डालता है। आइए समझते हैं कि यह समस्या क्या है, इसके शुरुआती लक्षण क्या हैं और इससे कैसे बचा या इसे संभाला जा सकता है।

क्या होती है यह बीमारी?

मेयो क्लिनिक के अनुसार, चारकोट-मैरी-टूथ (CMT) वास्तव में एक अनुवांशिक (Genetic) बीमारी है। यह बीमारी पीढ़ी दर पीढ़ी परिवार के एक सदस्य से दूसरे में फैल सकती है। यह मुख्य रूप से हमारी पेरिफेरल नसों (Peripheral Nerves) को नुकसान पहुंचाती है। हमारी यह नसें एक तरह से बिजली के तार की तरह काम करती हैं, जो दिमाग और रीढ़ की हड्डी से संदेश लेकर पैरों और हाथों की मांसपेशियों तक पहुंचाती हैं। जब इन नसों में खराबी आने लगती है, तो दिमाग का मांसपेशियों पर से नियंत्रण कमजोर होने लगता है। इसका सबसे पहला और सीधा असर हमारे पैरों के निचले हिस्से और पंजों पर दिखाई देता है।

शुरुआत में कैसे पहचानें इसके लक्षण?

  • बार-बार पैर मुड़ना या मोच आना।
  • चलने में परेशानी (Foot Drop)।
  • तलवों का आकार बदलना।
  • हाथों और पैरों में कमजोरी।
  • सुन्नपन या झुनझुनी होना।

यह बीमारी क्यों होती है?

एनएचएस के मुताबिक, इसका सबसे बड़ा कारण जीन में गड़बड़ी (Genetic Mutation) होना है। यदि माता या पिता में से किसी को यह समस्या है, तो बच्चों में इसके आने की संभावना बनी रहती है। यह बीमारी किसी संक्रमण, खराब खान-पान या आपकी किसी गलती से नहीं फैलती, इसलिए इसे लेकर किसी तरह का भ्रम या डर पालने की जरूरत नहीं है।

क्या इसका इलाज संभव है?

फिलहाल चारकोट-मैरी-टूथ का कोई ऐसा मुकम्मल इलाज (Permanent Cure) नहीं है जो इसे पूरी तरह खत्म कर सके। लेकिन इसका मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि मरीज सामान्य जिंदगी नहीं जी सकता। सही समय पर पहचान और लाइफस्टाइल में बदलाव करके इसे पूरी तरह नियंत्रित किया जा सकता है;

  • फिजियोथेरेपी (Physiotherapy)।
  • स्पेशल जूते या ब्रेसिज (Orthotic Devices)।
  • ऑक्यूपेशनल थेरेपी।

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