UP Government Promotion: उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले योगी सरकार कर्मचारियों और अधिकारियों को बड़ा प्रशासनिक तोहफा देने की तैयारी में जुट गई है। लंबे समय से लंबित पड़ी पदोन्नतियों को तेजी से पूरा करने के लिए शासन स्तर पर विशेष निर्देश जारी किए गए हैं। सरकार का मानना है कि समय पर प्रमोशन मिलने से कर्मचारियों का मनोबल बढ़ेगा और सरकारी कामकाज की गति भी तेज होगी। यही वजह है कि अब सभी विभागों को तय समय सीमा के भीतर डीपीसी प्रक्रिया पूरी करने के आदेश दिए गए हैं।
मुख्य सचिव ने जारी किए निर्देश
प्रदेश के मुख्य सचिव एसपी गोयल ने अपर मुख्य सचिवों, विभागाध्यक्षों और संबंधित अधिकारियों को निर्देश जारी करते हुए कहा है कि मानव संपदा पोर्टल के माध्यम से विभागीय प्रोन्नति समिति यानी डीपीसी की प्रक्रिया जल्द पूरी कराई जाए। शासन ने साफ कहा है कि प्रमोशन में देरी होने से कर्मचारियों में असंतोष बढ़ता है और इसका असर सरकारी कार्यों पर भी पड़ता है। ऐसे में सभी विभाग समयबद्ध तरीके से रिक्त पदों का विवरण तैयार करें और चयन प्रक्रिया में तेजी लाएं।
30 जून तक पूरी होगी पदों की गणना
सरकार ने प्रतिस्थापन नियमावली-2026 का हवाला देते हुए स्पष्ट किया है कि चयन वर्ष 2026 की प्रक्रिया एक जुलाई से शुरू होकर 31 दिसंबर तक चलेगी। इसके लिए प्रमोशन से भरे जाने वाले पदों की गणना 30 जून तक पूरी करनी होगी। शासन ने निर्देश दिया है कि सभी विभाग अपने-अपने रिक्त पदों का आंकड़ा समय से तैयार करें ताकि पदोन्नति प्रक्रिया में किसी तरह की देरी न हो।
2027 की तैयारी भी अभी से शुरू
योगी सरकार केवल वर्तमान चयन वर्ष तक सीमित नहीं रहना चाहती, बल्कि 2027 के लिए भी अभी से तैयारी शुरू कर दी गई है। आदेश में कहा गया है कि चयन वर्ष 2027 में दिसंबर तक भरे जाने वाले पदों की गणना जनवरी 2027 में पूरी कर ली जाए। इसके बाद 15 जनवरी तक संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों की प्रोन्नति प्रक्रिया भी पूरी करने का लक्ष्य रखा गया है। इससे आने वाले समय में विभागों में रिक्तियों की समस्या कम होने की उम्मीद है।
मुख्य सचिव स्तर की डीपीसी पर विशेष फोकस
जिन पदों की डीपीसी मुख्य सचिव की अध्यक्षता में होनी है, उन मामलों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए हैं। शासन ने कहा है कि कार्मिक विभाग के माध्यम से जून के पहले सप्ताह में ही ऐसी सभी पदोन्नतियां पूरी कर ली जाएं। इससे उच्च प्रशासनिक पदों पर लंबे समय से अटकी पदोन्नतियों का रास्ता साफ हो सकता है।
लोक सेवा आयोग को जल्द भेजे जाएंगे अधियाचन
सरकार ने उन पदों पर भी तेजी दिखाने के निर्देश दिए हैं जिनकी पदोन्नति प्रक्रिया लोक सेवा आयोग के माध्यम से पूरी की जानी है। विभागों से कहा गया है कि रिक्त पदों का अधियाचन जल्द आयोग को भेजा जाए और प्रक्रिया को समय पर पूरा कराने के लिए प्रभावी प्रयास किए जाएं। शासन स्तर पर यह भी निगरानी की जाएगी कि किसी विभाग में अनावश्यक देरी न हो।
पुलिस विभाग को मिल सकता है बड़ा लाभ
सरकार के इस फैसले का सबसे बड़ा फायदा पुलिस विभाग को मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। लंबे समय से इंस्पेक्टर से डिप्टी एसपी और पीपीएस से आईपीएस पदोन्नति का इंतजार कर रहे अधिकारियों को राहत मिल सकती है। यदि शासन तय समय सीमा के भीतर प्रक्रिया पूरी कर लेता है तो हजारों पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के प्रमोशन का रास्ता खुल सकता है।


