छतरपुर में बुधवार रात एक नाबालिग बच्चा भूख लगने पर शादी समारोह में खाना खाने पहुंचा। लोगों ने उसे संदिग्ध समझकर चोर समझा और पकड़ने की कोशिश की, जिससे घबराकर वह भागने लगा और पास के नाले में गिर गया। लोगों ने बच्चे को संदिग्ध समझकर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर बच्चे को सुरक्षित बाहर निकाला और उसे अस्पताल ले गई। पुलिस को बच्चे ने बताया कि मैं-भूखा था। यह घटना छतरपुर जिले के मातागुवां थाना क्षेत्र की है। बुधवार रात करीब डेढ़ से दो बजे के बीच श्रीजी होटल में एक शादी समारोह चल रहा था। पुलिस को सूचना मिली कि एक अज्ञात बच्चा संदिग्ध अवस्था में मिला है। समारोह में मौजूद लोगों ने उसे अकेला देखकर शक किया पकड़ने की कोशिश की। बच्चा डरकर भाग निकला और पास के नाले में गिर गया। उसे हल्की चोटें आईं और चक्कर भी आ गए। पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची, बच्चे को थाने लाई और जिला अस्पताल में उसका मेडिकल परीक्षण कराया। डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार किया। इसके बाद पुलिस उसे वापस थाने ले गई। बच्चा बोला- साहब चोर नहीं हूं..भूखा था
पुलिस की पूछताछ में बच्चे ने बताया कि वह राजगढ़ का रहने वाला है और अपनी मां के साथ बागेश्वर धाम आया था। रात में वह अपनी मां से बिछड़ गया और भटकता रहा। भूख लगने पर वह रात में शादी समारोह में पहुंचा और खाना खाने लगा। इसी दौरान लोगों को उस पर शक हुआ और वे उसे चोर समझकर पकड़ने दौड़े। घबराकर भागते समय वह नाले में गिर गया और उसे चक्कर आ गए। पुलिस के पहुंचने पर उसने रोते हुए बताया कि साहब मैं भूखा था, चोर नहीं।


