डूंगरपुर में कोतवाली थाना इलाके के कलाल घाटा गांव में एक दर्दनाक घटना सामने आई है। बंद पड़ी 20 फीट गहरी खदान में एक बुजुर्ग गिर गया। करीब 3 फीट तक मलबा उसके ऊपर गिरा और अंदर दब गया।
घटना के बाद मौके पर पहुंचे लोगों ने मलबा हटाकर बाहर निकाला। लेकिन बुजुर्ग की मलबे में दबने से मौत हो गई थी। बुजुर्ग बकरिया चराने गया था और इसी दौरान ये हादसा हुआ। पुलिस ने पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया है। वही मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। बेटे ने थाने में दी रिपोर्ट
कोतवाली थाने के हेड कॉन्स्टेबल नारायणलाल ने बताया कि मृतक के बेटे कलाल घाटा निवासी मुकेश ने रिपोर्ट दी है। रिपोर्ट में बताया कि उसके 60 साल के पिता हुरमा रोज की तरह गुरुवार को बकरियां चराने के लिए घर से निकले थे। शाम को बकरिया वापस आ गई। लेकिन पिता वापस नहीं लौटे। इस पर परिजनों ने उनकी तलाश शुरू की। खोजबीन के दौरान घर के पास स्थित एक खदान के पास जाकर देखा, तो वहां हुरमा 20 फीट गहरी बंद पड़ी खदान में पत्थर और मिट्टी के मलबे के नीचे दबे हुए थे। मलबे में दबने से हुई मौत
हादसे की सूचना मिलते ही आसपास के ग्रामीण मौके पर जमा हो गए। ग्रामीणों की मदद से काफी मशक्कत के बाद मलबे को हटाया गया और बुजुर्ग को बाहर निकाला गया। हालांकि, तब तक उनकी मौत हो चुकी थी।
परिजनों ने एम्बुलेंस की मदद से रात को हूरमा को जिला अस्पताल डूंगरपुर पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इसके बाद पुलिस ने शव को जिला अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवाया। वही शुक्रवार को पुलिस व परिजन डूंगरपुर जिला अस्पताल पहुंचे, जहा पुलिस ने पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सुपुर्द किया।


