शेखपुरा में सीपीआई की राष्ट्रव्यापी पदयात्रा ‘बदलाव जरूरी है’ शुक्रवार को नौवें दिन भी जारी रही। पार्टी नेताओं और समर्थकों ने अरियरी प्रखंड के बेलछी गांव में केंद्र सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ नारेबाजी की। इस पदयात्रा में पार्टी के जिला नेता विश्वनाथ प्रसाद, वीरेंद्र पांडेय, रामदास अवधेश रविदास, गुलेश्वर यादव, सुधीर रविदास, शगुन रविदास, नीतीश यादव सहित बड़ी संख्या में पार्टी के नेता और समर्थक शामिल हुए। इस अवसर पर पार्टी के जिला सचिव प्रभात कुमार पांडेय ने बताया कि बेलछी गांव सहित पूरे शेखपुरा जिले में पीने के पानी का गंभीर संकट है। उन्होंने कहा कि सरकार की नल-जल योजना लगभग विफल हो चुकी है, और पीएचडी सहित सभी सरकारी विभाग मूकदर्शक बने हुए हैं। देखें, मौके से आई तस्वीरें… पांडेय ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि इस संकट से महादलित और गरीब परिवार सबसे अधिक प्रभावित हैं। उन्होंने बताया कि गरीब तबके के लोग पीने के पानी के लिए खेतों और लंबी दूरी से पानी लाने को मजबूर हैं। उन्होंने यह भी बताया कि शेखपुरा जिला सूखे की स्थिति में आ चुका है। प्रभात कुमार पांडेय ने जिला प्रशासन से तत्काल पहल कर जिले को सूखाग्रस्त क्षेत्र घोषित करने और किसानों तथा मजदूरों को लाभकारी योजनाओं से जोड़कर लाभ पहुंचाने का काम शुरू करने की मांग की। पार्टी नेताओं ने बताया कि जिले में यह पदयात्रा 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस पर झंडोत्तोलन के साथ समाप्त होगी। इसके बाद, 1 सितंबर को दिल्ली में ‘बदलाव जरूरी है’ विषय पर एक विशाल रैली आयोजित की जाएगी। नेताओं ने बेरोजगारी, पलायन, कृषि संकट और मनरेगा के समाप्त होने से उत्पन्न रोजगार संकट जैसे मुद्दों पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने दिल्ली रैली को सफल बनाने की अपील की। शेखपुरा में सीपीआई की राष्ट्रव्यापी पदयात्रा ‘बदलाव जरूरी है’ शुक्रवार को नौवें दिन भी जारी रही। पार्टी नेताओं और समर्थकों ने अरियरी प्रखंड के बेलछी गांव में केंद्र सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ नारेबाजी की। इस पदयात्रा में पार्टी के जिला नेता विश्वनाथ प्रसाद, वीरेंद्र पांडेय, रामदास अवधेश रविदास, गुलेश्वर यादव, सुधीर रविदास, शगुन रविदास, नीतीश यादव सहित बड़ी संख्या में पार्टी के नेता और समर्थक शामिल हुए। इस अवसर पर पार्टी के जिला सचिव प्रभात कुमार पांडेय ने बताया कि बेलछी गांव सहित पूरे शेखपुरा जिले में पीने के पानी का गंभीर संकट है। उन्होंने कहा कि सरकार की नल-जल योजना लगभग विफल हो चुकी है, और पीएचडी सहित सभी सरकारी विभाग मूकदर्शक बने हुए हैं। देखें, मौके से आई तस्वीरें… पांडेय ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि इस संकट से महादलित और गरीब परिवार सबसे अधिक प्रभावित हैं। उन्होंने बताया कि गरीब तबके के लोग पीने के पानी के लिए खेतों और लंबी दूरी से पानी लाने को मजबूर हैं। उन्होंने यह भी बताया कि शेखपुरा जिला सूखे की स्थिति में आ चुका है। प्रभात कुमार पांडेय ने जिला प्रशासन से तत्काल पहल कर जिले को सूखाग्रस्त क्षेत्र घोषित करने और किसानों तथा मजदूरों को लाभकारी योजनाओं से जोड़कर लाभ पहुंचाने का काम शुरू करने की मांग की। पार्टी नेताओं ने बताया कि जिले में यह पदयात्रा 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस पर झंडोत्तोलन के साथ समाप्त होगी। इसके बाद, 1 सितंबर को दिल्ली में ‘बदलाव जरूरी है’ विषय पर एक विशाल रैली आयोजित की जाएगी। नेताओं ने बेरोजगारी, पलायन, कृषि संकट और मनरेगा के समाप्त होने से उत्पन्न रोजगार संकट जैसे मुद्दों पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने दिल्ली रैली को सफल बनाने की अपील की।


