बेगूसराय में नार्कोटिक्स को-ऑर्डिनेशन की बैठक:गांजा की खेती-काबर झील क्षेत्र में अवैध शराब के खिलाफ सतर्कता, ड्रोन से नियमित निगरानी-छापेमारी के निर्देश

बेगूसराय में नार्कोटिक्स को-ऑर्डिनेशन की बैठक:गांजा की खेती-काबर झील क्षेत्र में अवैध शराब के खिलाफ सतर्कता, ड्रोन से नियमित निगरानी-छापेमारी के निर्देश

बेगूसराय डीएम श्रीकांत शास्त्री की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट स्थित कार्यालय प्रकोष्ठ में जिला स्तरीय NCORD (नार्कोटिक्स को-ऑर्डिनेशन) की मासिक बैठक आयोजित की गई। बैठक में एसपी मनीष, सदर एसडीओ, डीएसपी और वरीय उप समाहर्ता सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे। बैठक में जिले को नशामुक्त बनाने, मादक पदार्थों की तस्करी पर रोक लगाने और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित करने को लेकर संबंधित अधिकारियों को महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए। ड्रोन के माध्यम से भी जांच सहित अन्य कार्रवाई और लगातार छापेमारी करने के लिए निर्देश दिए गए हैं। बैठक में एसपी कार्यालय के डीसीबी शाखा प्रभारी ने बताया कि जनवरी में जिले के विभिन्न थानों में मादक पदार्थों से संबंधित 11 कांड दर्ज किए गए। छापेमारी के दौरान 38.611 किलो गांजा, 92.23 ग्राम स्मैक, 25.1 लीटर कफ सिरप और 155.03 ग्राम हेरोइन बरामद की गई है। इस दौरान तस्करी में शामिल 19 लोगों को जेल भेजा गया। डीएम ने बताया कि मादक पदार्थों से संबंधित अनुसंधान में लंबित कांडों और ट्रायल में लंबित मामलों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है। गांजा एवं अफीम की खेती पर निगरानी के लिए विशेष रणनीति पर चर्चा हुई। ऐसी सूचना मिलने पर ड्रोन के माध्यम से त्वरित जांच एवं विनष्टीकरण की कार्रवाई की जाएगी। नियमित छापेमारी अभियान चलेगा अंतरराज्यीय तस्करी से जुड़े मामलों में तत्काल राज्य मुख्यालय और NCB को सूचित करने का निर्देश दिया गया है। शैक्षणिक संस्थानों के आसपास नशे के खिलाफ कार्रवाई को लेकर डीईओ के रिपोर्ट के आधार पर स्कूलों और कॉलेजों के आसपास उत्पाद विभाग और पुलिस की ओर से संयुक्त रूप से नियमित छापेमारी अभियान चलाया जाएगा। काबर झील और जयमंगलागढ़ क्षेत्र में अवैध शराब निर्माण के खिलाफ ड्रोन कैमरा के माध्यम से नियमित निगरानी और छापेमारी अभियान चलाने का निर्देश दिया गया है। ड्रग इंस्पेक्टर को स्थानीय पुलिस के साथ मिलकर रेलवे स्टेशन और आसपास के क्षेत्रों में सूखा नशा बेचने वालों के विरुद्ध विशेष अभियान चलाने को कहा गया है। 4 बेड वाला वार्ड संचालित नशा पीड़ितों के इलाज के संबंध में सिविल सर्जन ने बताया है कि सदर अस्पताल में नशामुक्ति के लिए अलग से 4 बेड वाला वार्ड संचालित किया जा रहा है। वहीं, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी ने बताया कि नशा मुक्ति को लेकर जगह जगह होर्डिंग के माध्यम से प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। मुख्यालय डीएसपी को निर्देश दिया गया है कि जिले के सभी अनुमंडलों के लिए NCB से ड्रग्स पहचान उपकरण उपलब्ध कराने का प्रस्ताव भेजा जाए तथा पुलिस कर्मियों को इसके संचालन का