कैमूर जिले में इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) का अपना दफ्तर बनने का रास्ता साफ हो गया है। आईबी कार्यालय के साथ अधिकारियों और कर्मचारियों के आवास के लिए भी जमीन चिह्नित कर ली गई है। भभुआ अंचल के बिलारी मौजा में पुलिस लाइन के पीछे नहर किनारे सरकारी जमीन की पहचान की गई है। अंचल अधिकारी ने इस संबंध में प्रस्ताव तैयार कर संबंधित विभाग को भेज दिया है। आईबी का दफ्तर बनने से जिले की सुरक्षा व्यवस्था और खुफिया नेटवर्क को मजबूती मिलने की उम्मीद है। कैमूर की भौगोलिक स्थिति और सीमावर्ती इलाकों को देखते हुए यहां आईबी की सक्रियता को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। दफ्तर बनने के बाद जिले में सुरक्षा से जुड़ी सूचनाएं जुटाने, उनका सत्यापन करने और स्थानीय प्रशासन व अन्य सुरक्षा एजेंसियों के साथ समन्वय स्थापित करने में आसानी होगी। अधिकारियों-कर्मचारियों के लिए भी बनेगा आवास चिह्नित जमीन का इस्तेमाल सिर्फ आईबी कार्यालय बनाने के लिए नहीं होगा। यहां अधिकारियों और कर्मचारियों के रहने के लिए आवासीय सुविधा भी विकसित की जाएगी। प्रशासन की ओर से जमीन उपलब्ध कराने और आवश्यक मंजूरियां मिलने के बाद निर्माण कार्य जल्द शुरू होने की उम्मीद है। आसपास के इलाकों में भी मजबूत होगा नेटवर्क आईबी का स्थायी ढांचा तैयार होने के बाद कैमूर के साथ आसपास के इलाकों में भी खुफिया नेटवर्क मजबूत होने की उम्मीद है। इससे सुरक्षा से जुड़ी सूचनाओं के आदान-प्रदान और विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल बनाने में मदद मिलेगी। कैमूर जिले में इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) का अपना दफ्तर बनने का रास्ता साफ हो गया है। आईबी कार्यालय के साथ अधिकारियों और कर्मचारियों के आवास के लिए भी जमीन चिह्नित कर ली गई है। भभुआ अंचल के बिलारी मौजा में पुलिस लाइन के पीछे नहर किनारे सरकारी जमीन की पहचान की गई है। अंचल अधिकारी ने इस संबंध में प्रस्ताव तैयार कर संबंधित विभाग को भेज दिया है। आईबी का दफ्तर बनने से जिले की सुरक्षा व्यवस्था और खुफिया नेटवर्क को मजबूती मिलने की उम्मीद है। कैमूर की भौगोलिक स्थिति और सीमावर्ती इलाकों को देखते हुए यहां आईबी की सक्रियता को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। दफ्तर बनने के बाद जिले में सुरक्षा से जुड़ी सूचनाएं जुटाने, उनका सत्यापन करने और स्थानीय प्रशासन व अन्य सुरक्षा एजेंसियों के साथ समन्वय स्थापित करने में आसानी होगी। अधिकारियों-कर्मचारियों के लिए भी बनेगा आवास चिह्नित जमीन का इस्तेमाल सिर्फ आईबी कार्यालय बनाने के लिए नहीं होगा। यहां अधिकारियों और कर्मचारियों के रहने के लिए आवासीय सुविधा भी विकसित की जाएगी। प्रशासन की ओर से जमीन उपलब्ध कराने और आवश्यक मंजूरियां मिलने के बाद निर्माण कार्य जल्द शुरू होने की उम्मीद है। आसपास के इलाकों में भी मजबूत होगा नेटवर्क आईबी का स्थायी ढांचा तैयार होने के बाद कैमूर के साथ आसपास के इलाकों में भी खुफिया नेटवर्क मजबूत होने की उम्मीद है। इससे सुरक्षा से जुड़ी सूचनाओं के आदान-प्रदान और विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल बनाने में मदद मिलेगी।

