गाजीपुर सिविल बार संघ की महासचिव ज्योत्सना श्रीवास्तव को संघ की सदस्यता से निष्कासित कर दिया गया है। यह निर्णय 8 जनवरी 2026 को हुई आम सभा में सर्वसम्मति से लिया गया। उन पर अनुशासनहीनता और मनमानी रवैये के आरोप थे। संघ की आम सभा में महासचिव के खिलाफ एक प्रस्ताव लाया गया था। इसमें सम्मानित अधिवक्ताओं ने आरोप लगाया कि उन्होंने सदन के निर्णयों की अवहेलना की और मनमाना व्यवहार अपनाया। अधिवक्ताओं ने उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई और निष्कासन की मांग की थी। एल्डर कमेटी के चेयरमैन की अनुमति से, महासचिव ज्योत्सना श्रीवास्तव को 12 जनवरी 2026 तक अपना जवाब और स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का अवसर दिया गया था। महासचिव द्वारा दिए गए जवाब और स्पष्टीकरण, साथ ही सदन में उपस्थित अधिवक्ताओं के विचारों का गहन मूल्यांकन करने के बाद, आम सभा ने उन्हें सिविल बार संघ गाजीपुर की सदस्यता से निष्कासित करने का प्रस्ताव पारित किया। सदन का कहना था कि संघ की गरिमा और अनुशासन बनाए रखने के लिए यह निर्णय आवश्यक था।


