WPL 2026 Scenarios: विमेंस प्रीमियर लीग 2026 का लीग चरण अब आखिरी दौर में है। 16 मुकाबलों के बाद अब प्लेऑफ की जंग तेज हो गई है। रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु पहले ही प्लेऑफ के लिए क्वालीफाई कर चुकी है। अब उसकी नजर सीधे फाइनल का टिकट हासिल करने पर होंगी। जबकि मुंबई इंडियंस, दिल्ली कैपिटल्स और गुजरात जायंट्स के साथ ही आखिरी पायदान पर खड़ी यूपी वॉरियर्स भी प्लेऑफ की दौड़ में बनी हुई है। आइये एक नजर डालते हैं, इन सभी टीमों के समीकरण पर-
रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु का एक मैच शेष
लगातार दो बड़े अंतर से हार के बावजूद आरसीबी की नजर अभी भी सीधे फाइनल का टिकट हासिल करने पर टिकी है। उसके भाग्य का फैसला उसी के हाथों में है। अगर वह अपने आखिरी लीग मुकाबले में यूपी वॉरियर्स को हरा देती है तो वह फाइनल में जगह पक्की कर लेगी। फिलहाल वह सबसे ज्यादा 10 पॉइंट्स के साथ शीर्ष पर है, एक मैच जीतते ही उसके 12 अंक हो जाएंगे, जहां तक किसी का भी पहुंच पाना मुमकिन नहीं है।
मुंबई इंडियंस का गणित
प्लेऑफ के लिए अन्य चार दावेदारों में मुंबई इंडियंस सबसे अच्छी स्थिति में है। मुंबई का आखिरी लीग मैच में गुजरात जायंट्स से है, जिसके खिलाफ उसका 8-0 का शानदार रिकॉर्ड है। एक और जीत उसे प्लेऑफ का टिकट दिला सकती है। फिलहाल मुंबई के सात मैचों के बाद तीन जीत के साथ 6 अंक हैं। उसके लिए एकमात्र तरीका यह है कि तीन टीमों के बीच आठ-आठ पॉइंट्स पर टाई हो जाए और वे नेट रन रेट के आधार पर पीछे रह जाएं, क्योंकि एमआई इस मामले में बाकी तीन दावेदारों की तुलना में मजबूत है। अगर एमआई जीजी से हार जाती है तो डीसी के बचे हुए दोनों मैच हारने और आरसीबी के यूपी को हराने की दुआ करनी होगी।
दिल्ली कैपिटल्स के समीकरण
दिल्ली कैपिटल्स की बात करें तो दो मैचों में दो जीत उसकी प्लेऑफ में जगह पक्की कर देगी। हालांकि एक जीत भी प्लेऑफ में पहुंचने के लिए काफी हो सकती है। अगर वह गुजरात को हरा देती है, लेकिन यूपी से हार जाती है, तो उन्हें यह सुनिश्चित करना होगा कि बाद वाले मैच में हार का अंतर ज्यादा न हो। अगर यूपी अपना दूसरा मैच आरसीबी से जीत जाती है। ऐसे में यूपी, दिल्ली और जीजी बनाम एमआई के आठ-आठ पॉइंट्स होंगे। ऐसे में सबकुछ नेट रन रेट पर निर्भर करेगा।
गुजरात जायंट्स के समीकरण
दिल्ली की तरह ही गुजरात का भाग्य भी काफी हद तक उसके हाथों में है और जैसा कि पहले बताया गया है। दो जीत प्लेऑफ में जगह पक्की कर देंगी। अगर वह डीसी को हरा देती है, लेकिन मुंबई से हार जाती है तो फिर मामला नेट रन रेट के आधार पर होगा। वहीं, अगर वह दोनों मैच हार गई तो टूर्नामेंट से बाहर हो जाएगी, क्योंकि उनके अगले दोनों विरोधी अभी छह पॉइंट्स के साथ उनके बराबर हैं।
यूपी वॉरियर्स का गणित
यूपी वॉरियर्स का नेट रन रेट पांचों टीमों में सबसे खराब है और वह चार अंकों के साथ सबसे निचले पायदान पर है। अगर वह अपने दोनों मैच जीत जाती है तो उसके आठ अंक होंगे। यह नेट रन रेट की परवाह किए बिना काफी होगा, लेकिन तभी जब गुजरात अपने बाकी दोनों मैच जीत जाए और एमआई और डीसी छह पॉइंट्स तक सीमित रहें।


