भावनगर। गुजरात के भावनगर जिले में नकली शराब पीने से अब तक 4 लोगों की मौत हो गई है। वहीं 22 लोगों की हालत बिगड़ गई है। प्रभावितों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मृतकों में भावनगर जिले के उपेंद्रसिंह गोहिल, घनश्यामसिंह जडेजा सहित इंदौर के कार्तिक मकवाना और नरेंद्रसिंह यादव शामिल हैं। वहीं भावनगर शहर के भरतनगर, अकवाड़ा और तलाजा रोड के साथ-साथ घोघा तहसील के खरकड़ी, खाटड़ी, नाना खोखरा और देवगाना समेत कई इलाकों में भी लोगों की तबीयत बिगड़ने की जानकारी सामने आ रही है। इस घटना से हड़कंप मच गया है।
उज्जैन से लाई गई थी 28 पेटी शराब
भावनगर के पुलिस अधीक्षक नितेश पांडे ने बताया कि मामला एक ब्रांड की नकली शराब से जुड़ा है। उन्होंने जहरीली शराब की आशंका से इनकार किया है। पुलिस ने नकली शराब की सप्लाई और बिक्री से जुड़े चार लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि डुप्लीकेट शराब की 28 पेटियां मध्य प्रदेश के उज्जैन से भावनगर लाई गई थीं। पुलिस ने इनमें से 15 पेटियां जब्त कर ली हैं, जबकि बाकी 13 पेटियों की तलाश की जा रही है। जांच में यह भी सामने आया है कि नकली शराब की सप्लाई सूरत तक किए जाने की आशंका है। पुलिस अब सप्लाई चेन और इससे जुड़े अन्य लोगों का पता लगा रही है।
उप मुख्यमंत्री ने ली बैठक
घटना की गंभीरता को देखते हुए राज्य का गृह विभाग तुरंत सक्रिय हो गया। गुजरात के उप मुख्यमंत्री सह गृह मंत्री हर्ष संघवी ने अहमदाबाद एयरपोर्ट पर पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक की। इसके बाद मामले की जांच स्टेट मॉनिटरिंग सेल (एसएमसी) को सौंप दी गई। एसएमसी के पुलिस अधीक्षक मयूर सिंह चावड़ा भी भावनगर पहुंचे। उन्होंने स्थानीय पुलिस अधिकारियों के साथ जांच शुरू कर दी है। घोघा तहसील के खरकड़ी गांव में 16 अगस्त की रात सात दोस्तों ने साथ में शराब पी थी। इसके बाद उपेंद्रसिंह गोहिल और घनश्यामसिंह जडेजा की मौत हो गई। वहीं अन्य का अलग-अलग अस्पतालों में उपचार चल रहा है। घटना के बाद गांव में दहशत का माहौल है।
22 का अलग-अलग अस्पतालों में उपचार
प्रांत अधिकारी अक्षर व्यास के अनुसार 22 लोगों का विभिन्न अस्पतालों में इलाज चल रहा है। इनमें 12 मरीज भावनगर के सर टी अस्पताल, पांच आरोग्यम अस्पताल, एक बीआईएमएस और दो वेद अस्पताल के आईसीयू में भर्ती हैं। अधिकारियों के मुताबिक नरेंद्रसिंह यादव की अहमदाबाद की यात्रा का रिकॉर्ड सामने आया है। इसलिए उनकी मौत का वास्तविक कारण मेडिकल जांच के बाद स्पष्ट होगा। इंदौर निवासी कार्तिक मकवाना की मौत को भी फिलहाल संदिग्ध माना जा रहा है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि यदि किसी ने संदिग्ध या डुप्लीकेट शराब का सेवन किया है और तबीयत में किसी तरह की परेशानी महसूस हो रही है तो बिना देरी किए नजदीकी अस्पताल या मेडिकल सेंटर में उपचार कराएं।