प्रशिक्षण दिया जाए। मादक पदार्थों के तस्करों का डेटाबेस तैयार कर उनकी नियमित निगरानी सुनिश्चित करने का भी निर्देश दिया गया है। बेगूसराय डीएम श्रीकांत शास्त्री की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट स्थित कार्यालय प्रकोष्ठ में जिला स्तरीय NCORD (नार्कोटिक्स को-ऑर्डिनेशन) की मासिक बैठक आयोजित की गई। बैठक में एसपी मनीष, सदर एसडीओ, डीएसपी और वरीय उप समाहर्ता सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे। बैठक में जिले को नशामुक्त बनाने, मादक पदार्थों की तस्करी पर रोक लगाने और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित करने को लेकर संबंधित अधिकारियों को महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए। ड्रोन के माध्यम से भी जांच सहित अन्य कार्रवाई और लगातार छापेमारी करने के लिए निर्देश दिए गए हैं। बैठक में एसपी कार्यालय के डीसीबी शाखा प्रभारी ने बताया कि जनवरी में जिले के विभिन्न थानों में मादक पदार्थों से संबंधित 11 कांड दर्ज किए गए। छापेमारी के दौरान 38.611 किलो गांजा, 92.23 ग्राम स्मैक, 25.1 लीटर कफ सिरप और 155.03 ग्राम हेरोइन बरामद की गई है। इस दौरान तस्करी में शामिल 19 लोगों को जेल भेजा गया। डीएम ने बताया कि मादक पदार्थों से संबंधित अनुसंधान में लंबित कांडों और ट्रायल में लंबित मामलों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है। गांजा एवं अफीम की खेती पर निगरानी के लिए विशेष रणनीति पर चर्चा हुई। ऐसी सूचना मिलने पर ड्रोन के माध्यम से त्वरित जांच एवं विनष्टीकरण की कार्रवाई की जाएगी। नियमित छापेमारी अभियान चलेगा अंतरराज्यीय तस्करी से जुड़े मामलों में तत्काल राज्य मुख्यालय और NCB को सूचित करने का निर्देश दिया गया है। शैक्षणिक संस्थानों के आसपास नशे के खिलाफ कार्रवाई को लेकर डीईओ के रिपोर्ट के आधार पर स्कूलों और कॉलेजों के आसपास उत्पाद विभाग और पुलिस की ओर से संयुक्त रूप से नियमित छापेमारी अभियान चलाया जाएगा। काबर झील और जयमंगलागढ़ क्षेत्र में अवैध शराब निर्माण के खिलाफ ड्रोन कैमरा के माध्यम से नियमित निगरानी और छापेमारी अभियान चलाने का निर्देश दिया गया है। ड्रग इंस्पेक्टर को स्थानीय पुलिस के साथ मिलकर रेलवे स्टेशन और आसपास के क्षेत्रों में सूखा नशा बेचने वालों के विरुद्ध विशेष अभियान चलाने को कहा गया है। 4 बेड वाला वार्ड संचालित नशा पीड़ितों के इलाज के संबंध में सिविल सर्जन ने बताया है कि सदर अस्पताल में नशामुक्ति के लिए अलग से 4 बेड वाला वार्ड संचालित किया जा रहा है। वहीं, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी ने बताया कि नशा मुक्ति को लेकर जगह जगह होर्डिंग के माध्यम से प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। मुख्यालय डीएसपी को निर्देश दिया गया है कि जिले के सभी अनुमंडलों के लिए NCB से ड्रग्स पहचान उपकरण उपलब्ध कराने का प्रस्ताव भेजा जाए तथा पुलिस कर्मियों को इसके संचालन का प्रशिक्षण दिया जाए। मादक पदार्थों के तस्करों का डेटाबेस तैयार कर उनकी नियमित निगरानी सुनिश्चित करने का भी निर्देश दिया गया है।  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *