समस्तीपुर एक महिला ने अपने पति पर मारपीट कर घर से निकालने का आरोप लगाया है। पीड़िता ने अपनी चारों मासूम बेटियों के साथ महिला थाने पहुंची। पति और ससुराल वालों के खिलाफ लिखित आवेदन दिया है। पुलिस से मामले की जांच कर कार्रवाई की मांग की है। मामला उजियारपुर थाना क्षेत्र के अकहा रायपुर गांव का है। राजकुमार चौधरी की बेटी कुमकुम देवी की शादी साल 2017 में विभूतिपुर थाना क्षेत्र के सुरौली वार्ड पांच निवासी टुनटुन मिश्रा के साथ हुई थी। शादी के बाद कुमकुम देवी अपने पति और ससुराल वालों के साथ रह रही थी। वैवाहिक जीवन के दौरान उन्होंने चार बेटियों को जन्म दिया। आरोप है कि पति को बेटे की चाहत थी। चार बेटियां होने के बाद पति का उसके प्रति व्यवहार लगातार खराब होता चला गया। पति के खिलाफ थाने में शिकायत दर्ज कराई कुमकुम देवी ने पुलिस को दिए आवेदन में आरोप लगाया है कि बेटा नहीं होने की बात को लेकर पति उन्हें अक्सर प्रताड़ित करते थे। बात-बात पर विवाद किया जाता था और उनके साथ मारपीट भी की जाती थी। जब चौथी बेटी का जन्म हुआ तो पति का गुस्सा और बढ़ गया। इसके बाद उनके साथ मारपीट की गई और उन्हें घर से निकाल दिया गया। पति के घर से निकाले जाने के बाद कुमकुम देवी अपनी चारों बेटियों को लेकर मायके पहुंची। उन्होंने अपने पिता राजकुमार चौधरी को पूरी घटना की जानकारी दी। पिता के साथ महिला थाना पहुंचकर उन्होंने पति और ससुराल वालों के खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत मिलने के बाद महिला थाने की पुलिस ने मामले की जांच शुरू करने की बात कही है। बच्चों के पालन-पोषण की बड़ी चुनौती पीड़िता ने बताया कि उनकी सबसे बड़ी बेटी सपना कुमारी छह साल की है। दूसरी सन्नू कुमारी 3 साल, तीसरी बेटी श्वेता कुमारी करीब ढाई साल की और सबसे छोटी बेटी वैष्णवी कुमारी एक साल की है। चारों बच्चियां अभी छोटी हैं। उनकी देखभाल पूरी तरह मां पर निर्भर है। ऐसे में पति द्वारा घर से निकाल दिए जाने के बाद कुमकुम देवी के सामने बच्चों के पालन-पोषण की बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है। वहीं, इस मामले को लेकर महिला थाना अध्यक्ष प्रीति कुमारी ने बताया कि कुमकुम देवी की ओर से पति एवं ससुराल वालों के खिलाफ लिखित आवेदन प्राप्त हुआ है। आवेदन की जांच की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। समस्तीपुर एक महिला ने अपने पति पर मारपीट कर घर से निकालने का आरोप लगाया है। पीड़िता ने अपनी चारों मासूम बेटियों के साथ महिला थाने पहुंची। पति और ससुराल वालों के खिलाफ लिखित आवेदन दिया है। पुलिस से मामले की जांच कर कार्रवाई की मांग की है। मामला उजियारपुर थाना क्षेत्र के अकहा रायपुर गांव का है। राजकुमार चौधरी की बेटी कुमकुम देवी की शादी साल 2017 में विभूतिपुर थाना क्षेत्र के सुरौली वार्ड पांच निवासी टुनटुन मिश्रा के साथ हुई थी। शादी के बाद कुमकुम देवी अपने पति और ससुराल वालों के साथ रह रही थी। वैवाहिक जीवन के दौरान उन्होंने चार बेटियों को जन्म दिया। आरोप है कि पति को बेटे की चाहत थी। चार बेटियां होने के बाद पति का उसके प्रति व्यवहार लगातार खराब होता चला गया। पति के खिलाफ थाने में शिकायत दर्ज कराई कुमकुम देवी ने पुलिस को दिए आवेदन में आरोप लगाया है कि बेटा नहीं होने की बात को लेकर पति उन्हें अक्सर प्रताड़ित करते थे। बात-बात पर विवाद किया जाता था और उनके साथ मारपीट भी की जाती थी। जब चौथी बेटी का जन्म हुआ तो पति का गुस्सा और बढ़ गया। इसके बाद उनके साथ मारपीट की गई और उन्हें घर से निकाल दिया गया। पति के घर से निकाले जाने के बाद कुमकुम देवी अपनी चारों बेटियों को लेकर मायके पहुंची। उन्होंने अपने पिता राजकुमार चौधरी को पूरी घटना की जानकारी दी। पिता के साथ महिला थाना पहुंचकर उन्होंने पति और ससुराल वालों के खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत मिलने के बाद महिला थाने की पुलिस ने मामले की जांच शुरू करने की बात कही है। बच्चों के पालन-पोषण की बड़ी चुनौती पीड़िता ने बताया कि उनकी सबसे बड़ी बेटी सपना कुमारी छह साल की है। दूसरी सन्नू कुमारी 3 साल, तीसरी बेटी श्वेता कुमारी करीब ढाई साल की और सबसे छोटी बेटी वैष्णवी कुमारी एक साल की है। चारों बच्चियां अभी छोटी हैं। उनकी देखभाल पूरी तरह मां पर निर्भर है। ऐसे में पति द्वारा घर से निकाल दिए जाने के बाद कुमकुम देवी के सामने बच्चों के पालन-पोषण की बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है। वहीं, इस मामले को लेकर महिला थाना अध्यक्ष प्रीति कुमारी ने बताया कि कुमकुम देवी की ओर से पति एवं ससुराल वालों के खिलाफ लिखित आवेदन प्राप्त हुआ है। आवेदन की जांच की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

