हमीरपुर कलेक्ट्रेट में बुधवार को दर्जनों किसानों ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा। किसानों ने बीमा कंपनी द्वारा नुकसान का सर्वे होने के बावजूद मुआवजा न दिए जाने की शिकायत की और उच्च स्तरीय जांच तथा दोषियों पर कार्रवाई की मांग की। जय जवान जय किसान एसोसिएशन के बैनर तले पहुंचे किसानों ने जिलाधिकारी को चार सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सौंपा। उन्होंने बताया कि बीते महीनों में लगातार हुई बारिश के कारण खेतों में पानी भर गया था, जिससे फसलें पूरी तरह खराब हो गईं। किसानों को अपनी उपज से एक दाना भी नहीं मिल सका। किसानों के अनुसार, बीमा कंपनी ने उन्हें मात्र 100, 200, 700 और 1100 रुपए जैसी बहुत कम राशि मुआवजे के तौर पर दी। इस संबंध में पहले भी एसडीएम राठ को ज्ञापन देकर जांच की मांग की गई थी, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। किसानों ने यह भी आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत बटाईनामा के रूप में अन्य किसानों के फर्जी शपथ पत्र लगाकर बीमा कराने वाले ‘बीमा माफिया’ के खिलाफ एफआईआर दर्ज होने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई है। किसान नेता गुलाब सिंह ने बताया कि फसलें खराब होने पर बीमा कंपनी द्वारा मुआवजा न दिए जाने को लेकर पहले भी राठ और सरीला के एसडीएम तथा जिलाधिकारी को ज्ञापन दिए जा चुके हैं, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। बुधवार को एक बार फिर मुख्यमंत्री के नाम जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर मामले की जांच की मांग दोहराई गई है।


