ईरान के सबसे ताकतवर अफसर लारिजानी की मौत:इजराइली हमले में बेटा भी मारा गया; तेल अवीव में 100 से ज्यादा ठिकानों पर हमला

ईरान के सबसे ताकतवर अफसर लारिजानी की मौत:इजराइली हमले में बेटा भी मारा गया; तेल अवीव में 100 से ज्यादा ठिकानों पर हमला

अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच जंग का आज 19वां दिन है। इजराइल के हमले में कल ईरान के सिक्योरिटी चीफ लीडर अली लारिजानी और उनके बेटे की मौत हो गई है। ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने इसकी पुष्टी की है। IRGC ने इसके बाद इजराइल की राजधानी तेल अवीव में 100 से ज्यादा जगहों पर मिसाइल से हमला किया। ईरान का कहना है कि यह हमला लारिजानी, उनके बेटे और उनके साथी की हत्या का बदला लेने के लिए किया गया है। ईरान ने यह भी दावा किया कि इजराइल का मजबूत डिफेंस सिस्टम इस हमले को रोक नहीं पाया। वहीं इजराइल का कहना है कि मिसाइल का मलबा गरने से एक महिला की मौत हो गई है। ट्रम्प बोले-NATO देश ईरान जंग में साथ नहीं देना चाहते अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा है कि NATO के ज्यादातर सहयोगी देश ईरान के खिलाफ चल रहे अमेरिकी सैन्य अभियान में शामिल नहीं होना चाहते। ट्रम्प ने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि अमेरिका वर्षों से इन देशों की सुरक्षा पर अरबों डॉलर खर्च करता रहा है, लेकिन जरूरत के समय वे साथ नहीं आते। उन्होंने NATO को ‘वन-वे स्ट्रीट’ बताया। ट्रम्प ने कहा कि उन्हें इस रवैये पर हैरानी नहीं है और अमेरिका को अब सहयोगी देशों की मदद की जरूरत भी नहीं है। उन्होंने दावा किया कि अमेरिकी सेना ने ईरान की सैन्य ताकत को काफी हद तक खत्म कर दिया है और अब वह किसी के समर्थन के बिना भी स्थिति संभाल सकता है। ट्रम्प ने यह भी कहा कि जापान, ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण कोरिया जैसे देशों की मदद की भी अमेरिका को जरूरत नहीं है। मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष के बीच ट्रम्प का यह बयान सहयोगी देशों के साथ अमेरिका के रिश्तों में बढ़ती दूरी की ओर इशारा करता है। इजराइल-अमेरिका और ईरान के बीच जंग से जुड़ी 3 तस्वीरें… अमेरिका-इजराइल और ईरान जंग से जुड़े अपडेट्स के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…

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