संभल में एक 5 साल की बच्ची हाईटेंशन लाइन के करंट की चपेट में आकर झुलस गई। इस हादसे में बच्ची दिव्यांग हो गई है। अलीगढ़ के एक निजी अस्पताल में चार दिन इलाज के बाद ग्रामीण बच्ची को लेकर बिजली घर पहुंचे। हालांकि, बड़ी संख्या में ग्रामीणों के प्रदर्शन की सूचना मिलने पर जेई वहां से गायब हो गए। यह घटना 3 सितंबर की है। सोमवार दोपहर 12 बजे ग्रामीण बिजली घर पहुंचे थे, लेकिन चार घंटे इंतजार करने के बाद उन्हें वापस लौटना पड़ा। यह पूरा मामला संभल जिले की गुन्नौर तहसील के रजपुरा थाना क्षेत्र के फैजपुर गांव का है। गांव निवासी सुनील पुत्र नेक्से ने रजपुरा के जेई को शिकायत दी। उन्होंने बताया कि 3 सितंबर की दोपहर 12 बजे उनके मकान की छत पर तीन-चार बच्चे और उनकी 5 साल की बेटी सुमेदा खेल रही थी। तभी सुमेदा ने छत के ऊपर से गुजर रही 11000 वोल्ट की हाईटेंशन लाइन पकड़ ली। यह लाइन घर से सिर्फ एक फीट ऊपर है। बच्ची करंट लगने से बची सुनील ने बताया कि उनकी बेटी करंट लगने से बाल-बाल बची, लेकिन दिव्यांग हो गई। उन्होंने यह भी बताया कि इससे पहले 28 फरवरी 2020 को उनके घर में शादी का कार्यक्रम था, तब उनकी मौसी की 15 वर्षीय लड़की को भी करंट लगा था। इस घटना के बाद भी उन्होंने कई बार लाइन हटाने की शिकायत की थी, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। आए दिन हो रहे इन हादसों से ग्रामीण परेशान हैं। बिजली की लाइन को शिफ्ट करने की मांग को लेकर ही ग्रामीण करंट से झुलसी मासूम बच्ची को लेकर बिजली घर पहुंचे थे। लेकिन जेई नहीं मिलने से उनकी कोई बात नहीं हो पाई। शिकायत करने वालों में सुनील यादव, जीतपाल सिंह, राम दिनेश, रामदास, नेम सिंह, सौरभ, उदयवीर, प्रेमपाल, प्रकाश, कमलेश, नेमवती, पूनम, सुषमा, अनीता, हरवेश कुमार, रजनीश, हरिओम, श्रीपाल, दुर्वेश और श्रीनिवास शामिल हैं। ऋषिपाल सिंह ने कहा कि गांव में बिजली के करंट से कई हादसे हो चुके हैं अभी भी दो-तीन बच्चों को करंट ने पकड़ लिया था। छत के ऊपर से होकर लाइन गुजर रही है।

