सहारनपुर के वैलेंटाइन डे के अवसर पर जहां एक ओर पश्चिमी संस्कृति का प्रभाव देखने को मिला, वहीं दूसरी ओर लेबर कॉलोनी स्थित भगवती देवी मेमोरियल पब्लिक स्कूल (बीडीएम) में भारतीय संस्कृति को बढ़ावा देने के उद्देश्य से मातृ-पितृ पूजन कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन श्री योग वेदांत सेवा समिति द्वारा किया गया। कार्यक्रम में सभी विद्यार्थी अपने-अपने अभिभावकों के साथ उपस्थित रहे। बच्चों ने फूल-मालाओं से सजी थालियों में दीप प्रज्वलित कर विधि-विधान से माता-पिता की पूजा-अर्चना की। पूरा परिसर भारतीय संस्कृति और सभ्यता के रंग में रंगा नजर आया। पूजन कार्यक्रम में विशेष रूप से लक्ष्य मलिक ने अपने पिता शिक्षक नेता डॉ.अशोक मलिक का पूजन किया। मान्यता प्राप्त विद्यालय शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष डॉ.अशोक मलिक ने कहा-आज का समय महाभारत के युद्ध से कम नहीं है। बुराई का शस्त्र वैलेंटाइन डे है तो अच्छाई का शस्त्र मातृ-पितृ पूजन है। भारतीय संस्कृति और सभ्यता को बचाए रखना आज एक बड़ी चुनौती बन चुका है। पाश्चात्य संस्कृति का प्रभाव तेजी से हमारे देश में फैल रहा है, जो दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि स्कूलों में संस्कारिक शिक्षा से ही बच्चों का सर्वांगीण विकास संभव है। हमारा उद्देश्य अंग्रेजीयत की पौध को सींचना नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति और सभ्यता के दायरे में रहकर बच्चों को अंग्रेजी का ज्ञान देना होना चाहिए। इस अवसर पर समिति के सेवादारों में राजेश्वर सैनी, डॉ.सुशील धीमान, धनुराम शर्मा, एस.कांबोज, रविंदर धीमान, यशपाल, सुशील कुमार, शशि बाला और पूनम सैनी का विशेष सहयोग रहा। कार्यक्रम में मान्यता प्राप्त विद्यालय शिक्षक संघ के मंडल अध्यक्ष अशोक सैनी, महामंत्री हंस कुमार, सरिता, डिंपल चौधरी, मीनू, मंजू, रविंद्र, शरद, अनंत वैभव, अनिल सचदेवा, अमरीश शर्मा, हरेंद्र कुमार, जोरा सिंह, कुमारी शिवानी, कुमारी मुस्कान, सुनीता देवी और राजन डबराल समेत अनेक गणमान्य लोग मौजूद रहे।


