समस्तीपुर में सिनेमा हॉल कारोबारी और लोज संसदीय बोर्ड के प्रदेश सचिव रोहित कुमार उर्फ मंटू इस्सर पर 17 मार्च को फायरिंग हुई थी। मामले में एक आरोपी लक्की खान को पुलिस ने पकड़ा है। पूछताछ में लक्की ने बताया है कि समस्तीपुर के एक जमीन कारोबारी ने 10 लाख रुपए की सुपारी दी थी। हमले से एक महीने पहले जहानाबाद से पहुंचे चार शूटरों को बुलाया गया था, जिन्हें बहादुरपुर के एक मकान में ठहराया गया था। इन्हें लक्की ने ही बुलाया था। लक्की की गिरफ्तारी 23 मार्च को हुई थी, 24 को पूछताछ में उसने ये जानकारी पुलिस को दी। घटना बहादुरपुर स्थित अनूप सिनेमा हॉल के सामने हुई थी।
फायरिंग में एक शूटर की मौत हो गई लक्की खान ने पुलिस को बताया हम 6 लोगों ने घटना को अंजाम दिया था। लोजपा नेता को मारने के लिए हमलोग कार-बाइक से पहुंचे थे। दोनों ओर से फायरिंग हो रही थी। मैं बाइक पर था और मेरे साथ एक और बदमाश था। कार में जहानाबाद के चारों शूटर बैठे थे। बॉबी और भानु कुमार को गोली लगी थी। ये दोनों शूटर हैं जो जहानाबाद से आए थे। दोनों को इलाज के लिए पटना ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में भानु की मौत हो गई। गंगा ब्रिज पर चेकिंग लगी थी। इस कारण भानु की लाश को गाड़ी में ही छोड़कर फरार हो गए। बाद में वैशाली पुलिस ने भानु की लाश को बरामद किया था। बॉबी को पैर में गोली लगी थी, पुलिस से बचते हुए उसे किसी तरह पटना के निजी अस्पताल में भर्ती कराया। शूटरों में बॉबी और भानु के अलावा दो और भी हैं, जो फरार हैं।
दो जिलों में मामला दर्ज हुआ है एएसपी संजय पांडेय ने बताया कि इस मामले में दोनों ओर से गोली चलने की पुष्टी हुई है। गोलीबारी में अंटू इस्सर के चालक शुभम सिंह उर्फ ईशु को गोली लगी थी। जबकि दूसरे ओर से जहानाबाद के भानु और बॉबी को गोली लगी। भानु की मौत भी हो गई। जिसका शव गंगा ब्रिज पर मिला था। एएसपी ने बताया कि इस मामले में एक मामला नगर थाने में दर्ज की गई थी। जबकि दूसरा मामला वैशाली पुलिस ने शव बरामद मामले में किया है। अब इन दोनों मामले का कनेक्शन साफ हो गया है।
अंटू कार से घर लौट रहे थे 17 फरवरी की शाम अंटू इस्सर अपनी कार से घर लौट रहे थे। घर के पास पहुंचते ही 6 बदमाशों ने हमला कर दिया। करीब 10 राउंड फायरिंग की गई। जानलेवा हमले में अंटू बाल-बाल बच गए थे, जबकि उनके ड्राइवर शुभम कुमार को सीने में बुलेट लग गई। इस दौरान दूसरी ओर से भी फायरिंग की गई। जिसमें 2 को गोली लग गई थी। जिसमें से भानु की मौत हो गई। जबकि बॉबी का पटना में उपचार कराया जा रहा।
घटना के पीछे जमीन कारोबार और वर्चस्व की लड़ाई अंटू ईस्सर पर भी कई आपराधिक मुकदमा दर्ज है। जिसमें हत्या का भी मामला शामिल है। अखिलेश राय, कुंदन यादव की हत्या का आरोप लगा था। हालांकि ज्यादातर मामलों में कोर्ट से राहत मिल चुकी है। बाद के दिनों में अपराध जगत को छोड़कर राजनीति में कदम रखा। कुछ साल से जमीन कारोबार से जुड़े हुए हैं। अभी वह लोजपा संसदीय बोर्ड में प्रदेश सचिव के पद पर हैं। उधर, आरोपी बनाए गए शत्रुघ्न राय और पुल्लू सिंह भी जमीन कारोबार से जुड़े हुए हैं। इन्होंने ही सुपारी दी थी। चर्चा है कि कुछ दिन पहले एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसको लेकर शत्रुघ्न और अंटू में तनातनी बढ़ गई थी। शत्रुघ्न लोकसभा चुनाव में लोजपा अतिपिछड़ा प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष के रूप में उसका चयन हुआ था।
15 साल पहले भी हमला हुआ था
