Metro Line 5 Thane Bhiwandi Kalyan: ठाणे और भिवंडी के बीच मेट्रो शुरू होने का लंबे समय से इंतजार कर रहे यात्रियों के लिए खुशखबरी है। मेट्रो लाइन 5 (ऑरेंज लाइन) कब शुरू होगी, इसकी नई डेडलाइन जारी कर दी गई है। ताजा जानकारी के मुताबिक, इस परियोजना का पहला चरण दिसंबर 2026 तक पूरा होने की संभावना है, जबकि जनवरी 2027 से इसे यात्रियों के लिए शुरू किया जा सकता है। ठाणे-भिवंडी मेट्रो लाइन-5 का निर्माण कार्य अंतिम चरण में है।
दहिसर-काशीगांव मेट्रो के बाद बढ़ी उम्मीदें
हाल ही में शुरू हुई दहिसर-काशीगांव मेट्रो को यात्रियों से जबरदस्त प्रतिक्रिया मिली है। पहले ही दिन भारी भीड़ देखने को मिली, जिससे यह साफ हो गया कि ठाणे शहर में मेट्रो की कितनी जरूरत है।
वर्तमान में ठाणे से भिवंडी जाने वाले यात्रियों को बसों पर निर्भर रहना पड़ता है, जो अक्सर ट्रैफिक के कारण देरी से चलती हैं। शाम के समय ट्रैफिक जाम के कारण यह सफर और भी मुश्किल हो जाता है। वहीं, ट्रेन से जाने वालों को दिवा रेलवे स्टेशन से मेमू (MEMU) ट्रेनों का सहारा लेना पड़ता है, जिनकी संख्या बेहद कम है। लेकिन अब मेट्रो लाइन 5 के शुरू होते ही यह समस्या जड़ से खत्म हो जाएगी।
25 किमी लंबी है मेट्रो लाइन 5, पहले चरण में ठाणे-भिवंडी पर दौड़ेगी
मेट्रो लाइन-5 24.90 किलोमीटर लंबी होगी, जो ठाणे-भिवंडी-कल्याण को जोड़ेगी। फिलहाल पहले चरण में ठाणे से भिवंडी तक का काम तेजी से चल रहा है। इस प्रोजेक्ट का ग्राउंडवर्क और तकनीकी काम अब अंतिम चरण में है। गुरुवार को भिवंडी महानगरपालिका, एमएमआरडीए और मेट्रो अधिकारियों ने निर्माण कार्य का निरीक्षण किया और काम की प्रगति का जायजा लिया।
रोजाना सफर करने वालों को बड़ा फायदा
भिवंडी से ठाणे और मुंबई जाने वाले यात्रियों को अभी सीधी रेल सेवा नहीं मिलती। ऐसे में लोगों को बस के जरिए लंबा और समय लेने वाला सफर करना पड़ता है। मेट्रो लाइन 5 शुरू होने के बाद यह दूरी कम समय में तय हो सकेगी और हजारों यात्रियों को रोजाना राहत मिलेगी।
मेट्रो-5 के बारे में अहम बातें
ठाणे से भिवंडी होते हुए कल्याण तक बनने वाली मेट्रो लाइन-5 कुल 24.90 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड कॉरिडोर है, जिसमें कुल 15 स्टेशन प्रस्तावित हैं। यह मेट्रो लाइन मौजूदा और प्रस्तावित अन्य मेट्रो मार्गों को आपस में जोड़ने का काम करेगी। इस परियोजना की बेस लागत 8416 करोड़ रुपये से ज्यादा है।
यह लाइन मेट्रो लाइन 4 (वडाला से कासरवडवली) और प्रस्तावित मेट्रो लाइन 12 (कल्याण से तलोजा) के साथ कनेक्टिविटी प्रदान करेगी। साथ ही, यह मध्य रेलवे नेटवर्क से भी जुड़ी होगी, जिससे यात्रियों को बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी।
इस मेट्रो के शुरू होने के बाद वर्तमान यात्रा समय में करीब 50% से 75% तक की कमी आने की उम्मीद है, जिससे यात्रियों का सफर काफी तेज और सुविधाजनक हो जाएगा।
मेट्रो लाइन 5 के 15 स्टेशन-
बालकुम नाका, कासेली, काल्हेर, पूर्णा, अंजुरफाटा, धमणकर नाका, भिवंडी, गोपाल नगर, तेमघर, राजनौली, गोवे गांव, कों गांव, लाल चौकी, कल्याण स्टेशन और कल्याण एपीएमसी।
2017 में मिली मंजूरी, अब तक अधूरा प्रोजेक्ट
इस मेट्रो-5 परियोजना को 2017 में मंजूरी मिली थी और 2018 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसका उद्घाटन किया था। 2020 में निर्माण कार्य शुरू हुआ, लेकिन 6 साल बाद भी प्रोजेक्ट पूरा नहीं हो पाया है।
हालांकि अब पहले चरण के जल्द पूरा होने की उम्मीद है, लेकिन दूसरे चरण यानी कल्याण तक का काम अभी शुरू भी नहीं हुआ है। ऐसे में पूरी 24.90 किमी लंबी मेट्रो लाइन-5 के चालू होने में अभी कई वर्षों का समय लग सकता है।


