गीले कचरे में बायो मेडिकल वेस्ट मिक्स करने वाले भोपाल हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर पर 50 हजार और रत्नागिरी स्थित डेंटल क्लीनिक पर 20 हजार रुपए का जुर्माना किया गया है। गार्बेज ट्रांसफर स्टेशन पहुंचे किचिन वेस्ट में बड़ी मात्रा में बायो मेडिकल वेस्ट मिक्स किया गया था। अस्पताल के बाहर भी थैलियों में भी मेडिकल वेस्ट भरा मिला था। निगम के अधिकारियों ने गुरुवार को गार्बेज ट्रांसफर स्टेशन व आदमपुर खंती का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान निगम के अधिकारियों ने पाया कि गीले कचरे के साथ बॉयो मेडिकल वेस्ट भी बड़ी मात्रा में आया है। जानकारी प्राप्त करने पर पता चला कि यह मिक्स कचरा स्नेह नगर स्थित बीएचआरसी अस्पताल ने दिया था। अधिकारियों ने उक्त अस्पताल पहुंचकर अस्पताल प्रबंधन को बॉयो मेडिकल वेस्ट अधिकृत इंसीनेरेटर को देने की समझाइश दी और 50 हजार रुपये का जुर्माना भी किया। इसी प्रकार निगम अधिकारियों ने ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 के अनुसार कचरा प्रबंधन न करने पर रत्नागिरी स्थित डेंटल क्लकनिक पर भी 20 हजार रुपए का जुर्माना किया। वाहन चालक के विरुद्ध कार्रवाई नहीं, स्वास्थ्य अधिकारी को नोटिस जोन-19 के अंतर्गत कचरा वाहन क्रमांक-एमपी 04 जीबी 2172 में 17 जुलाई को जाटखेड़ी गार्बेज ट्रांसफर स्टेशन पर गीले-सूखे कचरे के साथ बायो मेडिकल वेस्ट भी लाया गया था। इस संबंध में पूर्व में भी वरिष्ठ अधिकारियों ने सख्त रूप से निर्देशित किया था कि कचरा संग्रहण से संलग्न सभी वाहन किसी भी स्थिति में बायो मेडिकल वेस्ट कचरा ट्रांसफर स्टेशनों पर न लाए। बावजूद ऐसा हो रहा है। इसके चलते चालक पर कार्रवाई होनी थी, लेकिन नहीं की गई। इसके चलते स्वास्थ्य अधिकारी को नोटिस थमाया गया है। वल्लभ भवन ने स्वैच्छा से कराया पंजीयन नगर निगम ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 के दिशा-निर्देशों अनुसार शहर में कचरा प्रबंधन निर्धारित मानकों अनुसार सुनिश्चित कराने की कार्रवाई कर रहा है। वहीं, बल्क वेस्ट जनरेटर की श्रेणी में आने वालों को अपना पंजीयन कराने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। गुरुवार को वल्लभ भवन परिसर का बल्क वेस्ट जनरेटर के रूप में स्वैच्छा से पंजीयन कराया।


