टेक्सटाइल सिटी भीलवाड़ा के हजारों श्रमिकों और उनके परिवारों के सुरक्षित भविष्य को लेकर शुक्रवार को बड़ा कदम उठाया गया। कर्मचारी राज्य बीमा निगम के 75वें स्थापना दिवस के मौके पर मेवाड़ चैम्बर ऑफ कॉमर्स एण्ड इंडस्ट्री के सहयोग से जागरूकता कार्यशाला हुई। इसका मुख्य उद्देश्य बंद कमरों से निकलकर योजनाओं को सीधे कारखानों में काम करने वाले कर्मचारियों और उनके आश्रितों तक पहुंचाना था। कार्यशाला में जिलेभर के उद्योगों के एचआर हेड, कर्मचारी और उनके परिजन बड़ी संख्या में शामिल हुए। अधिकारियों ने स्पष्ट संदेश दिया कि ईएसआईसी केवल अंशदान काटने वाली संस्था नहीं, बल्कि संकट के समय में श्रमिकों की सबसे बड़ी ढाल है।
हम आपके द्वार- अब खुद चलकर आएगी जानकारी
ईएसआईसी के उपक्षेत्रीय कार्यालय उदयपुर के संयुक्त निदेशक दीपक चौरसिया ने स्पष्ट किया कि निगम अब हम आपके द्वार की भावना के साथ काम कर रहा है। विभाग की टीमें सीधे उद्योगों तक पहुंच रही हैं ताकि हर कर्मचारी अपने अधिकारों और सुविधाओं के प्रति जागरूक हो सके और कल्याणकारी योजनाओं का शत-प्रतिशत लाभ उठा सके। कार्यशाला में उपक्षेत्रीय कार्यालय उदयपुर के निदेशक निखिल कुमार ने पावर प्वाइंट प्रेजेंटेशन के जरिए योजनाओं का बारीकी से ब्यौरा दिया। उन्होंने बताया कि ईएसआईसी सामाजिक सुरक्षा का एक पूरा छाता है, जिसमें आश्रित जनहित लाभ, बेहतर चिकित्सा और मातृत्व हितलाभ, निःशक्तता हित लाभ, कोविड राहत योजनाएं शामिल हैं।
इलाज और रजिस्ट्रेशन की दूर हुई उलझनें
श्रमिकों को इलाज में आने वाली दिक्कतों को लेकर चिकित्सा अधीक्षक डॉ. मुकेश तिवाड़ी ने ईएसआई अस्पतालों और डिस्पेंसरियों में मौजूद आधुनिक सुविधाओं की जानकारी दी। भीलवाड़ा शाखा प्रबंधक ललित किशोर महावर ने लेबर कोड, रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया और क्लेम उठाने के आसान तरीकों को पीपीटी के जरिए समझाया। कार्यक्रम केवल भाषणों तक सीमित नहीं रहा। ओपन हाउस सेशन में उद्योग प्रतिनिधियों, एचआर अधिकारियों और खुद कर्मचारियों ने ईएसआईसी के नियमों और क्लेम से जुड़े कई तीखे और व्यावहारिक सवाल पूछे। इनका अधिकारियों ने मौके पर ही संतोषजनक समाधान किया।


