अररिया जिले में पुलिस अधीक्षक जितेंद्र कुमार ने पुलिस व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए बड़ी कार्रवाई की है। उन्होंने तीन थानाध्यक्षों और एक अपर थानाध्यक्ष को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। एसपी ने स्पष्ट किया कि जिले के सभी थानों के पुलिस पदाधिकारियों के प्रदर्शन की लगातार निगरानी की जा रही है। लापरवाही बरतने वालों पर कड़ी नजर रखी जा रही है और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। थानाध्यक्ष की तस्करों के साथ थी मिलीभगत पहली कार्रवाई जोगबनी थाने में हुई। यह थाना सीमावर्ती क्षेत्र में होने के बावजूद वहां से मादक पदार्थों की बरामदगी नहीं हो रही थी। थानाध्यक्ष को कांडों के निपटान, वारंट और कुर्की के निष्पादन में तेजी लाने के निर्देश दिए गए थे। आरोप है कि थानाध्यक्ष ने मादक पदार्थ तस्करों के साथ मिलीभगत की। इस गंभीर आरोप के बाद जोगबनी थानाध्यक्ष को निलंबित कर दिया गया। उसी थाने के अपर थानाध्यक्ष को भी निलंबित किया गया है। समय पर कार्रवाई नहीं से शख्स की मौत दूसरी बड़ी कार्रवाई फारबिसगंज थाने में की गई। 1 जनवरी को एक व्यक्ति शिकायत लेकर थाने पहुंचा था, लेकिन उसकी प्राथमिकी तुरंत दर्ज नहीं की गई। वरीय अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद 3 जनवरी को मामला दर्ज हुआ। इसके बाद 4 जनवरी को उस व्यक्ति की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। एसपी जितेंद्र कुमार ने मामले की समीक्षा में पाया कि यदि समय पर कार्रवाई होती तो पीड़ित की जान बच सकती थी। थाना स्तर पर गंभीर लापरवाही सामने आने के बाद फारबिसगंज थानाध्यक्ष को निलंबित कर दिया गया। तीसरे मामले में कुआरी थानाध्यक्ष को निलंबित किया गया। उनकी अपनी ही महिला सिपाही की तस्वीर वायरल होने के बाद पुलिस की छवि को नुकसान पहुंचा था। जनता की शिकायतों पर होगी त्वरित कार्रवाई एसपी जितेंद्र कुमार ने कहा कि पुलिस की विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए ऐसे कदम आवश्यक हैं। उन्होंने जनता की शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने का आश्वासन दिया। इस सख्ती के बाद जिले के अन्य थानाध्यक्षों में भी सतर्कता बढ़ गई है, जिससे पुलिस विभाग अधिक जवाबदेह तरीके से काम करेगा और नागरिकों को न्याय मिल सकेगा। अररिया जिले में पुलिस अधीक्षक जितेंद्र कुमार ने पुलिस व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए बड़ी कार्रवाई की है। उन्होंने तीन थानाध्यक्षों और एक अपर थानाध्यक्ष को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। एसपी ने स्पष्ट किया कि जिले के सभी थानों के पुलिस पदाधिकारियों के प्रदर्शन की लगातार निगरानी की जा रही है। लापरवाही बरतने वालों पर कड़ी नजर रखी जा रही है और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। थानाध्यक्ष की तस्करों के साथ थी मिलीभगत पहली कार्रवाई जोगबनी थाने में हुई। यह थाना सीमावर्ती क्षेत्र में होने के बावजूद वहां से मादक पदार्थों की बरामदगी नहीं हो रही थी। थानाध्यक्ष को कांडों के निपटान, वारंट और कुर्की के निष्पादन में तेजी लाने के निर्देश दिए गए थे। आरोप है कि थानाध्यक्ष ने मादक पदार्थ तस्करों के साथ मिलीभगत की। इस गंभीर आरोप के बाद जोगबनी थानाध्यक्ष को निलंबित कर दिया गया। उसी थाने के अपर थानाध्यक्ष को भी निलंबित किया गया है। समय पर कार्रवाई नहीं से शख्स की मौत दूसरी बड़ी कार्रवाई फारबिसगंज थाने में की गई। 1 जनवरी को एक व्यक्ति शिकायत लेकर थाने पहुंचा था, लेकिन उसकी प्राथमिकी तुरंत दर्ज नहीं की गई। वरीय अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद 3 जनवरी को मामला दर्ज हुआ। इसके बाद 4 जनवरी को उस व्यक्ति की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। एसपी जितेंद्र कुमार ने मामले की समीक्षा में पाया कि यदि समय पर कार्रवाई होती तो पीड़ित की जान बच सकती थी। थाना स्तर पर गंभीर लापरवाही सामने आने के बाद फारबिसगंज थानाध्यक्ष को निलंबित कर दिया गया। तीसरे मामले में कुआरी थानाध्यक्ष को निलंबित किया गया। उनकी अपनी ही महिला सिपाही की तस्वीर वायरल होने के बाद पुलिस की छवि को नुकसान पहुंचा था। जनता की शिकायतों पर होगी त्वरित कार्रवाई एसपी जितेंद्र कुमार ने कहा कि पुलिस की विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए ऐसे कदम आवश्यक हैं। उन्होंने जनता की शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने का आश्वासन दिया। इस सख्ती के बाद जिले के अन्य थानाध्यक्षों में भी सतर्कता बढ़ गई है, जिससे पुलिस विभाग अधिक जवाबदेह तरीके से काम करेगा और नागरिकों को न्याय मिल सकेगा।


