मध्य प्रदेश पावर ट्रांसमिशन कंपनी (एमपी ट्रांसको) ने अपने कार्मिकों को बेहतर बैंकिंग सुविधाएं प्रदान करने के उद्देश्य से बैंक ऑफ महाराष्ट्र के साथ एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं। इस एमओयू के तहत, बैंक ऑफ महाराष्ट्र अब एमपी ट्रांसको के सैलरी खाता धारक कर्मचारियों को ‘गवप्राइड सैलरी सेविंग अकाउंट स्कीम’ के अंतर्गत विशेष बैंकिंग सुविधाएं उपलब्ध कराएगा। एमपी ट्रांसको के मुख्य वित्तीय अधिकारी मुकुल मेहरोत्रा ने बताया कि इस समझौते से कर्मचारियों को अन्य बैंकों के विकल्पों के साथ बैंक ऑफ महाराष्ट्र की उन्नत सैलरी स्कीम का लाभ मिलेगा। बैंक द्वारा सैलरी वेरिएंट के अनुसार अधिकतम सुविधाएं प्रदान की जाएंगी, जिससे कर्मचारियों को वित्तीय सुरक्षा और सुविधा मिलेगी। एमओयू के तहत, बैंक ऑफ महाराष्ट्र एमपी ट्रांसको के सैलरी खाता धारक कार्मिकों को कई प्रमुख सुविधाएं देगा। इनमें 10 लाख रुपये तक का सामान्य मृत्यु बीमा, हवाई दुर्घटना बीमा, दुर्घटना मृत्यु बीमा, विकलांगता बीमा कवर और चिकित्सा बीमा शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, कर्मचारियों को विभिन्न प्रकार के ऋणों पर प्रोसेसिंग फीस में छूट मिलेगी। बिना किसी शुल्क के डिजिटल बैंकिंग उत्पादों से लैस गवप्राइड सैलरी सेविंग अकाउंट, ऋण खातों में प्रोसेसिंग फीस में छूट, लॉकर किराए में रियायत, बैंक ऑफ महाराष्ट्र के टॉप वेरिएंट रूपे डेबिट कार्ड की सुविधाएं और सुपर टॉप-अप हेल्थ बीमा सहित अन्य लाभ भी उपलब्ध होंगे।


