मुजफ्फरपुर में मुसहरी थाना क्षेत्र के बुद्धनगरा राधा गांव निवासी सबल राम ने स्थानीय चौकीदार मिंटू पासवान पर पांच हजार रुपये रिश्वत मांगने का आरोप लगाया है। इस संबंध में पीड़ित ने ग्रामीण एसपी को लिखित शिकायत दी है। मामले की गंभीरता को देखते हुए ग्रामीण एसपी कार्यालय ने मुसहरी थाना प्रभारी से जांच रिपोर्ट मांगी है। सबल राम ने अपने आवेदन में बताया है कि गांव के ही शंकर राम ने उनसे 20 हजार रुपये कर्ज लिए थे। लंबे समय बाद भी यह राशि वापस नहीं की गई। रुपये मांगने पर टालमटोल किया जा रहा था, जिसके बाद सबल राम ने स्थानीय थाने में प्राथमिकी दर्ज कराने के लिए आवेदन दिया था। हालांकि, इस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। पीड़ित का आरोप है कि मामले को आगे बढ़ाने और प्राथमिकी दर्ज करने के नाम पर मुसहरी थाना के चौकीदार मिंटू पासवान ने उनसे पांच हजार रुपये की रिश्वत मांगी। सबल राम के अनुसार, रुपये नहीं देने पर कार्रवाई में जानबूझकर देरी की जा रही थी। वहीं, इन आरोपों पर चौकीदार मिंटू पासवान ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने बताया कि मुसहरी थाना प्रभारी के निर्देश पर सबल राम और शंकर राम दोनों पक्षों को थाने बुलाया गया था। वहां दोनों के बीच आपसी समझौते के तहत लेन-देन का मामला सुलझाने पर सहमति बनी थी। चौकीदार ने रिश्वत मांगने के आरोप को पूरी तरह गलत बताया है। इस मामले में मुसहरी थाना प्रभारी सुबोध कुमार मेहता से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे बात नहीं हो सकी। इस घटना को लेकर क्षेत्र में चर्चाएं जारी हैं। मुजफ्फरपुर में मुसहरी थाना क्षेत्र के बुद्धनगरा राधा गांव निवासी सबल राम ने स्थानीय चौकीदार मिंटू पासवान पर पांच हजार रुपये रिश्वत मांगने का आरोप लगाया है। इस संबंध में पीड़ित ने ग्रामीण एसपी को लिखित शिकायत दी है। मामले की गंभीरता को देखते हुए ग्रामीण एसपी कार्यालय ने मुसहरी थाना प्रभारी से जांच रिपोर्ट मांगी है। सबल राम ने अपने आवेदन में बताया है कि गांव के ही शंकर राम ने उनसे 20 हजार रुपये कर्ज लिए थे। लंबे समय बाद भी यह राशि वापस नहीं की गई। रुपये मांगने पर टालमटोल किया जा रहा था, जिसके बाद सबल राम ने स्थानीय थाने में प्राथमिकी दर्ज कराने के लिए आवेदन दिया था। हालांकि, इस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। पीड़ित का आरोप है कि मामले को आगे बढ़ाने और प्राथमिकी दर्ज करने के नाम पर मुसहरी थाना के चौकीदार मिंटू पासवान ने उनसे पांच हजार रुपये की रिश्वत मांगी। सबल राम के अनुसार, रुपये नहीं देने पर कार्रवाई में जानबूझकर देरी की जा रही थी। वहीं, इन आरोपों पर चौकीदार मिंटू पासवान ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने बताया कि मुसहरी थाना प्रभारी के निर्देश पर सबल राम और शंकर राम दोनों पक्षों को थाने बुलाया गया था। वहां दोनों के बीच आपसी समझौते के तहत लेन-देन का मामला सुलझाने पर सहमति बनी थी। चौकीदार ने रिश्वत मांगने के आरोप को पूरी तरह गलत बताया है। इस मामले में मुसहरी थाना प्रभारी सुबोध कुमार मेहता से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे बात नहीं हो सकी। इस घटना को लेकर क्षेत्र में चर्चाएं जारी हैं।


