कन्नोज के बहादुरपुर गांव की एक महिला ने रविवार सुबह जमीन की गलत पैमाइश और उस पर हो रहे निर्माण के विरोध में तहसील परिसर में बनी पानी की टंकी पर चढ़कर हंगामा कर दिया। महिला ने जमीन पर हो रहे निर्माण को रुकवाने और गलत पैमाइश करने वाले लेखपाल के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। सूचना मिलते ही तहसील प्रशासन और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंच गए। बहादुरपुर निवासी किरन राजपूत का आरोप है कि लेखपाल ने सड़क किनारे स्थित उनकी जमीन की गलत पैमाइश कर पास के एक दबंग व्यक्ति को कब्जा दिला दिया। इसके बाद उक्त व्यक्ति जमीन पर निर्माण कराने लगा। किरन का कहना है कि उन्होंने कई बार गलत पैमाइश की शिकायत की, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। इससे नाराज होकर वह रविवार सुबह करीब 10 बजे तहसील परिसर की पानी की टंकी पर चढ़ गईं। करीब दो घंटे तक महिला टंकी के ऊपर खड़ी रहीं। तहसील प्रशासन और पुलिस अधिकारियों ने उन्हें नीचे उतरने के लिए समझाया। बाद में तहसील प्रशासन और सीओ की ओर से लिखित आश्वासन दिए जाने पर वह नीचे उतर आईं। इसके बाद पुलिस ने उन्हें मेडिकल कॉलेज भेज दिया। लेखपाल पर कार्रवाई और निर्माण रुकवाने की मांग किरन राजपूत का कहना था कि उनकी जमीन की पैमाइश गलत तरीके से की गई है। उनके मुताबिक, इसी गलत पैमाइश के आधार पर पास के व्यक्ति ने जमीन पर कब्जा कर लिया और अब वहां निर्माण कराया जा रहा है। उन्होंने निर्माण तत्काल रुकवाने, जमीन की दोबारा पैमाइश कराने और संबंधित लेखपाल पर कार्रवाई की मांग की। नायब तहसीलदार और पुलिस अधिकारी पहुंचे मौके पर महिला के टंकी पर चढ़ने की सूचना मिलते ही नायब तहसीलदार अमित पाठक और सतीश कनौजिया मौके पर पहुंचे। उन्होंने महिला को समझाकर नीचे उतारने का प्रयास किया। इसके बाद सीओ कुलवीर सिंह और कोतवाल संजय कुमार शुक्ला भी भारी पुलिस बल के साथ पहुंच गए। नायब तहसीलदार ने अनाउंसमेंट कर महिला से नीचे उतरने की अपील की। महिला अपनी मांगों को तहसील प्रशासन को लिखित रूप में भी दे रही थी। करीब दो घंटे की समझाइश और लिखित आश्वासन के बाद वह टंकी से नीचे उतरी। धूप में दो घंटे रहने के बाद मेडिकल कॉलेज भेजा करीब दो घंटे तक धूप में टंकी के ऊपर रहने के कारण महिला की तबीयत बिगड़ने की आशंका जताई गई। इसके बाद पुलिस उसे इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज ले गई। निर्माण रुकवाया, दोबारा होगी जमीन की पैमाइश नायब तहसीलदार सतीश कनौजिया ने बताया कि जिस जमीन पर निर्माण कराया जा रहा था, उसे रुकवा दिया गया है। जमीन की दोबारा पैमाइश कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि यदि जमीन से जुड़ा मामला न्यायालय में विचाराधीन है तो न्यायालय का आदेश आने तक मौके पर यथास्थिति बनाए रखी जाएगी।

