रेशमी मेटालिक कंपनी के खिलाफ आदिवासियों ने NH-99 किया जाम:फर्जी मुकदमे दर्ज होने के आरोप में हजारों ग्रामीण अड़े, कंपनी प्रबंधन को बुलाने की मांग

रेशमी मेटालिक कंपनी के खिलाफ आदिवासियों ने NH-99 किया जाम:फर्जी मुकदमे दर्ज होने के आरोप में हजारों ग्रामीण अड़े, कंपनी प्रबंधन को बुलाने की मांग

लातेहार में रेशमी मेटालिक कंपनी के खिलाफ हजारों ग्रामीणों ने शुक्रवार को चंदवा-बालूमाथ NH-99 जाम कर दिया। ग्रामीण कंपनी पर फर्जी मुकदमे दर्ज कराने का आरोप लगा रहे हैं। प्रदर्शनकारी कंपनी प्रबंधन को मौके पर बुलाने और दर्ज FIR वापस लेने की मांग पर अड़े हैं। राष्ट्रीय राजमार्ग पर चार घंटे तक आवागमन ठप रहा। ग्रामीणों ने बताया कि कंपनी गांव में ग्रामसभा की अनुमति के बिना ड्रोन सर्वे कर रही थी। जब ग्रामीणों ने इसका विरोध किया, तो कंपनी प्रबंधन ने कई लोगों के खिलाफ FIR दर्ज करा दी। ग्रामीणों का कहना है कि ग्रामसभा की सहमति के बिना ड्रोन उड़ाने का विरोध करने पर उन्हें केस में फंसाया जा रहा है। शंकर उरांव, पूर्व मुखिया विकास भगत, रामचंद्र भगत और संजीव कुमार समेत कई ग्रामीण इस विरोध प्रदर्शन में शामिल थे। उनकी मुख्य मांग है कि कंपनी प्रबंधन मौके पर आकर अपना पक्ष रखे और ग्रामीणों पर दर्ज सभी FIR तुरंत वापस ले। ग्रामीणों का जोर है कि गांव से जुड़े किसी भी काम में ग्रामसभा की सहमति जरूरी है। प्रशासन ने संभाला मोर्चा
सड़क जाम की सूचना मिलने पर पुनि सह थाना प्रभारी मनोरंजन प्रसाद सिंह और सीआई गोविंदा कुमार गुप्ता के नेतृत्व में प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों से बातचीत कर उन्हें समझाने तथा मामले का समाधान निकालने का प्रयास किया। हालांकि, ग्रामीण अपनी मांगों पर अड़े रहे। समाचार लिखे जाने तक NH-99 पर जाम जारी था और प्रशासन ग्रामीणों से वार्ता कर आवागमन बहाल कराने की कोशिश में जुटा था। सड़क जाम के कारण दोनों और से लंबी कतार लगी है। लातेहार में रेशमी मेटालिक कंपनी के खिलाफ हजारों ग्रामीणों ने शुक्रवार को चंदवा-बालूमाथ NH-99 जाम कर दिया। ग्रामीण कंपनी पर फर्जी मुकदमे दर्ज कराने का आरोप लगा रहे हैं। प्रदर्शनकारी कंपनी प्रबंधन को मौके पर बुलाने और दर्ज FIR वापस लेने की मांग पर अड़े हैं। राष्ट्रीय राजमार्ग पर चार घंटे तक आवागमन ठप रहा। ग्रामीणों ने बताया कि कंपनी गांव में ग्रामसभा की अनुमति के बिना ड्रोन सर्वे कर रही थी। जब ग्रामीणों ने इसका विरोध किया, तो कंपनी प्रबंधन ने कई लोगों के खिलाफ FIR दर्ज करा दी। ग्रामीणों का कहना है कि ग्रामसभा की सहमति के बिना ड्रोन उड़ाने का विरोध करने पर उन्हें केस में फंसाया जा रहा है। शंकर उरांव, पूर्व मुखिया विकास भगत, रामचंद्र भगत और संजीव कुमार समेत कई ग्रामीण इस विरोध प्रदर्शन में शामिल थे। उनकी मुख्य मांग है कि कंपनी प्रबंधन मौके पर आकर अपना पक्ष रखे और ग्रामीणों पर दर्ज सभी FIR तुरंत वापस ले। ग्रामीणों का जोर है कि गांव से जुड़े किसी भी काम में ग्रामसभा की सहमति जरूरी है। प्रशासन ने संभाला मोर्चा
सड़क जाम की सूचना मिलने पर पुनि सह थाना प्रभारी मनोरंजन प्रसाद सिंह और सीआई गोविंदा कुमार गुप्ता के नेतृत्व में प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों से बातचीत कर उन्हें समझाने तथा मामले का समाधान निकालने का प्रयास किया। हालांकि, ग्रामीण अपनी मांगों पर अड़े रहे। समाचार लिखे जाने तक NH-99 पर जाम जारी था और प्रशासन ग्रामीणों से वार्ता कर आवागमन बहाल कराने की कोशिश में जुटा था। सड़क जाम के कारण दोनों और से लंबी कतार लगी है।  

​

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *