हजारीबाग जिले के कटकमसांडी प्रखंड अंतर्गत गदोखर गांव में रामनवमी जुलूस के दौरान दो पक्षों के बीच हुई हिंसक झड़प हुई। जुलूस के दौरान किसी बात को लेकर शुरू हुआ विवाद देखते ही देखते मारपीट में बदल गया। इसी दौरान गदोखर पंचायत के मुखिया के भाई राम कुमार साव उर्फ रामा साव (करीब 40 वर्ष) पर धारदार हथियार से हमला कर दिया गया। घटना के बाद जुलूस में अफरा-तफरी मच गई। हमले में गंभीर रूप से घायल राम साव को आनन-फानन में शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। मौत की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। प्रशासन अलर्ट, आरोपियों की तलाश तेज घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन हरकत में आ गया। देर रात कटकमसांडी के अंचलाधिकारी अनिल कुमार गुप्ता, पेलावल थाना प्रभारी वेदप्रकाश पांडेय और कोर्रा थाना प्रभारी अजीत कुमार सहित कई पुलिस अधिकारी अस्पताल पहुंचे। अधिकारियों ने परिजनों से मुलाकात कर उन्हें जल्द न्याय दिलाने का भरोसा दिया। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती भी कर दी गई है। हत्या के पीछे पुरानी रंजिश का एंगल घटना में पुरानी रंजिश की बात भी सामने आ रही है। परिजनों ने कुछ लोगों के नाम पुलिस को दिए हैं। आरोप लगाया है कि पुराने विवाद को लेकर साजिश रची गई थी। वहीं, स्थानीय विधायक प्रदीप प्रसाद ने घटना पर नाराजगी जताते हुए प्रशासनिक लापरवाही पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सुबह 8 बजे से पोस्टमॉर्टम के लिए परिजन इंतजार कर रहे थे, लेकिन 10 बजे तक डॉक्टर नहीं पहुंचे। हजारीबाग जिले के कटकमसांडी प्रखंड अंतर्गत गदोखर गांव में रामनवमी जुलूस के दौरान दो पक्षों के बीच हुई हिंसक झड़प हुई। जुलूस के दौरान किसी बात को लेकर शुरू हुआ विवाद देखते ही देखते मारपीट में बदल गया। इसी दौरान गदोखर पंचायत के मुखिया के भाई राम कुमार साव उर्फ रामा साव (करीब 40 वर्ष) पर धारदार हथियार से हमला कर दिया गया। घटना के बाद जुलूस में अफरा-तफरी मच गई। हमले में गंभीर रूप से घायल राम साव को आनन-फानन में शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। मौत की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। प्रशासन अलर्ट, आरोपियों की तलाश तेज घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन हरकत में आ गया। देर रात कटकमसांडी के अंचलाधिकारी अनिल कुमार गुप्ता, पेलावल थाना प्रभारी वेदप्रकाश पांडेय और कोर्रा थाना प्रभारी अजीत कुमार सहित कई पुलिस अधिकारी अस्पताल पहुंचे। अधिकारियों ने परिजनों से मुलाकात कर उन्हें जल्द न्याय दिलाने का भरोसा दिया। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती भी कर दी गई है। हत्या के पीछे पुरानी रंजिश का एंगल घटना में पुरानी रंजिश की बात भी सामने आ रही है। परिजनों ने कुछ लोगों के नाम पुलिस को दिए हैं। आरोप लगाया है कि पुराने विवाद को लेकर साजिश रची गई थी। वहीं, स्थानीय विधायक प्रदीप प्रसाद ने घटना पर नाराजगी जताते हुए प्रशासनिक लापरवाही पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सुबह 8 बजे से पोस्टमॉर्टम के लिए परिजन इंतजार कर रहे थे, लेकिन 10 बजे तक डॉक्टर नहीं पहुंचे।


