जौनपुर में शनिवार को एक ऐसा मामला सामने आया, जिसने हर किसी को चौंका दिया। आमतौर पर विवाद, मारपीट और मुकदमेबाजी में बदलने वाले प्रेम-प्रसंग के एक मामले में पति ने त्याग और सहमति का रास्ता अपनाया। उसने न सिर्फ अपनी पत्नी को उसके प्रेमी के साथ स्वीकार किया, बल्कि खुद खड़े होकर दोनों की शादी भी करवा दी। पति ने खुद बढ़कर कराया विवाह यह विवाह जौनपुर कचहरी परिसर स्थित एक मंदिर में संपन्न हुआ। पति ने स्वयं नवदंपति को जयमाल पहनाई और प्रेमी से पत्नी की मांग में सिंदूर भरवाकर उन्हें आशीर्वाद दिया। इस दौरान पति-पत्नी, प्रेमी और दोनों पक्षों के परिजनों के साथ-साथ दर्जनों वकील भी मौजूद रहे। मिर्जापुर निवासी तन्जय प्रजापति का विवाह वर्ष 2022 में जौनपुर के जलालपुर निवासी पम्मी प्रजापति से हुआ था। वर्ष 2023 में दोनों को एक संतान भी हुई। शादी के बाद पति-पत्नी महाराष्ट्र में रह रहे थे। मुंबई से प्रेमी के साथ भागी पत्नी कुछ समय बाद पम्मी प्रजापति अपने प्रेमी राजू के साथ मुंबई से भागकर अपने गांव आ गई। इसकी जानकारी मिलने पर पति तन्जय ने नजदीकी थाने में शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद वह स्वयं जौनपुर पहुंचे और पूरे मामले को समझा। क्रोध नहीं, त्याग का रास्ता चुना परिस्थितियों को देखते हुए तन्जय ने बदले या विवाद की बजाय सहमति और त्याग का रास्ता अपनाया। वह पत्नी और उसके प्रेमी को लेकर मंदिर पहुंचे, जहां विधि-विधान से दोनों का विवाह कराया गया। इसके बाद कचहरी में आवश्यक लिखा-पढ़ी पूरी कर पत्नी को प्रेमी के साथ विदा कर दिया। बच्चे को अपने पास रखेगा पति वायरल वीडियो में सबसे भावुक दृश्य तब सामने आया, जब पति खुद आगे बढ़कर पत्नी और उसके प्रेमी को आशीर्वाद देता नजर आया। तन्जय ने बताया कि वह अपने बच्चे को अपने पास रखेगा। उसने मीडिया से कहा कि हाल के समय में प्रेम-प्रसंग से जुड़े कई कांड सामने आए हैं, इसलिए उसने समय रहते यह फैसला लिया। पत्नी और प्रेमी ने भी रखी अपनी बात पत्नी पम्मी ने मीडिया के सामने कहा कि उसकी शादी उससे झूठ बोलकर कराई गई थी, जिससे वह खुश नहीं थी। उसने बताया कि वह स्कूल के समय से ही राजू से प्यार करती है। वहीं प्रेमी राजू बैरागी ने कहा कि वे दोनों साथ पढ़ते थे। उसकी पत्नी की मौत के बाद वह अकेला हो गया था। बाद में पम्मी से संपर्क हुआ और दोनों के बीच प्रेम हो गया। अब वे साथ जीवन बिताना चाहते हैं। नीले ड्रम जैसी घटनाओं के बीच सामने आया यह मामला अब जौनपुर ही नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश में चर्चा का विषय बना हुआ है।


