उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर में गलत दवा के सेवन से एक किसान की मौत हो गई। मृतक की पहचान 55 वर्षीय बालकराम के रूप में हुई है। परिजनों ने एक झोलाछाप पर गलत दवा देने का आरोप लगाया है, जिसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। थाना निगोही क्षेत्र के चकौरा गांव निवासी बालकराम खेतीबाड़ी और मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करते थे। उन्हें 3 मई को तेज बुखार आया था। बुखार के इलाज के लिए बालकराम दूसरे गांव में एक झोलाछाप डॉक्टर के पास गए और वहां से दवा लेकर आए। उन्होंने 3 मई की रात को दवा की दो खुराक ली, जिसके बाद उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई। तबीयत बिगड़ने पर परिजनों ने दोबारा उस डॉक्टर से संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं मिला। इसके बाद बालकराम को तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले जाया गया, जहां से उन्हें राजकीय मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। राजकीय मेडिकल कॉलेज में इलाज के दौरान बीती रात बालकराम की मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि झोलाछाप डॉक्टर द्वारा दी गई गलत दवा के कारण ही उनकी तबीयत बिगड़ी और अंततः उनकी जान चली गई। उन्होंने डॉक्टर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर आगे की जांच शुरू कर दी है।


