बेतिया शहर में रविवार को हुई महज आधे घंटे की बारिश ने नगर निगम की जलनिकासी व्यवस्था की पोल खोल दी। जिला प्रशासन और नगर निगम की ओर से शहर को जलजमाव से मुक्त रखने और बेहतर जलनिकासी के दावों के बावजूद थोड़ी देर की बारिश में ही कई प्रमुख इलाकों की सड़कें पानी में डूब गईं। इससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। बारिश के बाद लिबर्टी सिनेमा, नया बाजार, नाजिर चौक, उत्तरवारी पोखरा और खुदाबख्श चौक समेत शहर के कई हिस्सों में सड़क पर पानी जमा हो गया। कुछ जगहों पर पानी का स्तर करीब दो फीट तक पहुंच गया। जलजमाव के कारण राहगीरों और वाहन चालकों को काफी परेशानी हुई। कई लोग घुटनों तक पानी में चलकर अपने गंतव्य तक पहुंचने को मजबूर हुए। यातायात भी हुआ प्रभावित सड़कों पर पानी जमा होने से शहर की यातायात व्यवस्था भी प्रभावित रही। दोपहिया वाहन चालकों को पानी के बीच से निकलने में परेशानी हुई, जबकि पैदल चलने वालों को भी काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा। हर साल बारिश में होती है यही परेशानी स्थानीय लोगों के अनुसार, हर साल बारिश के मौसम में शहर के कई हिस्सों में जलजमाव की समस्या सामने आती है। लोगों का कहना है कि नालियों की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने और जलनिकासी के रास्ते बाधित रहने के कारण बारिश का पानी सड़कों पर जमा हो जाता है। स्थायी समाधान की मांग लोगों ने आरोप लगाया कि जलजमाव की समस्या के स्थायी समाधान के लिए अब तक ठोस पहल नहीं हुई है। हर साल बारिश से पहले नालों की सफाई और जलनिकासी व्यवस्था दुरुस्त करने के दावे किए जाते हैं, लेकिन बारिश होते ही स्थिति फिर खराब हो जाती है। स्थानीय लोगों ने नगर निगम और जिला प्रशासन से जलनिकासी व्यवस्था की समीक्षा कर समस्या का स्थायी समाधान कराने की मांग की है। बेतिया शहर में रविवार को हुई महज आधे घंटे की बारिश ने नगर निगम की जलनिकासी व्यवस्था की पोल खोल दी। जिला प्रशासन और नगर निगम की ओर से शहर को जलजमाव से मुक्त रखने और बेहतर जलनिकासी के दावों के बावजूद थोड़ी देर की बारिश में ही कई प्रमुख इलाकों की सड़कें पानी में डूब गईं। इससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। बारिश के बाद लिबर्टी सिनेमा, नया बाजार, नाजिर चौक, उत्तरवारी पोखरा और खुदाबख्श चौक समेत शहर के कई हिस्सों में सड़क पर पानी जमा हो गया। कुछ जगहों पर पानी का स्तर करीब दो फीट तक पहुंच गया। जलजमाव के कारण राहगीरों और वाहन चालकों को काफी परेशानी हुई। कई लोग घुटनों तक पानी में चलकर अपने गंतव्य तक पहुंचने को मजबूर हुए। यातायात भी हुआ प्रभावित सड़कों पर पानी जमा होने से शहर की यातायात व्यवस्था भी प्रभावित रही। दोपहिया वाहन चालकों को पानी के बीच से निकलने में परेशानी हुई, जबकि पैदल चलने वालों को भी काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा। हर साल बारिश में होती है यही परेशानी स्थानीय लोगों के अनुसार, हर साल बारिश के मौसम में शहर के कई हिस्सों में जलजमाव की समस्या सामने आती है। लोगों का कहना है कि नालियों की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने और जलनिकासी के रास्ते बाधित रहने के कारण बारिश का पानी सड़कों पर जमा हो जाता है। स्थायी समाधान की मांग लोगों ने आरोप लगाया कि जलजमाव की समस्या के स्थायी समाधान के लिए अब तक ठोस पहल नहीं हुई है। हर साल बारिश से पहले नालों की सफाई और जलनिकासी व्यवस्था दुरुस्त करने के दावे किए जाते हैं, लेकिन बारिश होते ही स्थिति फिर खराब हो जाती है। स्थानीय लोगों ने नगर निगम और जिला प्रशासन से जलनिकासी व्यवस्था की समीक्षा कर समस्या का स्थायी समाधान कराने की मांग की है।

