बोकारो में डिस्ट्रिक्ट मिनरल फाउंडेशन ट्रस्ट (DMFT) फंड के कथित दुरुपयोग मामले में मंगलवार देर रात से आयकर विभाग की छापेमारी जारी है। यह कार्रवाई चास के प्रभात कॉलोनी और सेक्टर-9 स्थित स्ट्रीट 37 इलाकों में की गई। आयकर अधिकारियों की टीम सीआरपीएफ जवानों के साथ अलग-अलग वाहनों से पहुंची और संदिग्ध ठिकानों पर जांच शुरू की। जानकारी के अनुसार, आयकर विभाग की एक टीम चास निवासी और त्रिनेत्र इंटरप्राइजेज के संचालक सोनू मिश्रा के आवास पर पहुंची। बताया जा रहा है कि सोनू मिश्रा ने जिले के विभिन्न स्कूलों में पेंटिंग की आपूर्ति की थी। सेक्टर-9 स्थित प्रकाश जेरॉक्स और उसके संचालक प्रकाश कुमार के ठिकानों पर भी अधिकारियों ने दस्तावेजों की गहन जांच की। DMFT फंड के उपयोग में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी की आशंका प्रकाश जेरॉक्स द्वारा स्कूलों एवं सरकारी संस्थानों में स्टेशनरी सहित अन्य सामग्रियों की आपूर्ति की जाती रही है, जिसमें अनियमितताओं के आरोप सामने आए हैं। सूत्रों के मुताबिक, DMFT फंड के उपयोग में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी की आशंका को लेकर यह कार्रवाई की जा रही है। जांच एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि आपूर्ति और ठेके से जुड़े कार्यों में सरकारी धन का दुरुपयोग हुआ है या नहीं। सेक्टर-9 स्थित एक आवास पर टीम द्वारा नकदी गिनने की मशीन मंगाने की भी सूचना मिली है, जिससे बड़ी मात्रा में नकदी मिलने की संभावना है। बताया जाता है कि इस मामले का खुलासा आरटीआई के माध्यम से हुआ था, जिसके बाद करोड़ों रुपए के बंदरबांट की आशंका जताई गई थी। हालांकि, आयकर विभाग के अधिकारियों ने मीडिया से दूरी बनाए रखी है और इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। जिले में चल रही इस कार्रवाई को लेकर प्रशासनिक हलकों में हलचल तेज है। बोकारो में डिस्ट्रिक्ट मिनरल फाउंडेशन ट्रस्ट (DMFT) फंड के कथित दुरुपयोग मामले में मंगलवार देर रात से आयकर विभाग की छापेमारी जारी है। यह कार्रवाई चास के प्रभात कॉलोनी और सेक्टर-9 स्थित स्ट्रीट 37 इलाकों में की गई। आयकर अधिकारियों की टीम सीआरपीएफ जवानों के साथ अलग-अलग वाहनों से पहुंची और संदिग्ध ठिकानों पर जांच शुरू की। जानकारी के अनुसार, आयकर विभाग की एक टीम चास निवासी और त्रिनेत्र इंटरप्राइजेज के संचालक सोनू मिश्रा के आवास पर पहुंची। बताया जा रहा है कि सोनू मिश्रा ने जिले के विभिन्न स्कूलों में पेंटिंग की आपूर्ति की थी। सेक्टर-9 स्थित प्रकाश जेरॉक्स और उसके संचालक प्रकाश कुमार के ठिकानों पर भी अधिकारियों ने दस्तावेजों की गहन जांच की। DMFT फंड के उपयोग में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी की आशंका प्रकाश जेरॉक्स द्वारा स्कूलों एवं सरकारी संस्थानों में स्टेशनरी सहित अन्य सामग्रियों की आपूर्ति की जाती रही है, जिसमें अनियमितताओं के आरोप सामने आए हैं। सूत्रों के मुताबिक, DMFT फंड के उपयोग में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी की आशंका को लेकर यह कार्रवाई की जा रही है। जांच एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि आपूर्ति और ठेके से जुड़े कार्यों में सरकारी धन का दुरुपयोग हुआ है या नहीं। सेक्टर-9 स्थित एक आवास पर टीम द्वारा नकदी गिनने की मशीन मंगाने की भी सूचना मिली है, जिससे बड़ी मात्रा में नकदी मिलने की संभावना है। बताया जाता है कि इस मामले का खुलासा आरटीआई के माध्यम से हुआ था, जिसके बाद करोड़ों रुपए के बंदरबांट की आशंका जताई गई थी। हालांकि, आयकर विभाग के अधिकारियों ने मीडिया से दूरी बनाए रखी है और इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। जिले में चल रही इस कार्रवाई को लेकर प्रशासनिक हलकों में हलचल तेज है।