अंटू पर घर के पास दूसरी बार गोली चली है। इससे पहले करीब 15 साल पहले जब वह घर से सिनेमा हॉल पर आ रहे थे तो बदमाशों ने उनपर गोली चलाई थी। इस गोलीबारी की घटना में एक रिश्तेदार की मौत हो गई थी। अंटू ने बताया कि सभी हमलावर हत्या की नीयत से पिस्टल लेकर आए थे और ताबड़तोड़ गोलियां चलाने लगे। जान बचाने के लिए पास स्थित सिनेमा हॉल की ओर भागे। समस्तीपुर में सिनेमा हॉल कारोबारी और लोज संसदीय बोर्ड के प्रदेश सचिव रोहित कुमार उर्फ मंटू इस्सर पर 17 मार्च को फायरिंग हुई थी। मामले में एक आरोपी लक्की खान को पुलिस ने पकड़ा है। पूछताछ में लक्की ने बताया है कि समस्तीपुर के एक जमीन कारोबारी ने 10 लाख रुपए की सुपारी दी थी। हमले से एक महीने पहले जहानाबाद से पहुंचे चार शूटरों को बुलाया गया था, जिन्हें बहादुरपुर के एक मकान में ठहराया गया था। इन्हें लक्की ने ही बुलाया था। लक्की की गिरफ्तारी 23 मार्च को हुई थी, 24 को पूछताछ में उसने ये जानकारी पुलिस को दी। घटना बहादुरपुर स्थित अनूप सिनेमा हॉल के सामने हुई थी।
फायरिंग में एक शूटर की मौत हो गई लक्की खान ने पुलिस को बताया हम 6 लोगों ने घटना को अंजाम दिया था। लोजपा नेता को मारने के लिए हमलोग कार-बाइक से पहुंचे थे। दोनों ओर से फायरिंग हो रही थी। मैं बाइक पर था और मेरे साथ एक और बदमाश था। कार में जहानाबाद के चारों शूटर बैठे थे। बॉबी और भानु कुमार को गोली लगी थी। ये दोनों शूटर हैं जो जहानाबाद से आए थे। दोनों को इलाज के लिए पटना ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में भानु की मौत हो गई। गंगा ब्रिज पर चेकिंग लगी थी। इस कारण भानु की लाश को गाड़ी में ही छोड़कर फरार हो गए। बाद में वैशाली पुलिस ने भानु की लाश को बरामद किया था। बॉबी को पैर में गोली लगी थी, पुलिस से बचते हुए उसे किसी तरह पटना के निजी अस्पताल में भर्ती कराया। शूटरों में बॉबी और भानु के अलावा दो और भी हैं, जो फरार हैं।
दो जिलों में मामला दर्ज हुआ है एएसपी संजय पांडेय ने बताया कि इस मामले में दोनों ओर से गोली चलने की पुष्टी हुई है। गोलीबारी में अंटू इस्सर के चालक शुभम सिंह उर्फ ईशु को गोली लगी थी। जबकि दूसरे ओर से जहानाबाद के भानु और बॉबी को गोली लगी। भानु की मौत भी हो गई। जिसका शव गंगा ब्रिज पर मिला था। एएसपी ने बताया कि इस मामले में एक मामला नगर थाने में दर्ज की गई थी। जबकि दूसरा मामला वैशाली पुलिस ने शव बरामद मामले में किया है। अब इन दोनों मामले का कनेक्शन साफ हो गया है।
अंटू कार से घर लौट रहे थे 17 फरवरी की शाम अंटू इस्सर अपनी कार से घर लौट रहे थे। घर के पास पहुंचते ही 6 बदमाशों ने हमला कर दिया। करीब 10 राउंड फायरिंग की गई। जानलेवा हमले में अंटू बाल-बाल बच गए थे, जबकि उनके ड्राइवर शुभम कुमार को सीने में बुलेट लग गई। इस दौरान दूसरी ओर से भी फायरिंग की गई। जिसमें 2 को गोली लग गई थी। जिसमें से भानु की मौत हो गई। जबकि बॉबी का पटना में उपचार कराया जा रहा।
घटना के पीछे जमीन कारोबार और वर्चस्व की लड़ाई अंटू ईस्सर पर भी कई आपराधिक मुकदमा दर्ज है। जिसमें हत्या का भी मामला शामिल है। अखिलेश राय, कुंदन यादव की हत्या का आरोप लगा था। हालांकि ज्यादातर मामलों में कोर्ट से राहत मिल चुकी है। बाद के दिनों में अपराध जगत को छोड़कर राजनीति में कदम रखा। कुछ साल से जमीन कारोबार से जुड़े हुए हैं। अभी वह लोजपा संसदीय बोर्ड में प्रदेश सचिव के पद पर हैं। उधर, आरोपी बनाए गए शत्रुघ्न राय और पुल्लू सिंह भी जमीन कारोबार से जुड़े हुए हैं। इन्होंने ही सुपारी दी थी। चर्चा है कि कुछ दिन पहले एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसको लेकर शत्रुघ्न और अंटू में तनातनी बढ़ गई थी। शत्रुघ्न लोकसभा चुनाव में लोजपा अतिपिछड़ा प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष के रूप में उसका चयन हुआ था।
15 साल पहले भी हमला हुआ था
अंटू पर घर के पास दूसरी बार गोली चली है। इससे पहले करीब 15 साल पहले जब वह घर से सिनेमा हॉल पर आ रहे थे तो बदमाशों ने उनपर गोली चलाई थी। इस गोलीबारी की घटना में एक रिश्तेदार की मौत हो गई थी। अंटू ने बताया कि सभी हमलावर हत्या की नीयत से पिस्टल लेकर आए थे और ताबड़तोड़ गोलियां चलाने लगे। जान बचाने के लिए पास स्थित सिनेमा हॉल की ओर भागे।


