मुजफ्फरपुर में बुधवार दोपहर युवक का अपहरण हुआ था। पुलिस ने यूपी पुलिस के सहयोग से पीड़ित चंदन कुमार को बलिया से सकुशल बरामद कर लिया है। अंतरराज्यीय गिरोह से जुड़े चार अपराधियों को गिरफ्तार भी किया है। वारदात में इस्तेमाली कार भी जब्त की है। तकनीकी निगरानी (सर्विलांस) से पता चला कि अपराधी चंदन को मुजफ्फरपुर से पहले ऑटो और फिर कार में बैठाकर उत्तर प्रदेश ले गए थे। वे बलिया में रहकर व्हाट्सएप कॉल के जरिए ₹10 लाख की फिरौती मांग रहे थे। घटना मिठनपुरा थाना क्षेत्र की है। वीडियो कॉल पर पत्नी से मांगी थी फिरौती पीड़ित की पत्नी श्वेता कुमारी ने पुलिस को बताया था कि चंदन को कुछ बदमाशों ने किडनैप कर लिया है। अपराधी ने व्हाट्सएप वीडियो कॉल कर 10 लाख रुपए की फिलौती मांगी थी। जिसे श्वेता ने वीडियो कॉलिंग को रिकॉर्ड कर लिया था। जिसे सबूत के तौर पर पुलिस को दिया था। जिसके बाद एसडीपीओ (नगर) सुरेश कुमार के नेतृत्व में एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया। टीम ने वैज्ञानिक अनुसंधान, तकनीकी साक्ष्यों और मानवीय सूचनाओं के आधार पर त्वरित कार्रवाई की। इनकी हुई गिरफ्तारी गिरफ्तार अपराधियों में वैशाली के सराय थाना क्षेत्र का रहने वाला सूरज कुमार, सारण के दिघवारा थाना क्षेत्र निवासी रौशन कुमार, समस्तीपुर के बंगड़ा थाना क्षेत्र का रहने वाला अभिषेक कुमार और कानपुर के पन्नी थाना क्षेत्र निवासी गौवर सिंह शामिल है। लिस सूत्रों के अनुसार, गिरफ्तार अपराधियों का नेटवर्क बिहार और उत्तर प्रदेश के कई जिलों में फैला हुआ है। इस गिरोह में बिहार के वैशाली, सारण, समस्तीपुर और यूपी के कानपुर के अपराधी शामिल हैं। पुलिस अब सभी अभियुक्तों के आपराधिक इतिहास को खंगाल रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि वे पहले किन-किन गंभीर कांडों में शामिल रहे हैं। मुजफ्फरपुर में बुधवार दोपहर युवक का अपहरण हुआ था। पुलिस ने यूपी पुलिस के सहयोग से पीड़ित चंदन कुमार को बलिया से सकुशल बरामद कर लिया है। अंतरराज्यीय गिरोह से जुड़े चार अपराधियों को गिरफ्तार भी किया है। वारदात में इस्तेमाली कार भी जब्त की है। तकनीकी निगरानी (सर्विलांस) से पता चला कि अपराधी चंदन को मुजफ्फरपुर से पहले ऑटो और फिर कार में बैठाकर उत्तर प्रदेश ले गए थे। वे बलिया में रहकर व्हाट्सएप कॉल के जरिए ₹10 लाख की फिरौती मांग रहे थे। घटना मिठनपुरा थाना क्षेत्र की है। वीडियो कॉल पर पत्नी से मांगी थी फिरौती पीड़ित की पत्नी श्वेता कुमारी ने पुलिस को बताया था कि चंदन को कुछ बदमाशों ने किडनैप कर लिया है। अपराधी ने व्हाट्सएप वीडियो कॉल कर 10 लाख रुपए की फिलौती मांगी थी। जिसे श्वेता ने वीडियो कॉलिंग को रिकॉर्ड कर लिया था। जिसे सबूत के तौर पर पुलिस को दिया था। जिसके बाद एसडीपीओ (नगर) सुरेश कुमार के नेतृत्व में एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया। टीम ने वैज्ञानिक अनुसंधान, तकनीकी साक्ष्यों और मानवीय सूचनाओं के आधार पर त्वरित कार्रवाई की। इनकी हुई गिरफ्तारी गिरफ्तार अपराधियों में वैशाली के सराय थाना क्षेत्र का रहने वाला सूरज कुमार, सारण के दिघवारा थाना क्षेत्र निवासी रौशन कुमार, समस्तीपुर के बंगड़ा थाना क्षेत्र का रहने वाला अभिषेक कुमार और कानपुर के पन्नी थाना क्षेत्र निवासी गौवर सिंह शामिल है। लिस सूत्रों के अनुसार, गिरफ्तार अपराधियों का नेटवर्क बिहार और उत्तर प्रदेश के कई जिलों में फैला हुआ है। इस गिरोह में बिहार के वैशाली, सारण, समस्तीपुर और यूपी के कानपुर के अपराधी शामिल हैं। पुलिस अब सभी अभियुक्तों के आपराधिक इतिहास को खंगाल रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि वे पहले किन-किन गंभीर कांडों में शामिल रहे हैं।

