जमशेदपुर लोकल ट्रेलर ओनर यूनियन के बैनर तले सोमवार को ब्लू स्कोप पार्किंग परिसर में ट्रेलर चालकों और मालिकों ने जोरदार प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में जुटे प्रदर्शनकारियों ने सरकार और संबंधित कंपनियों पर वेतन और सुविधाओं के निर्धारित मापदंडों का खुलेआम उल्लंघन करने का आरोप लगाया। यूनियन नेताओं ने कहा कि ट्रेलर चालकों के लिए जो न्यूनतम वेतन और सुविधाएं तय की गई हैं, उनका पालन नहीं किया जा रहा है। चालकों को न तो पूरा वेतन दिया जा रहा है और न ही उन्हें बुनियादी सुविधाएं मिल पा रही हैं, जिससे उनका शोषण हो रहा है। मेडिकल सुविधा के नाम पर कटौती, लाभ शून्य यूनियन का आरोप है कि ट्रेलर चालकों के वेतन से हर महीने मेडिकल सुविधा के नाम पर राशि की कटौती की जाती है, लेकिन इसके बदले उन्हें किसी प्रकार का इलाज या स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध नहीं कराई जाती। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि यह सीधा-सीधा उनके अधिकारों का हनन है। चालकों ने बताया कि दुर्घटना या बीमारी की स्थिति में उन्हें अपनी जेब से इलाज कराना पड़ता है, जबकि वेतन से नियमित कटौती की जा रही है। यूनियन नेताओं ने कहा कि यह व्यवस्था सिर्फ कागजों पर है, जमीनी स्तर पर चालकों को इसका कोई लाभ नहीं मिल रहा। 11 से अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी प्रदर्शन के दौरान यूनियन ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द विचार नहीं किया गया, तो आगामी 11 तारीख से जमशेदपुर के सभी ट्रेलर चालक अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे। यूनियन का कहना है कि हड़ताल की स्थिति में शहर की औद्योगिक इकाइयों, माल ढुलाई और ट्रांसपोर्ट व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित होगी। इससे स्टील, ऑटो और अन्य औद्योगिक क्षेत्रों में उत्पादन और आपूर्ति पर असर पड़ सकता है। यूनियन नेताओं ने कहा कि वे आंदोलन को टालना चाहते हैं, लेकिन सरकार और कंपनियों की उदासीनता ने उन्हें इस कदम के लिए मजबूर कर दिया है। प्रदर्शन में शामिल चालकों ने एक स्वर में कहा कि जब तक उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। यूनियन ने प्रशासन से जल्द हस्तक्षेप कर समस्या का समाधान निकालने की मांग की है। जमशेदपुर लोकल ट्रेलर ओनर यूनियन के बैनर तले सोमवार को ब्लू स्कोप पार्किंग परिसर में ट्रेलर चालकों और मालिकों ने जोरदार प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में जुटे प्रदर्शनकारियों ने सरकार और संबंधित कंपनियों पर वेतन और सुविधाओं के निर्धारित मापदंडों का खुलेआम उल्लंघन करने का आरोप लगाया। यूनियन नेताओं ने कहा कि ट्रेलर चालकों के लिए जो न्यूनतम वेतन और सुविधाएं तय की गई हैं, उनका पालन नहीं किया जा रहा है। चालकों को न तो पूरा वेतन दिया जा रहा है और न ही उन्हें बुनियादी सुविधाएं मिल पा रही हैं, जिससे उनका शोषण हो रहा है। मेडिकल सुविधा के नाम पर कटौती, लाभ शून्य यूनियन का आरोप है कि ट्रेलर चालकों के वेतन से हर महीने मेडिकल सुविधा के नाम पर राशि की कटौती की जाती है, लेकिन इसके बदले उन्हें किसी प्रकार का इलाज या स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध नहीं कराई जाती। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि यह सीधा-सीधा उनके अधिकारों का हनन है। चालकों ने बताया कि दुर्घटना या बीमारी की स्थिति में उन्हें अपनी जेब से इलाज कराना पड़ता है, जबकि वेतन से नियमित कटौती की जा रही है। यूनियन नेताओं ने कहा कि यह व्यवस्था सिर्फ कागजों पर है, जमीनी स्तर पर चालकों को इसका कोई लाभ नहीं मिल रहा। 11 से अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी प्रदर्शन के दौरान यूनियन ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द विचार नहीं किया गया, तो आगामी 11 तारीख से जमशेदपुर के सभी ट्रेलर चालक अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे। यूनियन का कहना है कि हड़ताल की स्थिति में शहर की औद्योगिक इकाइयों, माल ढुलाई और ट्रांसपोर्ट व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित होगी। इससे स्टील, ऑटो और अन्य औद्योगिक क्षेत्रों में उत्पादन और आपूर्ति पर असर पड़ सकता है। यूनियन नेताओं ने कहा कि वे आंदोलन को टालना चाहते हैं, लेकिन सरकार और कंपनियों की उदासीनता ने उन्हें इस कदम के लिए मजबूर कर दिया है। प्रदर्शन में शामिल चालकों ने एक स्वर में कहा कि जब तक उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। यूनियन ने प्रशासन से जल्द हस्तक्षेप कर समस्या का समाधान निकालने की मांग की है।


