शाहजहांपुर पुलिस ने कारतूसों की तस्करी करने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। उसके पास से 315 बोर के 199 कारतूस बरामद किए गए हैं। आरोपी की पहचान जावेद अहमद उर्फ राजा के रूप में हुई है, जो थाना सदर बाजार के बाड़ूजई प्रथम पक्का तालाब का निवासी है। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह नागालैंड से कारतूस लाकर शाहजहांपुर में बेचता था। पुलिस ने उसका आपराधिक इतिहास खंगालना शुरू कर दिया है। थाना सदर बाजार पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि छोटे कुतबे के पास एक संदिग्ध व्यक्ति घूम रहा है। सूचना के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी कर उसे दबोच लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से 315 बोर के 199 कारतूस बरामद हुए। पुलिस आरोपी को थाने ले आई और उससे गहन पूछताछ की। पूछताछ में जावेद अहमद उर्फ राजा ने पुलिस को बताया कि लगभग पांच साल पहले उसे दिल्ली में अफीम के साथ पकड़ा गया था। जेल में उसकी मुलाकात नागालैंड के एक कैदी से हुई, जिससे उसकी दोस्ती हो गई। जेल से छूटने के बाद भी उनकी दोस्ती कायम रही। आरोपी ने बताया कि वह अक्सर उसी व्यक्ति से नागालैंड से कारतूस खरीदता था। उसे एक कारतूस 150 रुपये में मिलता था, जिसे वह शाहजहांपुर में एक हजार रुपये से अधिक कीमत पर बेचता था। आरोपी ने स्वीकार किया कि वह हाल ही में कारतूस लेकर आया था और उन्हें बेचने की फिराक में था, तभी पुलिस ने उसे पकड़ लिया। थाना प्रभारी ब्रजेश सिंह ने बताया कि आरोपी के पास से कारतूसों के अलावा 1100 रुपये नकद और दो मोबाइल फोन भी बरामद किए गए हैं। पूछताछ पूरी होने के बाद आरोपी को जेल भेज दिया गया है। आरोपी ने पुलिस को यह भी बताया कि स्थानीय स्तर पर कारतूस खरीदने की प्रक्रिया काफी लंबी और जटिल है। लाइसेंस धारकों को भी आसानी से कारतूस नहीं मिल पाते हैं। इसी कारण जब वह बाहर से कारतूस लाता है, तो मोलभाव के बावजूद उसे अच्छे दाम मिल जाते हैं।


