महाराष्ट्र के नासिक जिले से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां खुद को ज्योतिषी और अंकशास्त्रज्ञ बताने वाले अशोक खरात को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। उस पर आरोप है कि उसने एक महिला के साथ तीन साल से अधिक समय तक बार-बार दुष्कर्म किया। मामले की गंभीरता को देखते हुए राज्य सरकार ने अब इसकी जांच के लिए विशेष जांच दल (SIT) गठित कर दिया है। खरात के कुछ आपत्तिजनक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे है।
महिला IPS खोलेगी खरात की क्राइम कुंडली
पुलिस के अनुसार, आरोपी अशोक खरात खुद को ‘कैप्टन’ बताता था और मर्चेंट नेवी का सेवानिवृत्त अधिकारी है। उसने पीड़ित महिला को अपने प्रभाव में लेकर कई वर्षों तक उसका यौन शोषण किया।
गिरफ्तारी के बाद जब पुलिस ने उसके ठिकानों की तलाशी ली, तो एक पेनड्राइव से 58 वीडियो बरामद हुए। इनमें से कुछ वीडियो अश्लील बताए जा रहे हैं, जिससे मामले की गंभीरता और बढ़ गई है।
मामले की जांच अब एसआईटी को सौंप दी गई है। इस टीम का नेतृत्व महिला आईपीएस अधिकारी तेजस्वी सातपुते (IPS Tejaswi Satpute) कर रही हैं। टीम ने नासिक पहुंचकर जांच शुरू कर दी है और आरोपी के नेटवर्क, पीड़ितों की संख्या और आर्थिक लेनदेन की गहराई से पड़ताल की जा रही है।
15 साल में धनकुबेर, 200 करोड़ की संपत्ति बनाई
जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ रही है, चौंकाने वाले खुलासे भी हो रहे हैं। पुलिस को शुरुआती जांच में पता चला है कि अशोक खरात ने पिछले 15 वर्षों में करीब 200 करोड़ रुपये की संपत्ति अर्जित की है। पाथर्डी इलाके में उसकी करीब 30 एकड़ जमीन की कीमत लगभग 150 करोड़ रुपये आंकी गई है। इसके अलावा कहांडलवाडी और मिरगांव में लगभग 45 एकड़ जमीन, कर्मवीर नगर में एक आलीशान बंगला और अन्य स्थानों पर परिवार के नाम पर खरीदी गई जमीनें भी उसकी संपत्ति में शामिल हैं।
ट्रस्ट की आय भी जांच के दायरे में
अशोक खरात का रसूख इसी बात से पता चलता है कि मिरगांव में मंदिर के पीछे उसका एक भव्य फार्महाउस है, जिसकी कीमत 10 करोड़ रुपये से अधिक बताई जा रही है। साथ ही, नासिक के पॉश कनाडा कॉर्नर इलाके में उसका एक कार्यालय है, जिसकी कीमत करीब 1 करोड़ रुपये आंकी गई है। उसका ओझर एयरपोर्ट के पास भी करोड़ों की जमीन होने का खुलासा हुआ है। इतना ही नहीं, खरात के ‘ईशान्येश्वर मंदिर ट्रस्ट’ की सालाना आय ही करीब 2 करोड़ रुपये है।
फिलहाल पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी ने इतनी बड़ी संपत्ति कैसे जुटाई और क्या इसके पीछे और भी पीड़ित या आपराधिक नेटवर्क शामिल हैं। जांच आगे बढ़ने के साथ और भी बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
कौन है अशोक खरात?
अशोक खरात का राजनीतिक नेताओं और सेलिब्रिटीज के साथ उठना-बैठना रहा है। नासिक जिले के सिन्नर तालुका में अशोक खरात ने ‘श्री शिवनिका संस्थान’ नामक मंदिर की स्थापना की है। इस मंदिर के ट्रस्ट में एनसीपी अजित पवार गुट की नेता व राज्य की महिला आयोग की अध्यक्ष रूपाली चाकणकर (Rupali Chakankar) भी ट्रस्टी पद पर हैं।
रिपोर्ट्स के अनुसार, अशोक खरात मर्चेंट नेवी का एक सेवानिवृत्त अधिकारी हैं। वह ‘श्री ईशान्येश्वर मंदिर ट्रस्ट’ का अध्यक्ष बताया जा रहा है। अशोक खरात तब चर्चा में आया था जब नवंबर 2022 में तत्कालीन मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने उसके मंदिर का दौरा किया था।
मर्चेंट नेवी से ज्योतिषी तक का सफर
मर्चेंट नेवी से सेवानिवृत्त होने के बाद खरात ने खुद को एक बड़े अंकशास्त्रज्ञ (Numerologist) के रूप में स्थापित किया। उसके पास न केवल बड़े राजनेता, बल्कि नामी सेलिब्रिटीज और उद्योगपति भी मार्गदर्शन के लिए आते थे।
अशोक खरात के ट्रस्ट की वेबसाइट के अनुसार, उसने मर्चेंट नेवी में रहते हुए 154 देशों की यात्रा की है और वहां की संस्कृतियों व परंपराओं का अध्ययन किया है। बताया जाता है कि बाद में उसने ‘कॉस्मोलॉजी’ (विश्व विज्ञान) और अंकशास्त्र की ओर रुख किया और इसी के जरिए उसने प्रसिद्ध अंकशास्त्री और ज्योतिषी के रूप में अपनी पहचान बनाई।


