जयपुर। जयपुर से किशनगढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर यातायात को सुगम बनाने के लिए बड़ा इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट आकार ले रहा है। इस मार्ग पर पांच नए फ्लाईओवर बनाए जाएंगे, जिससे ट्रैफिक जाम की समस्या में बड़ी राहत मिलेगी। केन्द्रीय सड़क परिवहन मंत्रालय ने इसके लिए 910.90 करोड़ रुपए की मंजूरी दी है और हाईवे को आधुनिक डेडिकेटेड कॉरिडोर के रूप में विकसित किया जाएगा।
एक्सप्रेस-वे की तर्ज पर होगा तैयार
इस परियोजना के तहत जयपुर से किशनगढ़ तक पूरे मार्ग को एक्सप्रेस-वे की तर्ज पर तैयार किया जाएगा। मुख्य ट्रांसपोर्ट कॉरिडोर के दोनों ओर दो-दो लेन की सर्विस लेन बनाई जाएंगी, जिन पर केवल स्थानीय यातायात संचालित होगा। इससे लंबी दूरी के वाहनों और लोकल ट्रैफिक को अलग-अलग रास्ता मिलेगा, जिससे गति और सुरक्षा दोनों में सुधार होगा। करीब 90 किलोमीटर लंबे इस मार्ग पर प्रस्तावित फ्लाईओवर बड़ के बालाजी, नागसोटा, गिदानी, दांतरी और टोलामल जैसे प्रमुख स्थानों पर बनाए जाएंगे।
कम होगा यात्रा समय
फ्लाईओवर बनने के बाद जंक्शन पर बार-बार रुकने की समस्या खत्म होगी और वाहन बिना बाधा के आगे बढ़ सकेंगे। इससे यात्रा समय कम होने के साथ ईंधन की बचत और प्रदूषण में भी कमी आएगी। परियोजना के लिए निविदा प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है और जल्द ही निर्माण कार्य गति पकड़ने की संभावना है। इसी के साथ जयपुर शहर के सबसे व्यस्त चौराहों में शामिल 200 फीट बाइपास स्थित हीरापुरा जंक्शन पर भी बड़ा सुधार कार्य शुरू होने जा रहा है। यहां ट्रैफिक दबाव को कम करने के लिए दो अंडरपास और दो फ्लाईओवर बनाए जाएंगे।
लेटर ऑफ अवार्ड जारी
नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने इस प्रोजेक्ट के लिए लेटर ऑफ अवार्ड जारी कर निर्माण कंपनी को काम जल्द शुरू करने के निर्देश दिए हैं। योजना के अनुसार एक अंडरपास मानसरोवर से दिल्ली, सिरसी और कालवाड़ की ओर जाने वाले वाहनों के लिए बनाया जाएगा, जबकि दूसरा दिल्ली से मानसरोवर आने वाले ट्रैफिक के लिए होगा।
दोनों अंडरपास करीब 600 से 700 मीटर लंबे और दो-दो लेन के होंगे। इसके अलावा जयपुर से अजमेर और अजमेर से दिल्ली दिशा के लिए फ्लाईओवर भी बनाए जाएंगे, जिससे चौराहे पर रुकावट खत्म होगी। पूरे प्रोजेक्ट को पूरा होने में करीब दो साल से अधिक समय लग सकता है। इसके पूरा होने पर जयपुर से किशनगढ़ तक यात्रा न केवल तेज होगी, बल्कि शहर के प्रमुख जंक्शनों पर जाम की समस्या से भी राहत मिलेगी।


