ईरान के सेना कमांडर मेजर जनरल अमीर हातमी ने विदेशी धमकियों के जवाब में सैन्य कार्रवाई की चेतावनी दी है। ट्रम्प ने हाल ही में कहा था कि अगर ईरान की सेनाएं शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों पर हिंसा करेंगी या उन्हें मारेंगी, तो अमेरिका हस्तक्षेप करने के लिए तैयार है। हातमी ने सैन्य अकादमी के छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि ईरान के खिलाफ इस तरह की बढ़ती बयानबाजी को बिना जवाब नहीं छोड़ा जाएगा। फॉक्स न्यूज के अनुसार उन्होंने जोर देकर कहा कि ईरान की सशस्त्र सेनाएं अब पहले की तुलना में ज्यादा तैयार हैं। अगर कोई दुश्मन गलती करेगा, तो उसका ज्यादा निर्णायक जवाब दिया जाएगा। दरअसल, ईरान में आर्थिक संकट, महंगाई और सरकारी नीतियों के खिलाफ एक सप्ताह से ज्यादा समय से प्रदर्शन चल रहे हैं और देश के कई हिस्सों में फैल चुके हैं। सरकार ने कुछ आर्थिक राहत जैसे नई सब्सिडी की घोषणा की है, लेकिन प्रदर्शन थम नहीं रहे हैं। ईरान इन प्रदर्शनों को आंतरिक मामला मानता है और विदेशी हस्तक्षेप को राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा बता रहा है। इसके अलावा, ईरान के संयुक्त राष्ट्र में राजदूत अमीर सईद इरावानी ने यूएन महासचिव और सुरक्षा परिषद के अध्यक्ष को पत्र लिखकर ट्रम्प की टिप्पणियों को गैरकानूनी बताते हुए इसकी निंदा करने की मांग की है। वहीं, ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के सचिव अली लारीजानी ने चेतावनी दी कि अमेरिकी हस्तक्षेप पूरे क्षेत्र में अराजकता पैदा करेगा और अमेरिकी हितों को नष्ट कर देगा। अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें… अमेरिकी अधिकारी ने कार सवार महिला को गोली मारी, मौत:वीडियो वायरल, ट्रम्प बोले- यह डरावना, लेकिन अधिकारी का बचाव किया; इलाके में प्रदर्शन शुरू अमेरिका के मिनियापोलिस शहर में बुधवार को इमिग्रेशन एंड कस्टम्स एनफोर्समेंट (ICE) के एक एजेंट ने कार सवार महिला को गोली मार दी, जिससे उसकी मौत हो गई। महिला की पहचान रेनी गुड (37) के तौर पर हुई है। वह तीन बच्चों की मां थीं। अमेरिकी गृह सुरक्षा विभाग (DHS) के मुताबिक महिला ने अधिकारियों को कार से टक्कर मारने की कोशिश की थी, जिसके बाद एजेंट ने कार्रवाई की। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ICE एजेंट का बचाव किया है। उन्होंने दावा किया कि महिला ने जानबूझकर अधिकारी को निशाना बनाया। शूटिंग के वीडियो पर प्रतिक्रिया देते हुए ट्रम्प ने कहा, ” वीडियो बेहद डरावना है।” पूरी खबर पढ़ें… रूस के खिलाफ नए प्रतिबंध बिल को ट्रम्प की मंजूरी: भारत जैसे देशों पर 500% टैरिफ का खतरा; अगले हफ्ते संसद में वोटिंग अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने रूस के खिलाफ कड़े प्रतिबंधों से जुड़े एक बिल को मंजूरी दे दी है। इकोनॉमिक टाइम्स के मुताबिक इस बिल में रूस से तेल खरीदने वाले देशों खासकर भारत, चीन और ब्राजील पर 500% तक टैरिफ लगाने का प्रावधान है। रिपब्लिकन सीनेटर लिंडसे ग्राहम ने बताया कि बुधवार को व्हाइट हाउस में उनकी ट्रम्प से मुलाकात हुई, जिसमें राष्ट्रपति ने बिल को हरी झंडी दे दी। यह बिल पिछले कई महीनों से तैयार किया जा रहा था। इसे अगले हफ्ते संसद में वोटिंग के लिए लाया जा सकता है। इस बिल का नाम ‘सेंक्शनिंग ऑफ रशिया एक्ट 2025’ है। इसका मकसद उन देशों पर दबाव बनाना है, जो यूक्रेन युद्ध के बीच रूस से सस्ता कच्चा तेल खरीद रहे हैं। अमेरिका का आरोप है कि इससे रूस को युद्ध लड़ने में मदद मिल रही है। पूरी खबर पढ़ें… भारत के सत्य साईं वेनेजुएला में घर-घर मशहूर कैसे हुए: राष्ट्रपति मादुरो भी भक्त थे, बाबा के निधन पर देश में राजकीय शोक था वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की गिरफ्तारी के बाद सोशल मीडिया पर उनकी सत्य साई बाबा के साथ एक तस्वीरें वायरल है। 2005 की इस तस्वीर में मादुरो अपनी पत्नी सिलिया फ्लोरेस के साथ सत्य साईं बाबा के सामने जमीन पर बैठे हुए हैं। मादुरो का जन्म एक कैथोलिक परिवार में हुआ था और वेनेजुएला भी ईसाई बहुल देश है, लेकिन इसके बावजूद वे सत्य साईं बाबा के भक्त माने जाते हैं। इसके बाद सोशल मीडिया पर वेनेजुएला की वर्तमान उपराष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज का भी वीडियो वायरल हुआ, जिसमें वो बाबा के आश्रम में दर्शन करती नजर आ रही हैं। ऐसे में यह सवाल भी उठ रहा है कि ईसाई बहुल वेनेजुएला के कई हाई प्रोफाइल और ताकतवर लोग सत्य साई बाबा के भक्त कैसे बने। पूरी खबर पढ़ें…
वर्ल्ड अपडेट्स:ट्रम्प की धमकी के बाद ईरान के आर्मी चीफ ने सैन्य कार्रवाई की चेतावनी दी; बोले- दुश्मनों को जवाब देंगे


