सरसों-चना की खरीद 1 अप्रेल से संभावित, रजिस्ट्रेशन शुरू नहीं होने से किसान परेशान
बस्सी. जयपुर ग्रामीण जिले के बस्सी, चाकसू क्षेत्र सहित आसपास के समर्थन मूल्य खरीद केन्द्रों पर गेहूं की खरीद अब 16 मार्च से शुरू होने की उम्मीद जताई जा रही है। पहले सरकार की ओर से गेहूं की खरीद 10 मार्च से शुरू करने के आदेश जारी किए गए थे, लेकिन व्यवस्थाओं के कारण अब इसे आगे बढ़ाकर 16 मार्च से शुरू करने की तैयारी की जा रही है। इधर सरसों और चने की समर्थन मूल्य पर खरीद 1 अप्रेल से शुरू होने की संभावना बताई जा रही है।
सहकारी समितियों एवं एफसीआई से जुड़े सूत्रों के अनुसार गेहूं की खरीद को लेकर अधिकांश तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। किसानों के ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन पहले से ही शुरू हो चुके हैं, जिससे कई किसानों ने रजिस्ट्रेशन करवा लिया तो कई किसान अपनी उपज समर्थन मूल्य पर बेचने के लिए पंजीयन करवा रहे हैं। हालांकि खरीद शुरू होने में देरी से किसानों को इंतजार करना पड़ रहा है।
सरसों-चना के रजिस्ट्रेशन का इंतजार::::
वहीं सरसों और चने की फसल को लेकर किसानों की चिंता और बढ़ गई है। अभी तक इन दोनों जिंसों की समर्थन मूल्य पर खरीद के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन शुरू नहीं किए गए हैं। ऐसे में किसान यह समझ नहीं पा रहे कि वे अपनी उपज कहां और कब बेच पाएंगे।
सूत्रों के अनुसार सरसों और चने की खरीद के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया करीब 20 मार्च से शुरू होने की संभावना है। इसके बाद 1 अप्रेल से समर्थन मूल्य केन्द्रों पर इन जिंसों की खरीद शुरू की जा सकती है। यदि ऐसा होता है तो किसानों को कुछ राहत मिल सकती है।
औने-पौने दामों में बेचनी पड़ रही उपज::::
समर्थन मूल्य पर खरीद शुरू नहीं होने से किसान फिलहाल अपनी उपज स्थानीय व्यापारियों और मंडियों में औने-पौने दामों में बेचने को मजबूर हैं। सरसों की फसल इन दिनों बड़ी मात्रा में मंडियों में पहुंच रही है, लेकिन उचित मूल्य नहीं मिलने से किसानों को नुकसान उठाना पड़ रहा है। किसानों का कहना है कि यदि सरकार समय पर समर्थन मूल्य पर खरीद शुरू कर दे तो उन्हें अपनी उपज का सही दाम मिल सकता है। लेकिन खरीद शुरू होने में देरी के कारण उन्हें मजबूरी में फसल बेचनी पड़ रही है।
समर्थन मूल्य से मिल सकता है बेहतर लाभ::::
यदि किसानों की उपज सीधे समर्थन मूल्य खरीद केन्द्रों पर बिकती है तो उन्हें मंडी के मुकाबले अधिक लाभ मिल सकता है। समर्थन मूल्य पर सरकार तय दर से खरीद करती है, जिससे किसानों को बाजार में होने वाले उतार-चढ़ाव से राहत मिलती है।
बस्सी क्षेत्र के कई किसानों ने बताया कि सरसों और चने की फसल इस बार अच्छी हुई है, लेकिन खरीद शुरू नहीं होने से उनकी चिंता बढ़ रही है। किसानों का कहना है कि सरकार को जल्द से जल्द रजिस्ट्रेशन शुरू कर खरीद प्रक्रिया प्रारंभ करनी चाहिए ताकि उन्हें उचित मूल्य मिल सके।
तैयारियों में जुटी है एफसीआई:::::
इधर एफसीआई गेहूं खरीद केन्द्रों की व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने की प्रक्रिया चल रही है। खरीद केन्द्रों पर तौल, बारदाना, भंडारण और परिवहन की व्यवस्थाओं को लेकर तैयारियां की जा रही हैं। एससीआई के किश्म निरीक्षक रविन्द्र मीना ने बताया कि निर्धारित तिथि से खरीद प्रक्रिया सुचारू रूप से शुरू कराने के प्रयास किए जा रहे हैं।
किसानों और व्यापारियों की नजर अब 16 मार्च और 1 अप्रेल की संभावित तिथियों पर टिकी हुई है। यदि तय कार्यक्रम के अनुसार खरीद शुरू होती है तो क्षेत्र के बड़ी संख्या में किसानों को राहत मिल सकती है और उन्हें अपनी उपज का बेहतर मूल्य मिलने की उम्मीद है। (कासं )


