नालंदा जिले के अलग-अलग इलाकों में आज(20 जनवरी 2026) तीन घंटे तक बिजली कटेगी। बड़ी पहाड़ी ग्रिड में विंटर मेंटेनेंस का काम होगा। सुबह 11 बजे से दोपहर 2 बजे तक सप्लाई ठप रहेगी। इस दौरान सभी 33 केवी फीडर बंद रहेंगे। जिसके चलते बिहारशरीफ, नूरसराय और अस्थावां क्षेत्र के उपभोक्ताओं को बिजली कटौती का सामना करना पड़ेगा। ट्रांसमिशन विभाग के सहायक अभियंता परमानंद कुमार ने बताया विभाग ने चरणबद्ध तरीके से बिजली बहाल करने की योजना बनाई है। शहर क्षेत्र के बड़ी पहाड़ी-एक और बड़ी पहाड़ी-दो फीडरों में काम पूरा होने के बाद दोपहर एक बजे तक बिजली आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी। वहीं, ग्रामीण क्षेत्रों को सेवा देने वाले नूरसराय, सोहसराय, अस्थावां और रामचंद्रपुर फीडरों में बिजली की आपूर्ति दोपहर दो बजे से शुरू होगी। बिजली कटौती से बढ़ सकती है परेशानी विद्युत विभाग ने उपभोक्ताओं से अपील करते हुए कहा है कि कोई दिक्कत न हो इसके लिए अलर्ट जारी किया गया है। समय से अपना जरूरी काम निपटा लें। पानी स्टोर करके रख लें। मेंटेनेंस वर्क पूरा होते ही बिजली सप्लाई चालू कर दी जाएगी। सर्दी के मौसम में बिजली की जरूरत भी बढ़ जाती है। ऐसे में तीन घंटे की कटौती से घरेलू उपभोक्ताओं के साथ-साथ व्यापारिक प्रतिष्ठानों को भी असुविधा हो सकती है। नालंदा जिले के अलग-अलग इलाकों में आज(20 जनवरी 2026) तीन घंटे तक बिजली कटेगी। बड़ी पहाड़ी ग्रिड में विंटर मेंटेनेंस का काम होगा। सुबह 11 बजे से दोपहर 2 बजे तक सप्लाई ठप रहेगी। इस दौरान सभी 33 केवी फीडर बंद रहेंगे। जिसके चलते बिहारशरीफ, नूरसराय और अस्थावां क्षेत्र के उपभोक्ताओं को बिजली कटौती का सामना करना पड़ेगा। ट्रांसमिशन विभाग के सहायक अभियंता परमानंद कुमार ने बताया विभाग ने चरणबद्ध तरीके से बिजली बहाल करने की योजना बनाई है। शहर क्षेत्र के बड़ी पहाड़ी-एक और बड़ी पहाड़ी-दो फीडरों में काम पूरा होने के बाद दोपहर एक बजे तक बिजली आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी। वहीं, ग्रामीण क्षेत्रों को सेवा देने वाले नूरसराय, सोहसराय, अस्थावां और रामचंद्रपुर फीडरों में बिजली की आपूर्ति दोपहर दो बजे से शुरू होगी। बिजली कटौती से बढ़ सकती है परेशानी विद्युत विभाग ने उपभोक्ताओं से अपील करते हुए कहा है कि कोई दिक्कत न हो इसके लिए अलर्ट जारी किया गया है। समय से अपना जरूरी काम निपटा लें। पानी स्टोर करके रख लें। मेंटेनेंस वर्क पूरा होते ही बिजली सप्लाई चालू कर दी जाएगी। सर्दी के मौसम में बिजली की जरूरत भी बढ़ जाती है। ऐसे में तीन घंटे की कटौती से घरेलू उपभोक्ताओं के साथ-साथ व्यापारिक प्रतिष्ठानों को भी असुविधा हो सकती है।


