मणिपुर के तेंगनौपाल जिले में सुरक्षा बलों ने एक महत्वपूर्ण अभियान के दौरान प्रतिबंधित उग्रवादी संगठन पीपुल्स रिवोल्यूशनरी पार्टी ऑफ कांगलेइपाक (Progressive) — PREPAK (RA) के 10 सदस्यों को हिरासत में लिया है। पुलिस द्वारा मंगलवार को जारी आधिकारिक बयान के अनुसार, यह गिरफ्तारी भारत-म्यांमा सीमा के संवेदनशील इलाके से की गई है।
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बयान में कहा गया है कि गिरफ्तार उग्रवादियों में पांच नाबालिग शामिल हैं।
इसमें बताया गया है कि इन्हें मोरेह थाना क्षेत्र में सीमा स्तंभ 77 और 82 के बीच के इलाके से पकड़ा गया।
बयान में कहा गया कि पांचों नाबालिगों के खिलाफ किशोर न्याय अधिनियम के तहत उचित कार्रवाई की जा रही है।
दो साल पहले जातीय हिंसा भड़कने के बाद से सुरक्षा बल मणिपुर में तलाश अभियान संचालित कर रहे हैं।
मई 2023 से मेइती और कुकी-जो समुदाय के बीच जातीय संघर्ष में 260 से अधिक लोग मारे जा चुके हैं और हजारों लोग बेघर हो गए हैं।
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जातीय हिंसा और सुरक्षा अभियान
मणिपुर में मई 2023 से जारी मेइती और कुकी-जो समुदायों के बीच जातीय संघर्ष के बाद से सुरक्षा बल लगातार तलाशी अभियान (Search Operations) चला रहे हैं।
संघर्ष का प्रभाव:
हताहत: पिछले दो वर्षों में हुई हिंसा में 260 से अधिक लोगों की जान जा चुकी है।
विस्थापन: हजारों लोग अपने घरों को छोड़कर राहत शिविरों में रहने को मजबूर हैं।
सुरक्षा व्यवस्था: सीमा पार से उग्रवादियों की घुसपैठ रोकने के लिए असम राइफल्स और मणिपुर पुलिस ने अंतरराष्ट्रीय सीमा पर सतर्कता बढ़ा दी है।


