अररिया जिले के सामाजिक सुरक्षा पेंशनभोगियों के लिए एक महत्वपूर्ण सूचना जारी की गई है। सामाजिक सुरक्षा निदेशालय के निर्देशानुसार, अब केवल उन्हीं लाभार्थियों को मासिक पेंशन राशि मिलेगी जिन्होंने अपना जीवन प्रमाणीकरण पूरा कर लिया है। जिन पेंशनभोगियों ने अभी तक यह प्रक्रिया पूरी नहीं की है, उन्हें 30 मई तक इसे अनिवार्य रूप से पूरा करना होगा, अन्यथा उनकी पेंशन रुक सकती है। सामाजिक सुरक्षा निदेशालय के तहत कई प्रमुख योजनाएं संचालित हैं। इनमें इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय विधवा पेंशन, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय निःशक्तता पेंशन, मुख्यमंत्री वृद्धजन पेंशन योजना, बिहार राज्य निःशक्तता पेंशन योजना और लक्ष्मीबाई सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना शामिल हैं। पेंशनभोगियों को पेंशन राशि हस्तांतरित की जा रही
इन सभी योजनाओं के लाभार्थियों के लिए जीवन प्रमाणीकरण निःशुल्क किया जा रहा है। जिला प्रशासन ने बताया कि यह प्रक्रिया कॉमन सर्विस सेंटर (CSC), पंचायत स्तर पर आयोजित शिविरों और प्रखंड कार्यालयों में पूरी की जा सकती है। अररिया के सहायक निदेशक, सामाजिक सुरक्षा कोषांग ने पुष्टि की है कि वर्तमान में केवल उन्हीं पेंशनभोगियों को पेंशन राशि हस्तांतरित की जा रही है जिन्होंने सफलतापूर्वक अपना जीवन प्रमाणीकरण करा लिया है। जिला प्रशासन ने सभी लंबित पेंशनभोगियों से अपील की है कि वे तुरंत अपने नजदीकी CSC सेंटर, पंचायत शिविर या प्रखंड कार्यालय में संपर्क करें। 30 मई तक सभी लंबित मामलों का निपटारा शिविरों के माध्यम से सुनिश्चित किया जा रहा है, ताकि किसी भी लाभार्थी को वित्तीय कठिनाई का सामना न करना पड़े। पारदर्शी और नियमित बनाने के लिए अनिवार्य की गई
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह प्रक्रिया पेंशन वितरण को अधिक पारदर्शी और नियमित बनाने के लिए अनिवार्य की गई है। डिजिटल माध्यम से भी प्रमाणीकरण की सुविधा उपलब्ध है, लेकिन ग्रामीण क्षेत्रों में शिविरों के माध्यम से इसे और सुलभ बनाया गया है। पेंशनधारियों को सलाह दी गई है कि प्रमाणीकरण के दौरान अपना आधार कार्ड, पेंशन पासबुक और अन्य जरूरी दस्तावेज साथ रखें। यदि किसी को किसी प्रकार की परेशानी हो तो वे अपने प्रखंड विकास पदाधिकारी या सामाजिक सुरक्षा कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं। जिला प्रशासन का प्रयास है कि 30 मई की समय-सीमा के अंदर सभी पेंशनधारियों का जीवन प्रमाणीकरण पूरा हो जाए, जिससे पेंशन राशि बिना किसी रुकावट के उनके खातों में पहुंचती रहे। अररिया जिले के सामाजिक सुरक्षा पेंशनभोगियों के लिए एक महत्वपूर्ण सूचना जारी की गई है। सामाजिक सुरक्षा निदेशालय के निर्देशानुसार, अब केवल उन्हीं लाभार्थियों को मासिक पेंशन राशि मिलेगी जिन्होंने अपना जीवन प्रमाणीकरण पूरा कर लिया है। जिन पेंशनभोगियों ने अभी तक यह प्रक्रिया पूरी नहीं की है, उन्हें 30 मई तक इसे अनिवार्य रूप से पूरा करना होगा, अन्यथा उनकी पेंशन रुक सकती है। सामाजिक सुरक्षा निदेशालय के तहत कई प्रमुख योजनाएं संचालित हैं। इनमें इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय विधवा पेंशन, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय निःशक्तता पेंशन, मुख्यमंत्री वृद्धजन पेंशन योजना, बिहार राज्य निःशक्तता पेंशन योजना और लक्ष्मीबाई सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना शामिल हैं। पेंशनभोगियों को पेंशन राशि हस्तांतरित की जा रही
इन सभी योजनाओं के लाभार्थियों के लिए जीवन प्रमाणीकरण निःशुल्क किया जा रहा है। जिला प्रशासन ने बताया कि यह प्रक्रिया कॉमन सर्विस सेंटर (CSC), पंचायत स्तर पर आयोजित शिविरों और प्रखंड कार्यालयों में पूरी की जा सकती है। अररिया के सहायक निदेशक, सामाजिक सुरक्षा कोषांग ने पुष्टि की है कि वर्तमान में केवल उन्हीं पेंशनभोगियों को पेंशन राशि हस्तांतरित की जा रही है जिन्होंने सफलतापूर्वक अपना जीवन प्रमाणीकरण करा लिया है। जिला प्रशासन ने सभी लंबित पेंशनभोगियों से अपील की है कि वे तुरंत अपने नजदीकी CSC सेंटर, पंचायत शिविर या प्रखंड कार्यालय में संपर्क करें। 30 मई तक सभी लंबित मामलों का निपटारा शिविरों के माध्यम से सुनिश्चित किया जा रहा है, ताकि किसी भी लाभार्थी को वित्तीय कठिनाई का सामना न करना पड़े। पारदर्शी और नियमित बनाने के लिए अनिवार्य की गई
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह प्रक्रिया पेंशन वितरण को अधिक पारदर्शी और नियमित बनाने के लिए अनिवार्य की गई है। डिजिटल माध्यम से भी प्रमाणीकरण की सुविधा उपलब्ध है, लेकिन ग्रामीण क्षेत्रों में शिविरों के माध्यम से इसे और सुलभ बनाया गया है। पेंशनधारियों को सलाह दी गई है कि प्रमाणीकरण के दौरान अपना आधार कार्ड, पेंशन पासबुक और अन्य जरूरी दस्तावेज साथ रखें। यदि किसी को किसी प्रकार की परेशानी हो तो वे अपने प्रखंड विकास पदाधिकारी या सामाजिक सुरक्षा कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं। जिला प्रशासन का प्रयास है कि 30 मई की समय-सीमा के अंदर सभी पेंशनधारियों का जीवन प्रमाणीकरण पूरा हो जाए, जिससे पेंशन राशि बिना किसी रुकावट के उनके खातों में पहुंचती रहे।


