शेखपुरा। भाकपा बरबीघा अंचल समिति की बैठक राजेंद्र भवन थाना चौक स्थित बरबीघा कार्यालय में सुजीत कुमार की अध्यक्षता में हुई। इस बैठक में जन समस्याओं के खिलाफ 6 मार्च को प्रखंड कार्यालय के समक्ष प्रदर्शन करने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया। बैठक को संबोधित करते हुए सीपीआई के राज्य सचिव मंडल सदस्य इरफान अहमद फातमी ने केंद्र की भाजपा सरकार पर लगातार जनविरोधी नीतियां अपनाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि सरकार ने अमेरिकी साम्राज्यवादी और पूंजीवादी देशों से समझौता कर न केवल आम जनता को परेशानी में डाला है, बल्कि देश की संप्रभुता के लिए भी बड़ा खतरा पैदा कर दिया है। फातमी ने मनरेगा कानून का भी जिक्र किया, जिसे यूपीए सरकार (जिसमें सीपीआई भी शामिल थी) ने गरीबों और मजदूरों के हितों के लिए ग्राम सभा और आम सभा के माध्यम से लागू किया था। उन्होंने आरोप लगाया कि अब इसे हटाकर ‘बीवीजी राम जी कानून’ लाया जा रहा है, जिससे मजदूर, गरीब और किसानों के अधिकारों का हनन हो रहा है। उन्होंने कहा कि देश में आम जनता भय के वातावरण में जीने को विवश है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि पार्टी ने जनता के ज्वलंत सवालों को लेकर पूरे बिहार में सभी प्रखंड मुख्यालयों पर 26, 27 और 28 मार्च को तथा पूरे मार्च माह में आंदोलन करने का निर्णय लिया है। उन्होंने साथियों से जनता के सवालों को नोट करने और आंदोलन में सक्रिय रूप से भाग लेने का आग्रह किया। भाकपा जिला सचिव प्रभात कुमार पाण्डेय ने बैठक को संबोधित करते हुए बरबीघा प्रखंड की सभी शाखाओं को जीवंत करने, पार्टी सदस्यता नवीनीकरण के काम को पूरा करने और सदस्यता दोगुनी करने का लक्ष्य निर्धारित करने पर जोर दिया। उन्होंने प्रखंड के अंदर जनकल्याणकारी योजनाओं में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ किसान, मजदूर, छात्र, नौजवान और महिलाओं को संगठित कर प्रखंड सह अंचल कार्यालय पर आंदोलन करने की बात कही। 6 मार्च को बड़ा प्रदर्शन किया जाएगा सीपीआई के जिला कार्यकारिणी सदस्य धर्मराज कुमार ने बताया कि जनता के सवालों और बरबीघा प्रखंड तथा अंचल कार्यालय में व्याप्त भ्रष्टाचार को लेकर 6 मार्च को एक बड़ा प्रदर्शन किया जाएगा। इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में किसान, मजदूर, छात्र, नौजवान और महिलाएं शामिल होंगी। बैठक में अंचल सचिव धुरी पासवान, पवित्र पासवान, हरगोविंद यादव समेत अन्य अंचल समिति के सदस्य उपस्थित थे। शेखपुरा। भाकपा बरबीघा अंचल समिति की बैठक राजेंद्र भवन थाना चौक स्थित बरबीघा कार्यालय में सुजीत कुमार की अध्यक्षता में हुई। इस बैठक में जन समस्याओं के खिलाफ 6 मार्च को प्रखंड कार्यालय के समक्ष प्रदर्शन करने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया। बैठक को संबोधित करते हुए सीपीआई के राज्य सचिव मंडल सदस्य इरफान अहमद फातमी ने केंद्र की भाजपा सरकार पर लगातार जनविरोधी नीतियां अपनाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि सरकार ने अमेरिकी साम्राज्यवादी और पूंजीवादी देशों से समझौता कर न केवल आम जनता को परेशानी में डाला है, बल्कि देश की संप्रभुता के लिए भी बड़ा खतरा पैदा कर दिया है। फातमी ने मनरेगा कानून का भी जिक्र किया, जिसे यूपीए सरकार (जिसमें सीपीआई भी शामिल थी) ने गरीबों और मजदूरों के हितों के लिए ग्राम सभा और आम सभा के माध्यम से लागू किया था। उन्होंने आरोप लगाया कि अब इसे हटाकर ‘बीवीजी राम जी कानून’ लाया जा रहा है, जिससे मजदूर, गरीब और किसानों के अधिकारों का हनन हो रहा है। उन्होंने कहा कि देश में आम जनता भय के वातावरण में जीने को विवश है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि पार्टी ने जनता के ज्वलंत सवालों को लेकर पूरे बिहार में सभी प्रखंड मुख्यालयों पर 26, 27 और 28 मार्च को तथा पूरे मार्च माह में आंदोलन करने का निर्णय लिया है। उन्होंने साथियों से जनता के सवालों को नोट करने और आंदोलन में सक्रिय रूप से भाग लेने का आग्रह किया। भाकपा जिला सचिव प्रभात कुमार पाण्डेय ने बैठक को संबोधित करते हुए बरबीघा प्रखंड की सभी शाखाओं को जीवंत करने, पार्टी सदस्यता नवीनीकरण के काम को पूरा करने और सदस्यता दोगुनी करने का लक्ष्य निर्धारित करने पर जोर दिया। उन्होंने प्रखंड के अंदर जनकल्याणकारी योजनाओं में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ किसान, मजदूर, छात्र, नौजवान और महिलाओं को संगठित कर प्रखंड सह अंचल कार्यालय पर आंदोलन करने की बात कही। 6 मार्च को बड़ा प्रदर्शन किया जाएगा सीपीआई के जिला कार्यकारिणी सदस्य धर्मराज कुमार ने बताया कि जनता के सवालों और बरबीघा प्रखंड तथा अंचल कार्यालय में व्याप्त भ्रष्टाचार को लेकर 6 मार्च को एक बड़ा प्रदर्शन किया जाएगा। इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में किसान, मजदूर, छात्र, नौजवान और महिलाएं शामिल होंगी। बैठक में अंचल सचिव धुरी पासवान, पवित्र पासवान, हरगोविंद यादव समेत अन्य अंचल समिति के सदस्य उपस्थित थे।


