रावण का 90 फीट का बन रहा पुतला:ढांचा मणिपुर से पटना आ रहा है, पहली बार दिल्ली के कलाकार करेंगे रामलीला का मंचन

रावण का 90 फीट का बन रहा पुतला:ढांचा मणिपुर से पटना आ रहा है, पहली बार दिल्ली के कलाकार करेंगे रामलीला का मंचन

गांधी मैदान में 11 से 21 अक्टूबर तक श्री रामलीला महोत्सव का आयोजन होगा। महोत्सव में पहली बार दिल्ली के सांस्कृतिक कला संगम के कलाकार रामलीला का मंचन करेंगे। इस बार रावण का 90 फीट, मेघनाथ का 85 फीट और कुंभकर्ण का 80 फीट ऊंचा पुतला आकर्षण का केंद्र रहेगा। साउथ इंडियन स्टाइल और राजस्थानी थीम पर पुतले तैयार किए जाएंगे। रावण के पुतले के लिए ढांचा मणिपुर से पटना आ रहा है। 20 अक्टूबर को 8 लोगों की टीम एक साथ भव्य आतिशबाजी करेगी। बैकग्राउंड में एलईडी स्क्रीन और स्पेशल इफेक्ट्स से रामलीला के दृश्य और जीवंत होंगे। पटना में पहली बार रामलीला में इस तकनीक के इस्तेमाल की तैयारी है। कार्यक्रम श्री दशहरा कमेटी ट्रस्ट की ओर से होगा। ये सारी जानकारियां श्री दशहरा कमेटी ने पीसी कर बताई है। नीतीश कुमार करेंगे महोत्सव का उद्घाटन ट्रस्ट के चेयरमैन कमल नोपानी ने बताया कि 11 अक्टूबर को शाम 4 बजे महोत्सव का उद्घाटन बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार करेंगे। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार, कला एवं संस्कृति मंत्री डॉ. प्रमोद कुमार सहित अन्य उपस्थित रहेंगे। उन्होंने कहा कि रामलीला जैसे सांस्कृतिक आयोजन समाज में अच्छे मूल्यों और आदर्शों को स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
1955 से चली आ रही परंपरा का यह 71वां वर्ष ट्रस्ट के अध्यक्ष अरुण कुमार की ओर से महोत्सव की तैयारियों और कार्यक्रमों की जानकारी दी गई। उन्होंने बताया कि 1955 से चली आ रही परंपरा का यह 71वां वर्ष है। इस बार महोत्सव को भव्य स्वरूप दिया जा रहा है। आयोजन का उद्देश्य भारतीय संस्कृति, परंपरा और भगवान श्रीराम के आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाना है। पहले 4 दिन रामलीला के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रम ट्रस्ट के वरिष्ठ उपाध्यक्ष मुकेश नंदन ने बताया कि 11 से 14 अक्टूबर तक शाम चार बजे से रामलीला का मंचन होगा। शाम छह बजे से गीत-संगीत, नृत्य और अन्य सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इन कार्यक्रमों में देश के चर्चित कलाकार अपनी प्रस्तुति देंगे। वहीं, 15 से 19 अक्टूबर तक रोज शाम 6 बजे से रामलीला का मंचन होगा।
आगरा के कलाकार पुतलों को बना रहे हैं रामलीला महोत्सव के संयोजक आशु गुप्ता ने बताया कि दिल्ली के सांस्कृतिक कला संगम के कलाकार रामायण के विभिन्न प्रसंगों का मंचन करेंगे। रावण दहन कार्यक्रम के संयोजक मनीष सिन्हा ने बताया कि तीनों पुतलों का निर्माण आगरा के अनुभवी कलाकार कर रहे हैं। 20 अक्टूबर को शाम चार बजे रावण दहन कार्यक्रम शुरू होगा। आतिशबाजी भी आयोजन का प्रमुख आकर्षण रहेगी। गांधी मैदान में मां पटन देवी के दर्शन का अवसर महोत्सव के दौरान श्रद्धालुओं को मां पटन देवी के विग्रह के दर्शन और पूजन का अवसर भी मिलेगा। शिशिर कुमार और डॉ. अजय प्रकाश के संयोजन में गांधी मैदान के मुख्य पंडाल के पास मां पटन देवी के विग्रह को स्थापित किया जा रहा है। इससे महोत्सव में आने वाले श्रद्धालु धार्मिक अनुष्ठानों में भी शामिल हो सकेंगे।
