रेवाड़ी जिले के धारूहेड़ा में राजस्थान के युवक की हत्या चोरी के चलते ही हुई थी। कुछ हद पुलिस ने भी इस मान लिया है, असली कारण आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पता चलेंगे। हत्या डेयरी संचालक के बेटे ने दोस्तों के साथ की या मौत के बाद डेयरी में दफनाने में सहयोग किया, पुलिस इस पर खुलकर कुछ नहीं बोल रही है। सूत्रों की माने, तो पुलिस आरोपियों के नजदीक पहुंच चुकी है और आज दोपहर बाद मर्डर का खुलासा कर सकती है। पुलिस ने 6-7 सितंबर की रात करीब ढ़ाई बजे गांव भटसाना में बनी डेयरी की जमीन खोदकर शव निकाला था। जिसकी पहचान राजस्थान अलवर के दमदमा निवासी निषार के रूप में हुई थी। बॉस रोड पर पकड़कर पीटा धारूहेड़ा के नंदरामपुर बॉस रोड पर खाली जमीन में बसें व अन्य वाहन खड़े होते है। जहां रविवार को निषार को बसों के आसपास देखा। सूचना मिलने पर उसे पकड़कर पास की एक कॉलोनी में ले जाकर उसकी पिटाई कर दी। जब तबीयत बिगड़ी, तो अस्पताल जाते समय उसकी मौत हो गई। जिसके बाद सफेद कार में आए आरोपियों ने शव को कार से निकालकर भटसाना गांव में अरूण उर्फ मन्नु की डेयरी में गड्ढा खोदकर दफना दिया। जिसे वहां काम करने वाले मजदूरों ने देख लिया और शाम को इसकी सूचना पुलिस के दे दी। पुलिस ने गड्ढा खोदकर रात करीब ढाई बजे शव को बाहर निकाला। जिसकी पहचान नहीं हो पाई थी और शरीर और सिर पर चोट के निशान मिले थे। पिता की शिकायत पर केस पुलिस ने मृतक निषार के पिता जमील ने डेयरी संचालक के बेटे और उसके साथियों पर आरोप लगाया। शिकायत में हत्या करने के बाद शव को खुर्द- बुर्द करने के भी आरोप लगाए। पिता ने बताया कि उसका बेटा मानसिक रूप से परेशानी के चलते 3-4 दिन से लापता था। पुलिस ने पिता की शिकायत पर हत्या सहित विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज कर शव पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया। मामले का जल्द करेंगे खुलासा धारूहेड़ा थाना के एसएचओ फूल कुमार ने कहा कि हत्या कहां और कैसे हुई और इसमें किसका क्या रोल रहा। आरोपियों की गिरफ्तारी से पहले इस बारे में स्पष्ट रूप से कुछ नहीं कहा जा सकता। अब तक की जांच में चोरी के शक का एंगल भी सामने आया है, पर स्पष्ट रूप से कुछ नहीं कहा जा सकता। पुलिस आरोपियों के करीब जा पहुंची हैं और जल्द इसका खुलासा करेंगे।

