शेखपुरा में घरेलू रसोई गैस की कमी की अफवाहों के बीच जिला प्रशासन जमाखोरी और व्यावसायिक उपयोग के खिलाफ लगातार सक्रिय है। जिलाधिकारी शेखर आनंद ने स्पष्ट किया है कि जिले में गैस की कोई कमी नहीं है। इस बीच, जमाखोरी पर नकेल कसने के लिए गठित धावा दल द्वारा जिले भर में लगातार छापामारी की जा रही है। हाल ही में, धावा दल ने जिले के सभी प्रखंडों में 14 व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर छापामारी की। इनमें सदर प्रखंड शेखपुरा में पांच, शेखोपुरसराय और बरबीघा प्रखंड क्षेत्र में दो-दो, चेवाड़ा प्रखंड क्षेत्र में तीन, जबकि अरियरी और घाटकुसुम्भा प्रखंड क्षेत्र में एक-एक दुकान, प्रतिष्ठान या लाइन होटल शामिल थे। प्रतिदिन लोगों को गैस आपूर्ति की स्थिति के बारे में सूचित कर रहा जिला प्रशासन जिलाधिकारी शेखर आनंद ने बताया कि जिला प्रशासन प्रतिदिन लोगों को गैस आपूर्ति की स्थिति के बारे में सूचित कर रहा है। उनके अनुसार, जिले में गैस की कोई कमी नहीं है। जिले की तीन पेट्रोलियम कंपनियों द्वारा संचालित 11 गैस एजेंसियों के पास आज भी 3649 गैस सिलेंडर उपलब्ध हैं। सभी गैस एजेंसियों पर उपभोक्ताओं को होम डिलीवरी के माध्यम से गैस आपूर्ति की तिथि प्रदर्शित की जा रही है। किसी भी प्रकार से भयभीत न होने की अपील की इसके अतिरिक्त, सभी सरकारी संस्थानों, अस्पतालों और जीविका द्वारा संचालित ‘जीविका की रसोई’ में घरेलू गैस (एलपीजी) की निर्बाध आपूर्ति जारी है। डीएम शेखर आनंद ने लोगों से घरेलू गैस को लेकर किसी भी प्रकार से भयभीत न होने की अपील की है। पीएनजी गैस से खाना पकाने वाले घरों की संख्या अब 2012 जिला प्रशासन ने घरेलू एलपीजी गैस के स्थान पर पीएनजी (पाइप्ड नेचुरल गैस) कनेक्शन लेने की सलाह दी है। प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, शेखपुरा और बरबीघा प्रखंड क्षेत्र में दो-दो उपभोक्ताओं ने पीएनजी कनेक्शन प्राप्त किए हैं। जिले में पीएनजी गैस से खाना पकाने वाले घरों की संख्या अब 2012 हो गई है। जिला प्रशासन एलपीजी गैस की तुलना में पीएनजी को हर प्रकार से सरल, सुलभ, बेहतर और कम खर्च वाला बता रहा है। शेखपुरा में घरेलू रसोई गैस की कमी की अफवाहों के बीच जिला प्रशासन जमाखोरी और व्यावसायिक उपयोग के खिलाफ लगातार सक्रिय है। जिलाधिकारी शेखर आनंद ने स्पष्ट किया है कि जिले में गैस की कोई कमी नहीं है। इस बीच, जमाखोरी पर नकेल कसने के लिए गठित धावा दल द्वारा जिले भर में लगातार छापामारी की जा रही है। हाल ही में, धावा दल ने जिले के सभी प्रखंडों में 14 व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर छापामारी की। इनमें सदर प्रखंड शेखपुरा में पांच, शेखोपुरसराय और बरबीघा प्रखंड क्षेत्र में दो-दो, चेवाड़ा प्रखंड क्षेत्र में तीन, जबकि अरियरी और घाटकुसुम्भा प्रखंड क्षेत्र में एक-एक दुकान, प्रतिष्ठान या लाइन होटल शामिल थे। प्रतिदिन लोगों को गैस आपूर्ति की स्थिति के बारे में सूचित कर रहा जिला प्रशासन जिलाधिकारी शेखर आनंद ने बताया कि जिला प्रशासन प्रतिदिन लोगों को गैस आपूर्ति की स्थिति के बारे में सूचित कर रहा है। उनके अनुसार, जिले में गैस की कोई कमी नहीं है। जिले की तीन पेट्रोलियम कंपनियों द्वारा संचालित 11 गैस एजेंसियों के पास आज भी 3649 गैस सिलेंडर उपलब्ध हैं। सभी गैस एजेंसियों पर उपभोक्ताओं को होम डिलीवरी के माध्यम से गैस आपूर्ति की तिथि प्रदर्शित की जा रही है। किसी भी प्रकार से भयभीत न होने की अपील की इसके अतिरिक्त, सभी सरकारी संस्थानों, अस्पतालों और जीविका द्वारा संचालित ‘जीविका की रसोई’ में घरेलू गैस (एलपीजी) की निर्बाध आपूर्ति जारी है। डीएम शेखर आनंद ने लोगों से घरेलू गैस को लेकर किसी भी प्रकार से भयभीत न होने की अपील की है। पीएनजी गैस से खाना पकाने वाले घरों की संख्या अब 2012 जिला प्रशासन ने घरेलू एलपीजी गैस के स्थान पर पीएनजी (पाइप्ड नेचुरल गैस) कनेक्शन लेने की सलाह दी है। प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, शेखपुरा और बरबीघा प्रखंड क्षेत्र में दो-दो उपभोक्ताओं ने पीएनजी कनेक्शन प्राप्त किए हैं। जिले में पीएनजी गैस से खाना पकाने वाले घरों की संख्या अब 2012 हो गई है। जिला प्रशासन एलपीजी गैस की तुलना में पीएनजी को हर प्रकार से सरल, सुलभ, बेहतर और कम खर्च वाला बता रहा है।


