बच्चों को प्यूरी बनाकर खिलाना सही है या नहीं? जानें National Health Mission के अनुसार किस उम्र में कैसा खाना दें

बच्चों को प्यूरी बनाकर खिलाना सही है या नहीं? जानें National Health Mission के अनुसार किस उम्र में कैसा खाना दें

6 Months Baby Food Chart: सोशल मीडिया पर इन दिनों छोटे बच्चों को बहुत बारीक पीसकर खाना खिलाने के कई वीडियो लोग शेयर कर रहे हैं। जिसे देखकर कई माता पिता अपने बच्चे को खाना खिलाने का यह तरीका इस्तेमाल कर रहे हैं। लेकिन क्या बच्चे को इसी तरह पीसकर खाना देना सही है। आइए राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (National Health Mission) के अनुसार जानते हैं।

बच्चों को प्यूरी खिलाना गलत है?

बच्चे को शुरुआत में अच्छी तरह मसला हुआ और नरम भोजन देना गलत नहीं है। खासकर 6 से 8 महीने के शुरुआती दौर में नेशनल हेल्थ मिशन की गाइडलाइन के अनुसार खिचड़ी और अच्छी तरह मसले हुए भोजन से शुरुआत की जा सकती है। लेकिन बच्चे को मिक्सर में बिल्कुल पेस्ट बनाकर देना और उम्र बढ़ने के बाद भी हर भोजन इसी तरह देना सही तरीका नहीं है। बच्चे की उम्र बढ़ने के साथ भोजन की बनावट में बदलाव करना जरूरी है। इसलिए बच्चे की उम्र, खाने की क्षमता और विकास के अनुसार भोजन की बनावट और मात्रा में बदलाव करना जरूरी है।

6 महीने तक स्तनपान की सलाह

नेशनल हेल्थ मिशन की गाइडलाइन के अनुसार बच्चे को जन्म से छह महीने तक केवल स्तनपान कराने की सलाह दी गई है। छह महीने पूरे होने के बाद बच्चे को स्तनपान के साथ अर्ध ठोस और नरम भोजन देना शुरू किया जा सकता है। शुरुआत में बच्चे को गाढ़ी खिचड़ी या अच्छी तरह मसला हुआ नरम भोजन दिया जा सकता है।

6 से 8 महीने की उम्र में बच्चे को दिन में 2 से 3 बार भोजन देने की सलाह दी जाती है। इसके साथ स्तनपान जारी रखना चाहिए। बच्चे की भूख के अनुसार स्नैक भी दिया जा सकता है। शुरुआत में 2 से 3 चम्मच भोजन से शुरू करके धीरे धीरे इसकी मात्रा बढ़ाई जा सकती है।

9 से 10 महीने में बदलाव करें

नेशनल हेल्थ मिशन की गाइडलाइन के अनुसार बच्चे की खाने की बनावट उसकी मंचिंग, चबाने और निगलने की क्षमता के अनुसार होनी चाहिए। करीब 7 से 9 महीने में भोजन को थोड़ा दानेदार दिया जा सकता है और 9 महीने के बाद बच्चे को फिंगर फूड भी दिया जा सकता है। बच्चे को अलग अलग स्वाद और बनावट से परिचित कराना जरूरी है।

9 से 11 महीने में कैसा खाना दें?

9-11 महीने के बच्चे को बारीक कटा हुआ या मसला हुआ भोजन के साथ ही ऐसा भोजन भी दिया जा सकता है जिसे बच्चा खुद हाथ से उठा सके। इस उम्र में बच्चे को दिन में 3 बार भोजन और 1 बार स्नैक दिया जा सकता है। साथ ही स्तनपान जारी रखना चाहिए।

डिस्क्लेमर: यह जानकारी National Health Mission की गाइडलाइन पर आधारित है। हर बच्चे की खाने की क्षमता और विकास अलग हो सकता है। बच्चे को भोजन देने से पहले उसकी उम्र और जरूरत के अनुसार डॉक्टर या स्वास्थ्य विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *