सागर-कबरई फोरलेन निर्माण की आड़ में जिले में मुरम का संगठित अवैध उत्खनन, बिना लीज और अनुमति कंपनियां कर रहीं करोड़ों की खनिज चोरी

जिले में सागर-कबरई फोरलेन के निर्माण के नाम पर मुरम का अंधाधुंध और नियम विरुद्ध उत्खनन किया जा रहा है। खनिज विभाग से विधिवत लीज, माइनिंग प्लान, पर्यावरणीय स्वीकृति और सिया अनुमति के बिना ही निर्माण कंपनियां केवल कंसेंट लेटर के सहारे मुरम निकालकर सरकारी खजाने को करोड़ों रुपए का नुकसान पहुंचा रही हैं। यह अवैध उत्खनन फोरलेन निर्माण से जुड़े स्वीकृत क्षेत्रों तक सीमित नहीं है, बल्कि अस्वीकृत और प्रतिबंधित इलाकों में भी माफिया की तर्ज पर मुरम की चोरी की जा रही है।

हीरापुर क्षेत में जमकर हुआ अवैध उत्खनन

फोरलेन निर्माण का कार्य मोहारी से साठिया घाटी तक जीत इंफ्रास्ट्रक्चर और साठिया घाटी से शहर की सीमा से लगे चौका तक वेल्जी रत्ना सोराठिया इंफ्रास्ट्रक्चर द्वारा किया जा रहा है। आरोप है कि इन एजेंसियों द्वारा हीरापुर से लगे क्षेत्रों सहित कई स्थानों पर मनमानी तरीके से मुरम का अवैध खनन किया जा रहा है। राष्ट्रीय राजमार्ग जैसे महत्वपूर्ण केंद्रीय प्रोजेक्ट में खुलेआम खनिज चोरी से न केवल नियमों की धज्जियां उड़ रही हैं, बल्कि एनएचएआई की कार्यप्रणाली और निगरानी व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।

इन इलाकों में भी अवैध उत्खनन

बड़ामलहरा सब डिवीजन अंतर्गत भिलवार, गोरा, बमनौराखुर्द, घिनौची, रजपुरा, टौरिया, मेलवार, किवलाई, अरोल, मवई, रानीखेरी, निवार सहित कई गांवों में मुरम के अवैध उत्खनन की लगातार शिकायतें सामने आई हैं। इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए बड़ामलहरा एसडीएम ने जांच के लिए टीम का गठन किया है। एसडीएम के अनुसार तहसीलदार, राजस्व निरीक्षक और पटवारी की संयुक्त टीम मौके पर जाकर उत्खनन की जांच करेगी और प्रतिवेदन प्रस्तुत करेगी, जिसके आधार पर कलेक्टर के समक्ष निर्माण एजेंसी के खिलाफ कार्रवाई प्रस्तावित की जाएगी।

एनएचएआई के पत्र की ली आड़

जानकारी के अनुसार सागर-कबरई फेज-3 फोरलेन निर्माण के लिए एनएचएआई के प्रोजेक्ट डायरेक्टर द्वारा रॉयल्टी अभिवचन पास जारी कराने के संबंध में कलेक्टर और माइनिंग अधिकारी को पत्र भेजा गया था। आरोप है कि इसी पत्र की आड़ लेकर कंपनी ने बिना आवश्यक कानूनी अनुमतियों के हीरापुर से बड़ामलहरा के बीच मुरम का अवैध उत्खनन शुरू कर दिया।

प्रशासन ने बनाई टीम, करेगी जांच

इस पूरे मामले पर एसडीएम बड़ामलहरा आयुष जैन ने कहा कि फोरलेन निर्माण कंपनी द्वारा मुरम के अवैध उत्खनन की जांच के लिए टीम गठित की गई है, रिपोर्ट मिलने के बाद कलेक्टर के समक्ष कार्रवाई की जाएगी। वहीं एनएचएआई के प्रोजेक्ट डायरेक्टर दीपक चापेकर ने स्पष्ट कहा कि यदि फोरलेन निर्माण में मुरम की चोरी पाई जाती है तो नोटिस जारी किया जाएगा और एनएचएआई के कार्य में अवैध खनन किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *