Middle East Conflict Updates: होर्मुज स्ट्रेट (Strait of Hormuz) को लेकर एक बार फिर दुनिया की नजरें मध्य-पूर्व पर टिक गई हैं। अमेरिका के साथ बढ़ते तनाव और युद्ध जैसी स्थिति के बीच ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची (Abbas Araghchi) का बड़ा बयान सामने आया है। उन्होंने कहा है कि होर्मुज स्ट्रेट पूरी तरह बंद नहीं है, बल्कि यह केवल ईरान के दुश्मनों के लिए बंद है।
दरअसल, अराघची ने ‘MS Now’ को दिए एक इंटरव्यू में कहा- “असल में, होर्मुज का यह स्ट्रेट खुला है। यह सिर्फ हमारे दुश्मनों के टैंकरों और जहाजों के लिए बंद है, जो हम पर हमला कर रहे हैं। दूसरे लोग आजादी से गुज़र सकते हैं।”
गौरतलब है कि दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री तेल मार्गों में शामिल होर्मुज स्ट्रेट से होकर एशिया और यूरोप के कई देशों को कच्चा तेल और गैस की सप्लाई होती है।
गैस लेकर होर्मुज स्ट्रेट से गुजरे भारत के दो जहाज
मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच आज सोमवार को भारत के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। दुनिया के कई देशों के जहाज… जहां ‘Strait of Hormuz’ के बंद होने से फंसे हुए हैं, वहीं भारत के दो जहाजों को इस अहम समुद्री रास्ते से गुजरने की अनुमति मिल गई।
भारत का शिवालिक जहाज करीब 45,000 मीट्रिक टन रसोई गैस (LPG) लेकर सुरक्षित गुजरात के मुंद्रा पोर्ट पहुंच गया है। मौजूदा हालात में यह सफर बिल्कुल आसान नहीं था, क्योंकि लाल सागर और ईरान के आसपास के समुद्री इलाकों में लगातार तनाव और अस्थिरता बनी हुई है।
ऐसे माहौल में इतने बड़े जहाज का सुरक्षित भारत पहुंचना काफी अहम माना जा रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि भारतीय कूटनीति और शिपिंग कंपनियों के बीच बेहतर तालमेल की वजह से यह संभव हो पाया। इससे न केवल देश में गैस की सप्लाई सुचारू रखने में मदद मिलेगी, बल्कि अंतरराष्ट्रीय तनाव के बीच भारत को एक बड़ी रणनीतिक राहत भी मिली है।
होर्मुज स्ट्रेट को लेकर ट्रंप ने की थी अपील

बीते कल खबर सामने आई थी कि US प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप ने दूसरे देशों से होर्मुज स्ट्रेट को खुला रखने में मदद के लिए जंगी जहाज भेजने की अपील की थी। उन्होंने आगे यह भी कहा था कि ‘होर्मुज स्ट्रेट को फिर से सुरक्षित और खुला करने के लिए अमेरिका अपनी सैन्य कार्रवाई जारी रखेगा।


