डोनाल्ड ट्रंप की धमकी पर ईरानी विदेश मंत्रालय का जवाब – ‘ऐसा कोई हथियार नहीं जो बातचीत और शांति की जगह ले सके’

डोनाल्ड ट्रंप की धमकी पर ईरानी विदेश मंत्रालय का जवाब – ‘ऐसा कोई हथियार नहीं जो बातचीत और शांति की जगह ले सके’

यूनाइटेड नेशन्स जनरल असेंबली – यूएनजीए (United Nations General Assembly – UNGA) के 81वें सत्र में मंगलवार को अमेरिका (United States of America) के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) ने अपने संबोधन में कहा कि उनके सामने एक बड़ा फैसला है, या तो ईरान के साथ डील की जाए, या फिर ईरान को पूरी तरह तबाह कर दिया जाए। ट्रंप की इस धमकी पर आईआरजीसी – इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC – Islamic Revolutionary Guard Corps) ने साफ कर दिया है कि अगर ईरान पर हमला किया गया, तो ज़बरदस्त और पहले से भी ज़्यादा घातक जवाबी कार्रवाई की जाएगी। इसी बीच अब ईरान के विदेश मंत्रालय की तरफ से बयान सामने आ गया है।

“ऐसा कोई हथियार नहीं जो बातचीत और शांति की जगह ले सके”

ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई (Esmaeil Baghaei) का कहना है कि बातचीत और शांति की जगह कोई हथियार नहीं ले सकता। ईरानी मीडिया एजेंसी के अनुसार बघाई ने कहा, “शांति का मतलब सिर्फ युद्ध न होना नहीं है; इसमें सुकून और समृद्धि भी शामिल है। दुश्मन के आक्रामक हथियारों की असरदार क्षमता को कम करने के मामले में बातचीत और शांति का मुकाबला कोई हथियार नहीं कर सकता।”

यह खबर अपडेट हो रही है…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *