औरंगाबाद में शनिवार को कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे से कथित भेदभाव और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज किए जाने के विरोध में पार्टी कार्यकर्ताओं ने शहर में विरोध मार्च निकाला। पूर्व विधायक एवं कांग्रेस जिलाध्यक्ष आनंद शंकर सिंह के नेतृत्व में कार्यकर्ता समाहरणालय के समीप स्थित अनुग्रह स्मारक परिसर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला लेकर निकले। इस दौरान कार्यकर्ता केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री के खिलाफ नारेबाजी करते हुए रमेश चौक पहुंचे। रमेश चौक पर कांग्रेस नेताओं ने प्रधानमंत्री का पुतला फूंका और केंद्र सरकार के खिलाफ अपना विरोध जताया। प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता मौजूद रहे। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि पार्टी लोकतांत्रिक तरीके से केंद्र सरकार की नीतियों का विरोध करती रहेगी और विपक्ष की आवाज दबाने की किसी भी कोशिश का सड़क से लेकर सदन तक विरोध किया जाएगा। आनंद शंकर बोले- दलित विरोधी मानसिकता को दर्शाता है मामला पूर्व विधायक आनंद शंकर सिंह ने केंद्र की भाजपा सरकार पर भेदभाव की राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि देश में समाज को बांटने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने मल्लिकार्जुन खरगे की सभा के बाद कथित तौर पर किए गए शुद्धीकरण को लेकर भाजपा पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि खड़गे देश के वरिष्ठ दलित नेता हैं। उनके कार्यक्रम के बाद कथित रूप से शुद्धीकरण किया जाना भाजपा की दलित विरोधी मानसिकता को दर्शाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि जब राहुल गांधी ने दलितों के हित में आवाज उठाई तो उनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करा दी गई। आनंद शंकर सिंह ने कहा कि कांग्रेस इस तरह की कार्रवाई से डरने वाली नहीं है। पार्टी केंद्र सरकार की नीतियों के खिलाफ लगातार आंदोलन करती रहेगी। उन्होंने महंगाई का मुद्दा उठाते हुए कहा कि पेट्रोल, डीजल, रसोई गैस और खाद्य पदार्थों की कीमतों में लगातार वृद्धि हो रही है। उन्होंने सरकार पर भ्रष्टाचार बढ़ने का आरोप लगाते हुए कहा कि विकास के आंकड़ों को लेकर जनता को गुमराह किया जा रहा है, जबकि बड़ी आबादी आज भी सरकारी खाद्यान्न पर निर्भर है। शिक्षा और अर्थव्यवस्था पर भी केंद्र को घेरा कांग्रेस नेताओं ने प्रदर्शन के दौरान शिक्षा और अर्थव्यवस्था के मुद्दे पर भी केंद्र सरकार को घेरा। आनंद शंकर सिंह ने कहा कि छात्रों के सड़क पर उतरने और कांग्रेस द्वारा उनके हित में आवाज उठाने के बाद सरकार को अपने फैसलों पर पीछे हटना पड़ा। उन्होंने दावा किया कि केंद्र सरकार की लोकप्रियता लगातार कम हो रही है और उसके नेता अब अपने पूर्व के बयानों से पीछे हट रहे हैं। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार अर्थव्यवस्था के ऐसे आंकड़े पेश कर रही है, जिनसे जनता को वास्तविक स्थिति का पता नहीं चलता। प्रदेश उपाध्यक्ष अरविंद शर्मा, प्रदीप कुमार सिंह उर्फ लुटूर सिंह, धीरेंद्र कुमार सिंह, अजय कुमार सिंह, पूर्ण कार्याध्यक्ष महेंद्र यादव, शैलेंद्र कुमार दुबे, युवा कांग्रेस नेता धर्मेंद्र पासवान और जिला प्रभारी सत्येंद्र सिंह ने भी केंद्र सरकार पर निशाना साधा। नेताओं ने कहा कि भाजपा की लोकप्रियता में गिरावट आ रही है और केंद्र सरकार देश को बांटने वाली नीतियों पर काम कर रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस जनता से जुड़े मुद्दों को लेकर आगे भी सड़क पर उतरती रहेगी।