संभल हिंसा के मामले में आरोपी शारिक साठा के कोर्ट में पेश नहीं होने पर अदालत ने उसके खिलाफ उद्घोषणा नोटिस जारी किया है। सोमवार को नखासा थाना पुलिस ने पजाया स्थित उसके घर पर नोटिस चस्पा कर मुनादी कराई। थाना प्रभारी संजय शर्मा ने सोमवार रात करीब 8:15 बजे इसकी जानकारी दी। पुलिस के मुताबिक, संभल कोतवाली और नखासा थाने में दर्ज चार मुकदमों में यह कार्रवाई की गई है। पुलिस के अनुसार, संभल कोतवाली में दर्ज मुकदमा संख्या 338/2024, 339/2024 और 340/2024 तथा नखासा थाने में दर्ज मुकदमा संख्या 306/2024 में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत से उद्घोषणा नोटिस जारी हुआ है। इन मुकदमों में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) और 61(2) के तहत कार्रवाई की गई है। पुलिस टीम ने नखासा थाना क्षेत्र की दीपा सराय चौकी के अंतर्गत पजाया में बंद पड़े शारिक साठा के घर पर नोटिस चस्पा किया। पुलिस ने मुनादी कराकर दी जानकारी दरोगा विशांत मलिक ने पुलिस टीम के साथ शारिक साठा के घर पर नोटिस चस्पा कराया और मुनादी कराई। पुलिस ने लोगों को बताया कि आरोपी के अदालत में पेश नहीं होने के कारण उद्घोषणा की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस के मुताबिक, मामले में सूचना देने वाले व्यक्ति का नाम और पहचान गोपनीय रखी जाएगी। संभल हिंसा के मामले में फरार है शारिक साठा यह मामला 24 नवंबर 2024 को संभल की शाही जामा मस्जिद के सर्वे के दौरान हुई हिंसा से जुड़ा है। हिंदू पक्ष ने 19 नवंबर 2024 को चंदौसी स्थित सिविल सीनियर डिवीजन कोर्ट में मस्जिद परिसर को श्रीहरिहर मंदिर होने का दावा करते हुए याचिका दाखिल की थी। अदालत के आदेश पर उसी दिन सर्वे का पहला चरण पूरा हुआ था, जबकि दूसरा चरण 24 नवंबर को हुआ। इसी दौरान बड़ी संख्या में लोग एकत्र हुए और हिंसा भड़क गई। इस घटना में पांच लोगों की मौत हुई थी, जबकि तत्कालीन पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई, एएसपी अनुज चौधरी और डिप्टी कलेक्टर समेत 29 पुलिसकर्मी घायल हुए थे। घटना के बाद संभल कोतवाली और नखासा थाने में कई मुकदमे दर्ज किए गए। पुलिस ने शारिक साठा पर हिंसा की साजिश में शामिल होने का आरोप लगाया है। हालांकि, इन आरोपों पर अंतिम न्यायिक निष्कर्ष को अलग से देखना होगा। विदेश में छिपे होने का दावा, पहले भी जारी हुए नोटिस पुलिस के अनुसार, शारिक साठा के खिलाफ पहले लुकआउट और रेड कॉर्नर नोटिस जारी किए जा चुके हैं। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, उसके विदेश में होने की आशंका जताई गई है। पुलिस का आरोप है कि उसने विदेश में रहकर हिंसा की साजिश रची थी। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि और आरोपी का पक्ष उपलब्ध नहीं है। अब अदालत की ओर से उद्घोषणा नोटिस जारी होने के बाद मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

