औरैया में समाजसेवी संगठन ‘एक विचित्र पहल सेवा समिति’ द्वारा संचालित निःशुल्क वस्त्र बैंक ‘नेकी की दीवार’ का रविवार, 25 जनवरी को समापन हो गया। अटल आश्रय गृह में दो माह तक चले इस अभियान के तहत जरूरतमंदों, बेसहारा लोगों, महिलाओं और बच्चों को वस्त्र, कंबल तथा नए ऊनी कपड़े वितरित किए गए। समिति के संस्थापक आनंद नाथ गुप्ता एडवोकेट ने बताया कि अटल आश्रय गृह में जन सहयोग से पिछले 10 वर्षों से सर्द ऋतु में निःशुल्क वस्त्र बैंक का संचालन किया जा रहा है। इसका मुख्य उद्देश्य जरूरतमंदों और बेसहारा लोगों की सहायता करना है। पहले 5 तस्वीरें देखिए… इस वर्ष एक विशेष अभियान चलाया गया, जिसके तहत खुले आसमान के नीचे जीवन यापन करने वाले जरूरतमंदों, वृद्ध महिलाओं और बच्चों को ऊनी वस्त्र वितरित किए गए। इससे उन्हें ठंड से काफी राहत मिली। दानदाताओं से प्राप्त संग्रह वस्त्रों के अतिरिक्त, नए स्वेटर, कैप और कार्डिगन जैसे ऊनी वस्त्र भी बांटे गए। गुप्ता ने आगे बताया कि ऐसे जरूरतमंद जिनके पास रहने के लिए छत नहीं है, उनके लिए विशेष अभियान चलाकर पात्रों को चिह्नित किया गया। इन लोगों को कंबल, ऊनी वस्त्र, मोजे, जैकेट, कैप, कोट और कार्डिगन जैसी आवश्यक सामग्री वितरित की गई, जिससे उन्हें काफी सुविधा मिली। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जनहित को ध्यान में रखते हुए, जरूरतमंदों के लिए यह कार्यक्रम प्रति वर्ष सर्द ऋतु में जारी रहेगा। इस आयोजन में ‘सखी ग्रुप’ की सदस्य साधना पुरवार, सेवानिवृत्त बैंककर्मी शेखर गुप्ता और तेज बहादुर वर्मा, डॉ. शिव कुमार सोनी, हरगोविंद तिवारी, विनय पुरवार, ऋषि पोरवाल, संतोष कुशवाहा, भाजपा नेता दीपक सोनी, संजय अग्रवाल, विनोद पोरवाल, राम आसरे गुप्ता, सभासद विवेक (कुल्लन), हिमांशु दुबे, पवन कुमार बिश्नोई, जय नारायण सिंह, सुधीर कुमार और सतीश सहित कई लोगों का सराहनीय योगदान रहा।