प्रदर्शन में उदय पासवान समेत बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे। औरंगाबाद में शनिवार को कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे से कथित भेदभाव और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज किए जाने के विरोध में पार्टी कार्यकर्ताओं ने शहर में विरोध मार्च निकाला। पूर्व विधायक एवं कांग्रेस जिलाध्यक्ष आनंद शंकर सिंह के नेतृत्व में कार्यकर्ता समाहरणालय के समीप स्थित अनुग्रह स्मारक परिसर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला लेकर निकले। इस दौरान कार्यकर्ता केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री के खिलाफ नारेबाजी करते हुए रमेश चौक पहुंचे। रमेश चौक पर कांग्रेस नेताओं ने प्रधानमंत्री का पुतला फूंका और केंद्र सरकार के खिलाफ अपना विरोध जताया। प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता मौजूद रहे। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि पार्टी लोकतांत्रिक तरीके से केंद्र सरकार की नीतियों का विरोध करती रहेगी और विपक्ष की आवाज दबाने की किसी भी कोशिश का सड़क से लेकर सदन तक विरोध किया जाएगा। आनंद शंकर बोले- दलित विरोधी मानसिकता को दर्शाता है मामला पूर्व विधायक आनंद शंकर सिंह ने केंद्र की भाजपा सरकार पर भेदभाव की राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि देश में समाज को बांटने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने मल्लिकार्जुन खरगे की सभा के बाद कथित तौर पर किए गए शुद्धीकरण को लेकर भाजपा पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि खड़गे देश के वरिष्ठ दलित नेता हैं। उनके कार्यक्रम के बाद कथित रूप से शुद्धीकरण किया जाना भाजपा की दलित विरोधी मानसिकता को दर्शाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि जब राहुल गांधी ने दलितों के हित में आवाज उठाई तो उनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करा दी गई। आनंद शंकर सिंह ने कहा कि कांग्रेस इस तरह की कार्रवाई से डरने वाली नहीं है। पार्टी केंद्र सरकार की नीतियों के खिलाफ लगातार आंदोलन करती रहेगी। उन्होंने महंगाई का मुद्दा उठाते हुए कहा कि पेट्रोल, डीजल, रसोई गैस और खाद्य पदार्थों की कीमतों में लगातार वृद्धि हो रही है। उन्होंने सरकार पर भ्रष्टाचार बढ़ने का आरोप लगाते हुए कहा कि विकास के आंकड़ों को लेकर जनता को गुमराह किया जा रहा है, जबकि बड़ी आबादी आज भी सरकारी खाद्यान्न पर निर्भर है। शिक्षा और अर्थव्यवस्था पर भी केंद्र को घेरा कांग्रेस नेताओं ने प्रदर्शन के दौरान शिक्षा और अर्थव्यवस्था के मुद्दे पर भी केंद्र सरकार को घेरा। आनंद शंकर सिंह ने कहा कि छात्रों के सड़क पर उतरने और कांग्रेस द्वारा उनके हित में आवाज उठाने के बाद सरकार को अपने फैसलों पर पीछे हटना पड़ा। उन्होंने दावा किया कि केंद्र सरकार की लोकप्रियता लगातार कम हो रही है और उसके नेता अब अपने पूर्व के बयानों से पीछे हट रहे हैं। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार अर्थव्यवस्था के ऐसे आंकड़े पेश कर रही है, जिनसे जनता को वास्तविक स्थिति का पता नहीं चलता। प्रदेश उपाध्यक्ष अरविंद शर्मा, प्रदीप कुमार सिंह उर्फ लुटूर सिंह, धीरेंद्र कुमार सिंह, अजय कुमार सिंह, पूर्ण कार्याध्यक्ष महेंद्र यादव, शैलेंद्र कुमार दुबे, युवा कांग्रेस नेता धर्मेंद्र पासवान और जिला प्रभारी सत्येंद्र सिंह ने भी केंद्र सरकार पर निशाना साधा। नेताओं ने कहा कि भाजपा की लोकप्रियता में गिरावट आ रही है और केंद्र सरकार देश को बांटने वाली नीतियों पर काम कर रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस जनता से जुड़े मुद्दों को लेकर आगे भी सड़क पर उतरती रहेगी।प्रदर्शन में उदय पासवान समेत बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।