21 अक्टूबर को होगा भरत मिलाप ट्रस्ट के महासचिव प्रिंस कुमार राजू ने बताया कि महोत्सव की तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी हैं। ट्रस्ट के पदाधिकारी, सदस्य और युवा कार्यकर्ता आयोजन को भव्य और व्यवस्थित बनाने में जुटे हैं। कोषाध्यक्ष डॉ. धनंजय कुमार ने कहा कि समाज के सहयोग से यह गौरवशाली परंपरा लगातार आगे बढ़ रही है। उन्होंने लोगों से महोत्सव में शामिल होकर भारतीय संस्कृति की इस परंपरा का हिस्सा बनने की अपील की। गांधी मैदान में 11 से 21 अक्टूबर तक श्री रामलीला महोत्सव का आयोजन होगा। महोत्सव में पहली बार दिल्ली के सांस्कृतिक कला संगम के कलाकार रामलीला का मंचन करेंगे। इस बार रावण का 90 फीट, मेघनाथ का 85 फीट और कुंभकर्ण का 80 फीट ऊंचा पुतला आकर्षण का केंद्र रहेगा। साउथ इंडियन स्टाइल और राजस्थानी थीम पर पुतले तैयार किए जाएंगे। रावण के पुतले के लिए ढांचा मणिपुर से पटना आ रहा है। 20 अक्टूबर को 8 लोगों की टीम एक साथ भव्य आतिशबाजी करेगी। बैकग्राउंड में एलईडी स्क्रीन और स्पेशल इफेक्ट्स से रामलीला के दृश्य और जीवंत होंगे। पटना में पहली बार रामलीला में इस तकनीक के इस्तेमाल की तैयारी है। कार्यक्रम श्री दशहरा कमेटी ट्रस्ट की ओर से होगा। ये सारी जानकारियां श्री दशहरा कमेटी ने पीसी कर बताई है। नीतीश कुमार करेंगे महोत्सव का उद्घाटन ट्रस्ट के चेयरमैन कमल नोपानी ने बताया कि 11 अक्टूबर को शाम 4 बजे महोत्सव का उद्घाटन बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार करेंगे। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार, कला एवं संस्कृति मंत्री डॉ. प्रमोद कुमार सहित अन्य उपस्थित रहेंगे। उन्होंने कहा कि रामलीला जैसे सांस्कृतिक आयोजन समाज में अच्छे मूल्यों और आदर्शों को स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
1955 से चली आ रही परंपरा का यह 71वां वर्ष ट्रस्ट के अध्यक्ष अरुण कुमार की ओर से महोत्सव की तैयारियों और कार्यक्रमों की जानकारी दी गई। उन्होंने बताया कि 1955 से चली आ रही परंपरा का यह 71वां वर्ष है। इस बार महोत्सव को भव्य स्वरूप दिया जा रहा है। आयोजन का उद्देश्य भारतीय संस्कृति, परंपरा और भगवान श्रीराम के आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाना है। पहले 4 दिन रामलीला के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रम ट्रस्ट के वरिष्ठ उपाध्यक्ष मुकेश नंदन ने बताया कि 11 से 14 अक्टूबर तक शाम चार बजे से रामलीला का मंचन होगा। शाम छह बजे से गीत-संगीत, नृत्य और अन्य सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इन कार्यक्रमों में देश के चर्चित कलाकार अपनी प्रस्तुति देंगे। वहीं, 15 से 19 अक्टूबर तक रोज शाम 6 बजे से रामलीला का मंचन होगा।
आगरा के कलाकार पुतलों को बना रहे हैं रामलीला महोत्सव के संयोजक आशु गुप्ता ने बताया कि दिल्ली के सांस्कृतिक कला संगम के कलाकार रामायण के विभिन्न प्रसंगों का मंचन करेंगे। रावण दहन कार्यक्रम के संयोजक मनीष सिन्हा ने बताया कि तीनों पुतलों का निर्माण आगरा के अनुभवी कलाकार कर रहे हैं। 20 अक्टूबर को शाम चार बजे रावण दहन कार्यक्रम शुरू होगा। आतिशबाजी भी आयोजन का प्रमुख आकर्षण रहेगी। गांधी मैदान में मां पटन देवी के दर्शन का अवसर महोत्सव के दौरान श्रद्धालुओं को मां पटन देवी के विग्रह के दर्शन और पूजन का अवसर भी मिलेगा। शिशिर कुमार और डॉ. अजय प्रकाश के संयोजन में गांधी मैदान के मुख्य पंडाल के पास मां पटन देवी के विग्रह को स्थापित किया जा रहा है। इससे महोत्सव में आने वाले श्रद्धालु धार्मिक अनुष्ठानों में भी शामिल हो सकेंगे।
21 अक्टूबर को होगा भरत मिलाप ट्रस्ट के महासचिव प्रिंस कुमार राजू ने बताया कि महोत्सव की तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी हैं। ट्रस्ट के पदाधिकारी, सदस्य और युवा कार्यकर्ता आयोजन को भव्य और व्यवस्थित बनाने में जुटे हैं। कोषाध्यक्ष डॉ. धनंजय कुमार ने कहा कि समाज के सहयोग से यह गौरवशाली परंपरा लगातार आगे बढ़ रही है। उन्होंने लोगों से महोत्सव में शामिल होकर भारतीय संस्कृति की इस परंपरा का हिस्सा बनने की अपील की।  

​

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *